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नहीं थम रहा पैदल चलकर आने वाले प्रवासी श्रमिकों का सिलसिला
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हरियाणा से पैदल आते मजदूर।
- फोटो : SHAMLI
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शामली। हरियाणा के पानीपत और अन्य जिलों से पैदल चलकर यमुना पारकर गांव के रास्ते प्रवासी श्रमिकों का शामली पहुंचने का सिलसिला बुधवार को भी चलता रहा। बुधवार को करीब 250 से अधिक श्रमिक शामली बस स्टैंड पर पहुंचे। प्रशासन ने उनकी खाने पीने की व्यवस्था कराई और उन्हें शेल्टर होम में भेजा गया। मंगलवार रात 157 प्रवासी श्रमिक गांव कसेरवा कलां में पहुंचे, जहां ग्रामीणों ने उन्हें गांव में रोक लिया और प्रशासन को सूचना दी। सूचना पर तहसीलदार शामली राजकुमार राजस्व टीम के साथ पहुंचे और सभी श्रमिकों की थर्मल स्क्रीनिंग कराने के बाद ग्रामीणों की मदद से ट्रैक्टर-ट्राली व अन्य संसाधनों से उन्हें शेल्टर होम में भिजवाया।
बुधवार दोपहर 150 श्रमिक शामली बस स्टैंड पर पहुंच गए। करीब 100 श्रमिकों के और पहुंचने की सूचना प्रशासन को मिली है। तहसीलदार राजकुमार ने बताया कि प्रवासी श्रमिक हरियाणा के पानीपत व अन्य जिलों में फैक्टरी में काम करते थे। वहां से पैदल चलकर सड़क के रास्ते से न आकर गांव के रास्तों से आ रहे हैं। ये प्रवासी श्रमिक शाहजहांपुर, बदायूं, बरेली व अन्य जनपदों के निवासी हैं। इन सभी की भोजन की व्यवस्था कराई गई है। थर्मल स्क्रीनिंग कराने के बाद सभी श्रमिकों को शेल्टर होम में भेजा गया।
उधर, कैराना क्षेत्र के गांव बराला में भी मंगलवार देर शाम हरियाणा से 90 प्रवासी श्रमिक पहुंचे। उन्हें भी प्रशासन ने शेल्टर होम में भिजवाया। बुधवार को डीएम जसजीत कौर और एसपी विनीत जायसवाल ने शहर में बनाए गए तीन शेल्टर होम में पहुंच कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। दोनों अधिकारियों ने श्रमिकों के खाने-पीने, ठहरने और साफ-सफाई बेहतर रखने के अधिकारियों को निर्देश दिए।
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बुधवार दोपहर 150 श्रमिक शामली बस स्टैंड पर पहुंच गए। करीब 100 श्रमिकों के और पहुंचने की सूचना प्रशासन को मिली है। तहसीलदार राजकुमार ने बताया कि प्रवासी श्रमिक हरियाणा के पानीपत व अन्य जिलों में फैक्टरी में काम करते थे। वहां से पैदल चलकर सड़क के रास्ते से न आकर गांव के रास्तों से आ रहे हैं। ये प्रवासी श्रमिक शाहजहांपुर, बदायूं, बरेली व अन्य जनपदों के निवासी हैं। इन सभी की भोजन की व्यवस्था कराई गई है। थर्मल स्क्रीनिंग कराने के बाद सभी श्रमिकों को शेल्टर होम में भेजा गया।
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उधर, कैराना क्षेत्र के गांव बराला में भी मंगलवार देर शाम हरियाणा से 90 प्रवासी श्रमिक पहुंचे। उन्हें भी प्रशासन ने शेल्टर होम में भिजवाया। बुधवार को डीएम जसजीत कौर और एसपी विनीत जायसवाल ने शहर में बनाए गए तीन शेल्टर होम में पहुंच कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। दोनों अधिकारियों ने श्रमिकों के खाने-पीने, ठहरने और साफ-सफाई बेहतर रखने के अधिकारियों को निर्देश दिए।

शामली: हरियाणा से सिर में सामान रखकर पैदल जाती महिला मजदूर।- फोटो : SHAMLI
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