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ओवरफ्लो होकर फिर से टूटी मामौर झील
शामली/अमर उजाला/ब्यूरो
Updated Tue, 04 Sep 2018 12:02 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला
कैराना। बरसात और कैराना से बडे़ नाले द्वारा अधिक पानी जाने के कारण मामौर झील एक बार फिर ओवरफ्लो होकर टूट गई। झील का पानी खेतों में घुसने के कारण धान, चारा और सब्जियों की फसल बर्बाद हो गई। कैराना से बडे़ नाले द्वारा कस्बे का गंदा पानी मामौर झील में जाता है। वही पानी की निकासी नहीं होने के कारण बरसात के दिनों में झील के पानी से किसानों को नुकसान होता रहता है।
दो माह पूर्व भी बरसात में मामौर झील ओवरफ्लो होकर टूट गई थी, जिस कारण सैकड़ों बीघा फसल बर्बाद होने के साथ ही तीन किसानों के मकान भी झील के पानी के कारण गिर गये थे। वही क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के चलते रविवार रात तीन बजे मामौर झील ओवरफ्लो होकर फिर से टूट गई। जिस कारण झील का पानी यशपाल, जनेश्वर, कवर प्रधान, शरीफ, फकरू, मोहन, मुस्ताक, मंगता, शफात, जीमल, इलियास, पारस, विनोद, शिवकुमार, रामकुमार, मेघराज आदि किसानों की धान, चारे व सब्जी की फसल में घुस गया। किसानों का कहना है कि झील बार बार ओवरफ्लो होकर टूट जाती है जिस कारण उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उधर, बरसात के जारी रहने के कारण आसपास के अन्य किसानों को भी चिंता सताने लगी है।
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दो माह पूर्व भी बरसात में मामौर झील ओवरफ्लो होकर टूट गई थी, जिस कारण सैकड़ों बीघा फसल बर्बाद होने के साथ ही तीन किसानों के मकान भी झील के पानी के कारण गिर गये थे। वही क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के चलते रविवार रात तीन बजे मामौर झील ओवरफ्लो होकर फिर से टूट गई। जिस कारण झील का पानी यशपाल, जनेश्वर, कवर प्रधान, शरीफ, फकरू, मोहन, मुस्ताक, मंगता, शफात, जीमल, इलियास, पारस, विनोद, शिवकुमार, रामकुमार, मेघराज आदि किसानों की धान, चारे व सब्जी की फसल में घुस गया। किसानों का कहना है कि झील बार बार ओवरफ्लो होकर टूट जाती है जिस कारण उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उधर, बरसात के जारी रहने के कारण आसपास के अन्य किसानों को भी चिंता सताने लगी है।
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