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कर्ज माफी के लिए किसानों का ब्योरा भेजा
शामली, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 21 May 2017 12:57 AM IST
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किसानों को मिलेगी राहत
- फोटो : Getty
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शामली। प्रदेश में भाजपा की सरकार के गठन को दो माह हो गए। भाजपा सरकार की पहली कैबिनेट बैठक में लघु एवं सीमांत किसानों के एक लाख रुपये तक के फसली ऋण माफी की महत्वाकांक्षी योजना पर अब तक अमल नहीं हो सका है। हालांकि जिलों से ऐसे किसानों का ब्योरा भेज दिया गया है, जिन पर एक लाख रुपये तक का ऋण बकाया है।
शामली जिले में करीब 95 हजार किसान हैं, जिनमें से करीब 70 हजार लघु एवं सीमांत किसान हैं। इनमें से 65,412 लघु एवं सीमांत किसान ऐसे हैं, जिन्होंने इन 31 मार्च 2016 के पूर्व तक एक लाख रुपये या उससे कम ऋण लिया हुआ है।
इन सभी किसानों के ऋण की रकम करीब 518 करोड़ 63 लाख 90 हजार 707 रुपये है। प्रदेश की भाजपा सरकार ने लघु एवं सीमांत किसानों के फसली ऋण माफ करने की घोषणा की थी, जिसके बाद राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति के महाप्रबंधक एवं संयोजक बीएस ढाका ने सभी जिलों के लीड बैंक मैनेजरों से लघु एवं सीमांत किसानों के बारे में 21 बिंदुओं में ब्योरा मांगा था।
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इसमें किसानों के नाम, पता, मोबाइल फोन नंबर, भूमि का रकबा, बकाया ऋण तथा बकाया की स्थिति का स्पष्ट विवरण निर्धारित प्रारूप में भरकर भेजने को कहा गया था।
इसके तहत 31 मार्च 2016 के पूर्व लिए गए ऋण तथा 31 मार्च 2017 ऋण जमा नहीं करने वाले किसानों को ही इस घोषणा का लाभ मिलना है। शामली जिले से 65,412 किसानों का ब्योरा भेज दिया गया है।
ऋण अदा करने में हाथ खींच रहे किसान
कर्ज माफी की घोषणा के बाद बकाया ऋण अदा करने में कमी आई है। इसको लेकर बैंक अधिकारियों के साथ ही किसान भी पशोपेश में हैं। क्योंकि एक तरफ बैंक अधिकारी समय पर ऋण जमा कराने के प्रयास में हैं। वहीं, किसानों पर बकाया रकम पर ब्याज बढ़ने की संभावना है। यदि किसान को ऋणमाफी की घोषणा का लाभ मिला, तो कोई बात नहीं, यदि वह ऋण माफी के दायरे में नहीं आए, तो उन किसानों को ब्याज की रकम चढ़ने के कारण ज्यादा भुगतान भी करना पड़ सकता है।
जिले में बैंक शाखाएं
शामली जनपद में पीएनबी की 19, एसबीआई की 13, जिला सहकारी बैंक की 10, सर्व यूपी ग्रामीण बैंक की 13, इंडियन बैंक की छह तथा ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स की नौ शाखाओं सहित कुल 106 बैंक शाखाएं संचालित हैं, जिनसे किसान लेनदेन करते हैं।
ऋण का ब्योरा संकलित करके बैंक को भेजा
लीड बैंक मैनेजर हरपाल सिंह तोमर ने बताया कि सभी बैंक शाखाओं से लघु एवं सीमांत किसानों के ऋण का ब्योरा संकलित करके भेज दिया गया है। शासन से गाइड लाइन प्राप्त होने पर ही पता चलेगा कि कितने किसानों का ऋण माफ होगा।
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शामली जिले में करीब 95 हजार किसान हैं, जिनमें से करीब 70 हजार लघु एवं सीमांत किसान हैं। इनमें से 65,412 लघु एवं सीमांत किसान ऐसे हैं, जिन्होंने इन 31 मार्च 2016 के पूर्व तक एक लाख रुपये या उससे कम ऋण लिया हुआ है।
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इन सभी किसानों के ऋण की रकम करीब 518 करोड़ 63 लाख 90 हजार 707 रुपये है। प्रदेश की भाजपा सरकार ने लघु एवं सीमांत किसानों के फसली ऋण माफ करने की घोषणा की थी, जिसके बाद राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति के महाप्रबंधक एवं संयोजक बीएस ढाका ने सभी जिलों के लीड बैंक मैनेजरों से लघु एवं सीमांत किसानों के बारे में 21 बिंदुओं में ब्योरा मांगा था।
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इसमें किसानों के नाम, पता, मोबाइल फोन नंबर, भूमि का रकबा, बकाया ऋण तथा बकाया की स्थिति का स्पष्ट विवरण निर्धारित प्रारूप में भरकर भेजने को कहा गया था।
इसके तहत 31 मार्च 2016 के पूर्व लिए गए ऋण तथा 31 मार्च 2017 ऋण जमा नहीं करने वाले किसानों को ही इस घोषणा का लाभ मिलना है। शामली जिले से 65,412 किसानों का ब्योरा भेज दिया गया है।
ऋण अदा करने में हाथ खींच रहे किसान
कर्ज माफी की घोषणा के बाद बकाया ऋण अदा करने में कमी आई है। इसको लेकर बैंक अधिकारियों के साथ ही किसान भी पशोपेश में हैं। क्योंकि एक तरफ बैंक अधिकारी समय पर ऋण जमा कराने के प्रयास में हैं। वहीं, किसानों पर बकाया रकम पर ब्याज बढ़ने की संभावना है। यदि किसान को ऋणमाफी की घोषणा का लाभ मिला, तो कोई बात नहीं, यदि वह ऋण माफी के दायरे में नहीं आए, तो उन किसानों को ब्याज की रकम चढ़ने के कारण ज्यादा भुगतान भी करना पड़ सकता है।
जिले में बैंक शाखाएं
शामली जनपद में पीएनबी की 19, एसबीआई की 13, जिला सहकारी बैंक की 10, सर्व यूपी ग्रामीण बैंक की 13, इंडियन बैंक की छह तथा ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स की नौ शाखाओं सहित कुल 106 बैंक शाखाएं संचालित हैं, जिनसे किसान लेनदेन करते हैं।
ऋण का ब्योरा संकलित करके बैंक को भेजा
लीड बैंक मैनेजर हरपाल सिंह तोमर ने बताया कि सभी बैंक शाखाओं से लघु एवं सीमांत किसानों के ऋण का ब्योरा संकलित करके भेज दिया गया है। शासन से गाइड लाइन प्राप्त होने पर ही पता चलेगा कि कितने किसानों का ऋण माफ होगा।