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Shamli News: बजाज शुगर मिल पर 90 करोड़ बकाया, भुगतान में देरी से किसानों में रोष
Tue, 15 Sep 2026 12:58 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Tue, 15 Sep 2026 12:58 AM IST
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थानाभवन। बजाज शुगर मिल पर किसानों का करीब 90 करोड़ रुपये गन्ना मूल्य भुगतान बकाया है। भुगतान में देरी से किसानों में रोष बढ़ता जा रहा है। किसान का अपनी फसल का पैसा समय पर नहीं मिलने से बच्चों की फीस, बिजली के बिल, घरेलू खर्च और शादी-विवाह जैसे जरूरी काम प्रभावित हो रहे हैं। कई किसान जरूरतें पूरी करने के लिए उधार और ब्याज पर पैसा लेने को मजबूर हैं।
किसान आसिफ ने कहा कि गन्ना भुगतान में देरी से किसानों की आर्थिक स्थिति कमजोर हो रही है। खेती की लागत पहले ही बढ़ चुकी है और भुगतान नहीं मिलने से अगली फसल की तैयारी में भी परेशानी हो रही है।
किसान इस्राइल राणा ने कहा कि किसानों के सामने नकदी की सबसे बड़ी समस्या है। गन्ने का भुगतान समय पर मिल जाए तो जरूरी खर्च पूरे हो सकते हैं, लेकिन भुगतान अटकने से दूसरों से पैसा मांगना पड़ रहा है।
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किसान आजाद ने कहा कि बच्चों की फीस, बिजली के बिल और घर के अन्य खर्च बढ़ रहे हैं। गन्ने का भुगतान नहीं मिलने से किसानों को उधार और ब्याज का सहारा लेना पड़ रहा है।
किसान नेता मुकम्मिल ने कहा कि समय पर भुगतान नहीं मिलने से किसानों पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। उन्होंने मिल प्रबंधन से जल्द बकाया भुगतान कराने की मांग की।
लाइसेंस धारकों का कोटा आधा होने से आई समस्या : गन्ना प्रबंधक
बजाज शुगर मिल के गन्ना प्रबंधक ने बताया कि चीनी के दाम में बढ़ोतरी जरूर हुई है, लेकिन सरकार द्वारा लाइसेंस धारकों का कोटा आधा किए जाने के कारण मिल को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि भुगतान की प्रक्रिया जारी है और जल्द किसानों के बकाये का भुगतान किया जाएगा।
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किसान आसिफ ने कहा कि गन्ना भुगतान में देरी से किसानों की आर्थिक स्थिति कमजोर हो रही है। खेती की लागत पहले ही बढ़ चुकी है और भुगतान नहीं मिलने से अगली फसल की तैयारी में भी परेशानी हो रही है।
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किसान इस्राइल राणा ने कहा कि किसानों के सामने नकदी की सबसे बड़ी समस्या है। गन्ने का भुगतान समय पर मिल जाए तो जरूरी खर्च पूरे हो सकते हैं, लेकिन भुगतान अटकने से दूसरों से पैसा मांगना पड़ रहा है।
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किसान आजाद ने कहा कि बच्चों की फीस, बिजली के बिल और घर के अन्य खर्च बढ़ रहे हैं। गन्ने का भुगतान नहीं मिलने से किसानों को उधार और ब्याज का सहारा लेना पड़ रहा है।
किसान नेता मुकम्मिल ने कहा कि समय पर भुगतान नहीं मिलने से किसानों पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। उन्होंने मिल प्रबंधन से जल्द बकाया भुगतान कराने की मांग की।
लाइसेंस धारकों का कोटा आधा होने से आई समस्या : गन्ना प्रबंधक
बजाज शुगर मिल के गन्ना प्रबंधक ने बताया कि चीनी के दाम में बढ़ोतरी जरूर हुई है, लेकिन सरकार द्वारा लाइसेंस धारकों का कोटा आधा किए जाने के कारण मिल को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि भुगतान की प्रक्रिया जारी है और जल्द किसानों के बकाये का भुगतान किया जाएगा।