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हिरनवाड़ा में दिया किसानों का दिया प्रशिक्षण
Updated Sun, 18 Jun 2017 01:04 AM IST
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शामली।
नेशनल मिशन ऑन आयल सीड एवं आयल पाम योजना के तहत हिरनवाड़ा गांव में कृषक गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें किसानों को महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
शनिवार को गांव हिरनवाडा के प्राथमिक विद्यालय में आयोजित गोष्ठी के दौरान गन्ना शोध संस्थान मुजफ्फरनगर के पूर्व वैज्ञानिक डाक्टर जगपाल सिंह ने बताया कि गन्ना बुवाई ट्रेंच विधि से करनी चाहिए तथा बीज शोधन बाविस्टीन से कराकर बुवाई कराएं। दो या तीन आंख के गन्ने के टुकड़े बुवाई में प्रयोग करने से अच्छा उत्पादन मिलता है। साथ ही समय पर कीट एवं रोग से बचाव के लिए ध्यान रखना चाहिए। वहीं, वीरेंद्र सिंह ने खरीफ फसल में धान में लगने वाले कीट एवं रोग के बारे में जानकारी देकर उनसे बचाव की विधियां बताई। राजकीय कृषि बीज भंडार थानाभवन के प्रभारी पंकज कुमार ने तिल की फसल के बारे में जानकारी दी। प्रशिक्षण में मांगेराम, नाथीराम, रविराज वर्मा, महेंद्र, नरेंद्र कुमार, महेश और राजकुमार आदि मौजूद रहे।
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नेशनल मिशन ऑन आयल सीड एवं आयल पाम योजना के तहत हिरनवाड़ा गांव में कृषक गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें किसानों को महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
शनिवार को गांव हिरनवाडा के प्राथमिक विद्यालय में आयोजित गोष्ठी के दौरान गन्ना शोध संस्थान मुजफ्फरनगर के पूर्व वैज्ञानिक डाक्टर जगपाल सिंह ने बताया कि गन्ना बुवाई ट्रेंच विधि से करनी चाहिए तथा बीज शोधन बाविस्टीन से कराकर बुवाई कराएं। दो या तीन आंख के गन्ने के टुकड़े बुवाई में प्रयोग करने से अच्छा उत्पादन मिलता है। साथ ही समय पर कीट एवं रोग से बचाव के लिए ध्यान रखना चाहिए। वहीं, वीरेंद्र सिंह ने खरीफ फसल में धान में लगने वाले कीट एवं रोग के बारे में जानकारी देकर उनसे बचाव की विधियां बताई। राजकीय कृषि बीज भंडार थानाभवन के प्रभारी पंकज कुमार ने तिल की फसल के बारे में जानकारी दी। प्रशिक्षण में मांगेराम, नाथीराम, रविराज वर्मा, महेंद्र, नरेंद्र कुमार, महेश और राजकुमार आदि मौजूद रहे।