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कैराना-कांधला मार्ग पर बनेगा पीएसी कैंप
ब्यूरो, अमर उजाला/शामली
Updated Sun, 02 Sep 2018 12:32 AM IST
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पीएसी कैंप के लिए जमीन देखने पहुंचे डीआईजी पीएसी और छठी वाहिनी पीएसी के कमांडेंट।
- फोटो : अमर उजाला
शामली में पीएसी कैंप की स्थापना को लेकर चल रहे विवाद के बीच शनिवार को पीएसी के डीआईजी तथा छठी वाहिनी के कमांडेंट ने राजस्व विभाग की टीम के साथ कांधला-कैराना मार्ग पर जमीन देखी। वहां पर पशुचर की भूमि का निरीक्षण कर भौगोलिक स्थिति के बारे में जानकारी ली गई।
कैराना से पूर्व सांसद बाबू हुकुम सिंह ने कैराना-कांधला पलायन का मुद्दा उठाया था और पलायन के लिए कैराना तथा कांधला क्षेत्र में गुंडागर्दी को कारण बताया था। इसी के साथ उन्होंने कैराना-कांधला के बीच पीएसी कैंप की स्थापना की मांग रखी थी। बाद में शामली से भाजपा विधायक तेजेंद्र निर्वाल ने भौगोलिक और सांप्रदायिक स्थिति को देखते हुए 30 अगस्त 2017 को सीएम योगी से मिलकर पीएससी कैंप की स्थापना की मांग रखी थी। वहीं, मुख्यमंत्री योगी ने भी कैराना लोकसभा उपचुनाव के दौरान शामली आगमन पर कांधला-कैराना के बीच पीएसी कैंप स्थापित कराने की घोषणा की थी, जिसके चलते शासन ने पीएसी कैंप के लिए करीब 75 एकड़ जमीन तलाशने का निर्देश जिला प्रशासन को दिया था। पहले तो कैराना-कांधला मार्ग पर जमीन तलाशी गई, लेकिन उसके बाद जिला प्रशासन ने गांव भैंसवाल के पास जमीन का प्रस्ताव बनाकर भेज दिया था।
शासन के निर्देश पर शनिवार को डीआईजी पीएसी आगरा सेक्टर/प्रभारी मेरठ सेक्टर सुनील कुमार सक्सेना तथा मेरठ छठी वाहिनी पीएसी के कमांडेंट वीके मिश्रा राजस्व विभाग की टीम को साथ लेकर कैराना-कांधला मार्ग पर पीएसी कैंप के लिए जमीन देखने पहुंचे। शामली से विधायक तेजेंद्र निर्वाल ने इस क्षेत्र में करीब 250 बीघा जमीन खाली पड़ी होने की बात शासन में कही थी। शनिवार को गांव गुर्जरपुर में पशुचर की भूमि का निरीक्षण और भौगोलिक स्थिति के बारे में जानकारी ली गई। काफी देर तक निरीक्षण करने के बाद दोनों अधिकारी मेरठ लौट गए। इस दौरान कैराना एसडीएम सुरजीत सिंह, तहसीलदार रनबीर सिंह, कानूनगो सोहनपाल सिंह, लेखपाल कांधला राधेश्याम सैनी, गांव प्रधान रणबीर सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
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कैराना से पूर्व सांसद बाबू हुकुम सिंह ने कैराना-कांधला पलायन का मुद्दा उठाया था और पलायन के लिए कैराना तथा कांधला क्षेत्र में गुंडागर्दी को कारण बताया था। इसी के साथ उन्होंने कैराना-कांधला के बीच पीएसी कैंप की स्थापना की मांग रखी थी। बाद में शामली से भाजपा विधायक तेजेंद्र निर्वाल ने भौगोलिक और सांप्रदायिक स्थिति को देखते हुए 30 अगस्त 2017 को सीएम योगी से मिलकर पीएससी कैंप की स्थापना की मांग रखी थी। वहीं, मुख्यमंत्री योगी ने भी कैराना लोकसभा उपचुनाव के दौरान शामली आगमन पर कांधला-कैराना के बीच पीएसी कैंप स्थापित कराने की घोषणा की थी, जिसके चलते शासन ने पीएसी कैंप के लिए करीब 75 एकड़ जमीन तलाशने का निर्देश जिला प्रशासन को दिया था। पहले तो कैराना-कांधला मार्ग पर जमीन तलाशी गई, लेकिन उसके बाद जिला प्रशासन ने गांव भैंसवाल के पास जमीन का प्रस्ताव बनाकर भेज दिया था।
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शासन के निर्देश पर शनिवार को डीआईजी पीएसी आगरा सेक्टर/प्रभारी मेरठ सेक्टर सुनील कुमार सक्सेना तथा मेरठ छठी वाहिनी पीएसी के कमांडेंट वीके मिश्रा राजस्व विभाग की टीम को साथ लेकर कैराना-कांधला मार्ग पर पीएसी कैंप के लिए जमीन देखने पहुंचे। शामली से विधायक तेजेंद्र निर्वाल ने इस क्षेत्र में करीब 250 बीघा जमीन खाली पड़ी होने की बात शासन में कही थी। शनिवार को गांव गुर्जरपुर में पशुचर की भूमि का निरीक्षण और भौगोलिक स्थिति के बारे में जानकारी ली गई। काफी देर तक निरीक्षण करने के बाद दोनों अधिकारी मेरठ लौट गए। इस दौरान कैराना एसडीएम सुरजीत सिंह, तहसीलदार रनबीर सिंह, कानूनगो सोहनपाल सिंह, लेखपाल कांधला राधेश्याम सैनी, गांव प्रधान रणबीर सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
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