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...तो बन सकते हैं बाढ़ के हालात
अमर उजाला ब्यूरो, शामली
Updated Sat, 01 Jul 2017 12:37 AM IST
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flood
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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शामली। पहाड़ों पर हो रही बारिश से यमुना का जलस्तर बढ़ता जा रहा है। हथनीकुंड-ताजेवाला बैराज से शुक्रवार सुबह भी 35 हजार 976 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। पिछले दो दिनों में छोड़ा गए पानी का असर शामली जिले में यमुना नदी में दिखाई देने लगा है। सिंचाई विभाग के अफसरों का कहना है कि पहाड़ों पर अगर लगातार बारिश होती रही तो बाढ़ के हालात पैदा हो सकते हैं।
कैराना यमुना पुल पर शुक्रवार दोपहर ढाई बजे तक डेढ़ फुट पानी बढ़ा। कैराना क्षेत्र से यमुना नदी का बहाव बागपत की ओर बढ़ गया है। हथनीकुंड-ताजेवाला के जेई अशोक कुमार सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह नौ बजे 30 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया था। वहीं, शुक्रवार को सुबह दस बजे 35 हजार 976 क्यूसेक पानी और छोड़ा गया है।
पहाड़ो पर बारिश रुकने का नाम नहीं ले रही है, यदि बारिश लगातार ऐसे चलती रही तो यमुना नदी का जलस्तर और बढ़ जाएगा। उधर, जल आयोग द्वारा वेस्ट यूपी के सहारनपुर, शामली, बागपत, गाजियाबाद, दिल्ली के सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने अलर्ट कर दिया है। सिंचाई विभाग के एसडीओ विकास त्यागी ने बताया कि पहाड़ों पर तीन दिनों से हो रही बारिश से यमुना नदी का जलस्तर बढ़ गया है। यदि बारिश लगातार जारी रही तो स्थिति भयावह बनने में समय नहीं लगेगा।
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नहीं खुला है कैराना-ऊन में बाढ़ कंट्रोल रूम ः शामली। यमुना का जलस्तर बढ़ना शुरू हो गया है, अभी तक जिला मुख्यालय कैराना, ऊन तहसील में बाढ़ कंट्रोल रूम की स्थापना नहीं की गई है। कैराना तहसीलदार अभयराज पांडे का कहना है कि तहसील में बाढ़ कंट्रोल रूम की स्थापना नहीं की गई है। बाढ़ रोकने के इंतजाम ड्रेनेज खंड-सिंचाई विभाग करता है।
तीन दिन ओर होगी झमाझम बारिश
शामली। आखिर मानसून ने दस्तक दे दी है। शुक्रवार सुबह शुरू हुई बूंदाबांदी दोपहर जारी रही। वहीं, मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अभी तीन दिन ओर झमाझम बारिश होगी। जिससे खरीफ की फसल को भरपूर लाभ होगा। बुधवार से हो रही बारिश तीसरे दिन भी जारी रही।
पूर्वाह्न 11 बजे के बाद मौसम में बदलाव आया और बूंदाबांदी शुरू हो गई। दोपहर दो बजे तक बारिश होती रही, जिससे मौसम ठंडा रहा। दो बजे के बाद हल्की धूप निकली। दोपहर सवा तीन बजे के अधिकतम तापमान 29 और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार शुक्रवार को अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
वहीं, सरदार बल्लभ भाई पटेल कृषि विश्व विद्यालय मेेरठ के मृदा विभाग के अध्यक्ष डॉ. अशोक कुमार अहलुवालिया ने बताया कि मानसून ने दस्तक दे दी है और अभी तीन दिन बूूंदाबांदी ओर होगी। मानसूनी बारिश से खरीफ की फसलों को भरपूर लाभ मिल रहा है। पूर्वी यमुना नहर खंड के जिलेदार अंबुज कुमार ने बताया कि पिछले तीन दिनों में 73 एमएम बारिश रिकार्ड की गई है। शुक्रवार को 40 एमएम, बृहस्पतिवार को आठ एमएम और बुधवार को 25 एमएम बारिश रिकार्ड की गई है।
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कैराना यमुना पुल पर शुक्रवार दोपहर ढाई बजे तक डेढ़ फुट पानी बढ़ा। कैराना क्षेत्र से यमुना नदी का बहाव बागपत की ओर बढ़ गया है। हथनीकुंड-ताजेवाला के जेई अशोक कुमार सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह नौ बजे 30 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया था। वहीं, शुक्रवार को सुबह दस बजे 35 हजार 976 क्यूसेक पानी और छोड़ा गया है।
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पहाड़ो पर बारिश रुकने का नाम नहीं ले रही है, यदि बारिश लगातार ऐसे चलती रही तो यमुना नदी का जलस्तर और बढ़ जाएगा। उधर, जल आयोग द्वारा वेस्ट यूपी के सहारनपुर, शामली, बागपत, गाजियाबाद, दिल्ली के सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने अलर्ट कर दिया है। सिंचाई विभाग के एसडीओ विकास त्यागी ने बताया कि पहाड़ों पर तीन दिनों से हो रही बारिश से यमुना नदी का जलस्तर बढ़ गया है। यदि बारिश लगातार जारी रही तो स्थिति भयावह बनने में समय नहीं लगेगा।
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नहीं खुला है कैराना-ऊन में बाढ़ कंट्रोल रूम ः शामली। यमुना का जलस्तर बढ़ना शुरू हो गया है, अभी तक जिला मुख्यालय कैराना, ऊन तहसील में बाढ़ कंट्रोल रूम की स्थापना नहीं की गई है। कैराना तहसीलदार अभयराज पांडे का कहना है कि तहसील में बाढ़ कंट्रोल रूम की स्थापना नहीं की गई है। बाढ़ रोकने के इंतजाम ड्रेनेज खंड-सिंचाई विभाग करता है।
तीन दिन ओर होगी झमाझम बारिश
शामली। आखिर मानसून ने दस्तक दे दी है। शुक्रवार सुबह शुरू हुई बूंदाबांदी दोपहर जारी रही। वहीं, मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अभी तीन दिन ओर झमाझम बारिश होगी। जिससे खरीफ की फसल को भरपूर लाभ होगा। बुधवार से हो रही बारिश तीसरे दिन भी जारी रही।
पूर्वाह्न 11 बजे के बाद मौसम में बदलाव आया और बूंदाबांदी शुरू हो गई। दोपहर दो बजे तक बारिश होती रही, जिससे मौसम ठंडा रहा। दो बजे के बाद हल्की धूप निकली। दोपहर सवा तीन बजे के अधिकतम तापमान 29 और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार शुक्रवार को अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
वहीं, सरदार बल्लभ भाई पटेल कृषि विश्व विद्यालय मेेरठ के मृदा विभाग के अध्यक्ष डॉ. अशोक कुमार अहलुवालिया ने बताया कि मानसून ने दस्तक दे दी है और अभी तीन दिन बूूंदाबांदी ओर होगी। मानसूनी बारिश से खरीफ की फसलों को भरपूर लाभ मिल रहा है। पूर्वी यमुना नहर खंड के जिलेदार अंबुज कुमार ने बताया कि पिछले तीन दिनों में 73 एमएम बारिश रिकार्ड की गई है। शुक्रवार को 40 एमएम, बृहस्पतिवार को आठ एमएम और बुधवार को 25 एमएम बारिश रिकार्ड की गई है।