{"_id":"58d967934f1c1bda3763da46","slug":"baaratghar-aur-devsthan-ke-vivad-mein-bhide","type":"story","status":"publish","title_hn":"बारातघर और देवस्थान के विवाद में दो पक्ष भिड़े","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
बारातघर और देवस्थान के विवाद में दो पक्ष भिड़े
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 28 Mar 2017 12:57 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
थानाभवन।गांव नौजल में बारातघर और देवस्थान की तीन बीघा भूमि पर कब्जा करने को लेकर दो पक्ष आमने सामने आ गए। सूचना पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों को लेकर थाने ले आई, जहां अतिक्रमण हटाने पर समझौता हो गया।
गांव नौजल में राजवाहे के पास तीन बीघा भूमि है, जिसमें सवा दो बीघा भूमि बारात घर और पौन बीघा भूमि देव स्थान की पड़ी है। आरोप है कि भूमि पर कुछ ग्रामीणों ने अवैध कब्जे के लिए उपले लगाए हुए है और पशु आदि बांध रखे है। जबकि ग्राम पंचायत उस पर बारातघर बनाना चाह रही है। ग्राम प्रधान अनिरुद्घ ने बताया कि सोमवार को उन्होंने बारात घर और देवस्थान निर्माण कराने के लिए आरोपियों से अतिक्रमण हटाने के लिए कहा।
आरोप है कि अतिक्रमण करने वाले कुछ लोग आपस में भिड़ गये। कहासुनी की सूचना पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों के ब्रह्मजीत, कुशलपाल और कुलदीप आदि को थाने ले आई। पुलिस प्रशासन की सख्ती को देख दोनों पक्षों में अतिक्रमण हटवाने को लेकर समझौता हो गया। इसके बाद मौके पर देवस्थान और बारात घर निर्माण के लिए नींव आदि खुदवाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
गांव नौजल में राजवाहे के पास तीन बीघा भूमि है, जिसमें सवा दो बीघा भूमि बारात घर और पौन बीघा भूमि देव स्थान की पड़ी है। आरोप है कि भूमि पर कुछ ग्रामीणों ने अवैध कब्जे के लिए उपले लगाए हुए है और पशु आदि बांध रखे है। जबकि ग्राम पंचायत उस पर बारातघर बनाना चाह रही है। ग्राम प्रधान अनिरुद्घ ने बताया कि सोमवार को उन्होंने बारात घर और देवस्थान निर्माण कराने के लिए आरोपियों से अतिक्रमण हटाने के लिए कहा।
विज्ञापन
आरोप है कि अतिक्रमण करने वाले कुछ लोग आपस में भिड़ गये। कहासुनी की सूचना पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों के ब्रह्मजीत, कुशलपाल और कुलदीप आदि को थाने ले आई। पुलिस प्रशासन की सख्ती को देख दोनों पक्षों में अतिक्रमण हटवाने को लेकर समझौता हो गया। इसके बाद मौके पर देवस्थान और बारात घर निर्माण के लिए नींव आदि खुदवाई गई।
विज्ञापन