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जनपद के कॉलेजों में डीआईओएस ने प्रार्थना सभाओं पर लगाई रोक
Updated Mon, 21 Aug 2017 12:52 AM IST
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शामली। डीआईओएस ने जनपद के सभी हाईस्कूल और इंटर कॉलेजों में डीएम के निर्देश पर प्रार्थना सभाओं पर अगले आदेश तक रोक लगा दी गई है। इसके साथ ही प्रधानाचार्यों और शिक्षकों को स्वाइन फ्लू के चलते अन्य कई निर्देश दिए है। नियम का पालन न करने पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
जिला विद्यालय निरीक्षक एसएम सिद्दीकी ने जनपद के सभी राजकीय, सहायता प्राप्त, वितविहीन, आईसीएसई और सीबीएसई के हाईस्कूल और इंटर कॉलेजों में स्वाइन फ्लू के चलते प्रार्थना सभा और अन्य सभाओं पर रोक लगा दी है। उन्होंने यह कदम डीएम के निर्देश के बाद उठाया। उन्होंने सभी प्रधानाचार्यों से कहा कि कॉलेज में अधिक संख्या में छात्र-छात्राओं को एक स्थान पर एकत्र न होने दिया जाएं। सभी शिक्षक कक्षाओं में विद्यार्थियों का परीक्षण करें। यदि किसी भी छात्र छात्रा में स्वाइन फ्लू का कोई भी लक्षण दिखाई देता है तो उसे तुरंत सात दिन आराम करने की सलाह देते हुए घर वापस भेजा जाएं। इसके साथ ही विद्यार्थियों के अभिभावकों को उनकी देखभाल घर पर ही करने के निर्देश दे। उन्होंने कहा कि कोई भी स्कूल और कॉलेज विद्यार्थियों के अभिभावकों से चिकित्सा प्रमाण पत्र देने के लिए परेशान ना किया जाएं। डीआईओएस ने सभी को अगले आदेश आने तक नियम का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए है। यदि इस बीच कोई भी स्कूल कॉलेज लापरवाही बरतता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए है।
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जिला विद्यालय निरीक्षक एसएम सिद्दीकी ने जनपद के सभी राजकीय, सहायता प्राप्त, वितविहीन, आईसीएसई और सीबीएसई के हाईस्कूल और इंटर कॉलेजों में स्वाइन फ्लू के चलते प्रार्थना सभा और अन्य सभाओं पर रोक लगा दी है। उन्होंने यह कदम डीएम के निर्देश के बाद उठाया। उन्होंने सभी प्रधानाचार्यों से कहा कि कॉलेज में अधिक संख्या में छात्र-छात्राओं को एक स्थान पर एकत्र न होने दिया जाएं। सभी शिक्षक कक्षाओं में विद्यार्थियों का परीक्षण करें। यदि किसी भी छात्र छात्रा में स्वाइन फ्लू का कोई भी लक्षण दिखाई देता है तो उसे तुरंत सात दिन आराम करने की सलाह देते हुए घर वापस भेजा जाएं। इसके साथ ही विद्यार्थियों के अभिभावकों को उनकी देखभाल घर पर ही करने के निर्देश दे। उन्होंने कहा कि कोई भी स्कूल और कॉलेज विद्यार्थियों के अभिभावकों से चिकित्सा प्रमाण पत्र देने के लिए परेशान ना किया जाएं। डीआईओएस ने सभी को अगले आदेश आने तक नियम का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए है। यदि इस बीच कोई भी स्कूल कॉलेज लापरवाही बरतता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए है।
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