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लक्ष्य निर्धारित कर परिश्रम करने से मिलेगी सफलता: डॉ. अमित
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शामली झिंझाना रोड पर राइफल क्लब पर योगाभ्यास करते साधक।
- फोटो : SHAMLI
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शामली। आजादी के अमृत महोत्सव में क्रीड़ा भारती शामली राइफल क्लब पर आयोजित योग प्रशिक्षण शिविर के 23वें दिन योग साधकों को दंडासन विधि की जानकारी दी और अभ्यास कराया गया।
सोमवार को आयोजित शिविर में साधकों को संबोधित करते हुए राजकीय इंटर कॉलेज कंडेला के प्रधानाचार्य डॉ. अमित मलिक ने कहा कि विद्यार्थियों और खिलाड़ियों को अपना लक्ष्य निर्धारित कर समयबद्ध तरीके से निरंतर परिश्रम करना चाहिए, तभी सफलता प्राप्त होती है। अगर हम अपने कार्य में ऐच्छिक सफलता प्राप्त नहीं कर पा रहे हैं तो इसका मतलब है कि हम उतना परिश्रम नहीं कर पाए हैं, जितना उस सफलता को प्राप्त करने के लिए आवश्यक है। उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम का उदाहरण देते हुए कहा कि सपने वे नहीं होते जो हम सोते हुए देखते हैं बल्कि सपने वे होते हैं जो हमें सोने नहीं देते। मनुष्य के लिए कोई भी कार्य असंभव नहीं होता है, बस पूरे मनोयोग से उसको पूर्ण करने के लिए लगन एवं परिश्रम से हमें उसमें लगना होता है।
इस अवसर पर योगाचार्य डॉ. श्रीपाल धामा ने सूक्ष्म योगिक क्रियाओं के बाद दंडासन विधि के बारे में जानकारी दी। शिविर में सत्यपाल सिंह, हरवेंद्र सिंह, डॉ. योगेंद्र सिंह, दीपक गर्ग, सवा चंद, प्रमिला, रेशमा, शाहिस्ता खान, मीनाक्षी चौधरी, विनीता जागलान, अद्विका राठी, सुनीता, पार्थ वर्मा आदि मौजूद रहे।
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सोमवार को आयोजित शिविर में साधकों को संबोधित करते हुए राजकीय इंटर कॉलेज कंडेला के प्रधानाचार्य डॉ. अमित मलिक ने कहा कि विद्यार्थियों और खिलाड़ियों को अपना लक्ष्य निर्धारित कर समयबद्ध तरीके से निरंतर परिश्रम करना चाहिए, तभी सफलता प्राप्त होती है। अगर हम अपने कार्य में ऐच्छिक सफलता प्राप्त नहीं कर पा रहे हैं तो इसका मतलब है कि हम उतना परिश्रम नहीं कर पाए हैं, जितना उस सफलता को प्राप्त करने के लिए आवश्यक है। उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम का उदाहरण देते हुए कहा कि सपने वे नहीं होते जो हम सोते हुए देखते हैं बल्कि सपने वे होते हैं जो हमें सोने नहीं देते। मनुष्य के लिए कोई भी कार्य असंभव नहीं होता है, बस पूरे मनोयोग से उसको पूर्ण करने के लिए लगन एवं परिश्रम से हमें उसमें लगना होता है।
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इस अवसर पर योगाचार्य डॉ. श्रीपाल धामा ने सूक्ष्म योगिक क्रियाओं के बाद दंडासन विधि के बारे में जानकारी दी। शिविर में सत्यपाल सिंह, हरवेंद्र सिंह, डॉ. योगेंद्र सिंह, दीपक गर्ग, सवा चंद, प्रमिला, रेशमा, शाहिस्ता खान, मीनाक्षी चौधरी, विनीता जागलान, अद्विका राठी, सुनीता, पार्थ वर्मा आदि मौजूद रहे।
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