{"_id":"19cb965b50e2782f1339b0b64880576d","slug":"please-be-polite-compatible-usha-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"विनम्र बनकर करें संगत : उषा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विनम्र बनकर करें संगत : उषा
ब्यूरो/ अमर उजाला, शामली
Updated Mon, 21 Sep 2015 01:02 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली में संत निरंकारी महिला समागम में देहरादून से आई प्रचारक उषा अरोरा ने कहा कि साध- संगत की महत्ता तभी है, जब मन में विनम्र बनकर संगत की जाती है।
रविवार को नगर के गगन गार्डन में संत निरंकारी महिला समागम में बतौर मुख्य वक्ता देहरादून से आई प्रचारक बहन उषा ने कहा कि यदि मनुष्य अभिमानी हो जाए, और अपने आप को संपूर्ण मान बैठे तो सीखने की भावना समाप्त हो जाती है। आगे बढ़ने के अवसर खत्म हो जाते हैं।
इंसान का पतन शुरू हो जाता है। संगत के बिना कभी इस मन को विवेक नही मिल सकता। यह विवेक बुद्धि बन नही सकती है। प्रचारक उषा बहन ने कहा कि मनुष्य को अपने मन को प्रभु के साथ जोड़ना होगा। जिस मनुष्य के जीवन में परमात्मा का नाता नहीं जुड़ता तो जीवन में शीतलता नहीं मिलती।
विज्ञापन
इस मौके पर संत निरंकारी महिला समागम में गीतों लघु नाटिकाओं के माध्यम से निरंकारी मिशन का संदेश दिया गया। समारोह में हरीश चंद, सहायक जोनल इंचार्ज कुलभूषण चौधरी, संजीव, धीर सिंह, जगदीश प्रसाद, रामनाथ, राजेश चौहान, कुणाल, महावीर सिंह, विजय, डाक्टर राजकुमार, धर्मेद्र कुमार अनमोल मौजूद रहे।
विज्ञापन
रविवार को नगर के गगन गार्डन में संत निरंकारी महिला समागम में बतौर मुख्य वक्ता देहरादून से आई प्रचारक बहन उषा ने कहा कि यदि मनुष्य अभिमानी हो जाए, और अपने आप को संपूर्ण मान बैठे तो सीखने की भावना समाप्त हो जाती है। आगे बढ़ने के अवसर खत्म हो जाते हैं।
विज्ञापन
इंसान का पतन शुरू हो जाता है। संगत के बिना कभी इस मन को विवेक नही मिल सकता। यह विवेक बुद्धि बन नही सकती है। प्रचारक उषा बहन ने कहा कि मनुष्य को अपने मन को प्रभु के साथ जोड़ना होगा। जिस मनुष्य के जीवन में परमात्मा का नाता नहीं जुड़ता तो जीवन में शीतलता नहीं मिलती।
विज्ञापन
इस मौके पर संत निरंकारी महिला समागम में गीतों लघु नाटिकाओं के माध्यम से निरंकारी मिशन का संदेश दिया गया। समारोह में हरीश चंद, सहायक जोनल इंचार्ज कुलभूषण चौधरी, संजीव, धीर सिंह, जगदीश प्रसाद, रामनाथ, राजेश चौहान, कुणाल, महावीर सिंह, विजय, डाक्टर राजकुमार, धर्मेद्र कुमार अनमोल मौजूद रहे।