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किसानों ने दिया धरना
शामली/ ब्यूरो/ अमर उजाला
Updated Thu, 08 Oct 2015 01:14 AM IST
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शामली। गन्ना समिति से किसानों के नाम पर फर्जी भुगतान के प्रकरण में किसानों और समिति डायरेक्टरों ने गन्ना समिति पर हंगामा प्रदर्शन किया। ज्येष्ठ गन्ना निरीक्षक पर जांच को प्रभावित कराने का आरोप लगाया।
बुधवार को गन्ना समिति कार्यालय पहुंचे डायरेक्टर पुष्पेंद्र निर्वाल और अन्य किसानों ने कहा कि प्रकरण की जांच के लिए कमेटी का गठन हुए 15 दिन बीत गए। अब तक जांच पूरी नहीं की गई। वहीं, घोटाले में लिप्त कर्मचारियों में से सिर्फ एक कर्मचारी को सस्पेंड किया गया है। पुष्पेंद्र निर्वाल ने बताया कि दो कर्मचारियों ने फर्जी भुगतान कर ली गई रकम में से 82 हजार रुपये भी जमा कराए हैं।
ऐसा करके पूरे प्रकरण पर पर्दा डालने की कोशिश की जा रही है, ताकि अन्य कोई कर्मचारी की गर्दन न फंस सके। उन्होंने बताया कि इस मामले में ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक रिपुदमन की भूमिका भी संदिग्ध है। आरोप है कि वह अन्य कर्मचारियों को बचाने में लगे हुए हैं। चेतावनी दी है कि यदि मामले में निष्पक्ष जांच करते हुए दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती है, तो आमरण अनशन किया जाएगा। अजय पंवार, रियाज, शौकीन, रामपाल, सुक्रमपाल, जितेंद्र कुमार, सुमित चौधरी रहे।
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बुधवार को गन्ना समिति कार्यालय पहुंचे डायरेक्टर पुष्पेंद्र निर्वाल और अन्य किसानों ने कहा कि प्रकरण की जांच के लिए कमेटी का गठन हुए 15 दिन बीत गए। अब तक जांच पूरी नहीं की गई। वहीं, घोटाले में लिप्त कर्मचारियों में से सिर्फ एक कर्मचारी को सस्पेंड किया गया है। पुष्पेंद्र निर्वाल ने बताया कि दो कर्मचारियों ने फर्जी भुगतान कर ली गई रकम में से 82 हजार रुपये भी जमा कराए हैं।
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ऐसा करके पूरे प्रकरण पर पर्दा डालने की कोशिश की जा रही है, ताकि अन्य कोई कर्मचारी की गर्दन न फंस सके। उन्होंने बताया कि इस मामले में ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक रिपुदमन की भूमिका भी संदिग्ध है। आरोप है कि वह अन्य कर्मचारियों को बचाने में लगे हुए हैं। चेतावनी दी है कि यदि मामले में निष्पक्ष जांच करते हुए दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती है, तो आमरण अनशन किया जाएगा। अजय पंवार, रियाज, शौकीन, रामपाल, सुक्रमपाल, जितेंद्र कुमार, सुमित चौधरी रहे।
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