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स्मार्ट सिटी : दो साल में मरम्मत कार्य के लिए मिले छह लाख...टूटे पड़े नाले व नाली
Mon, 17 Mar 2025 12:42 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Mon, 17 Mar 2025 12:42 AM IST
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मोहल्ला चमकनी में क्षतिग्रस्त पडी सड़क। संवाद
शाहजहांपुर। स्मार्ट सिटी बनने के बाद शहर के वार्डों का कायाकल्प नहीं हो पाया है। नगर की प्रमुख सड़कों को ठीक करा दिया, लेकिन वार्डों की हालत जर्जर है। पार्षदों की मानें तो दो साल में मात्र छह लाख रुपये मरम्मत कार्य के लिए मिले थे। उसके बाद से प्रस्ताव लंबित पड़े हैं। ऐसी स्थिति में पार्षद जनता के सवालों का जवाब नहीं दे पा रहे हैं।
नगर निगम के चुनाव के बाद 26 मई 2023 को महापौर समेत 60 वार्ड सभासदों ने शपथ ग्रहण की थी। चुनाव में अधिकतर भाजपा के सिंबल पर पार्षद जीते थे। शपथ के बाद बोर्ड की बैठक में पार्षदों को वार्ड में मरम्मत कार्य के लिए छह लाख रुपये प्रति साल देने की घोषणा की गई थी। पार्षदों के आनाकानी करने के बाद भी वह मान गए थे। पार्षदों के अनुसार, वर्ष 2023 के छह लाख रुपये के कार्य वर्ष 2024 में मिल गए थे। वह करा दिए गए थे। वर्ष 2024 व वर्तमान वर्ष के कार्य अभी तक लंबित पड़े हैं। पार्षदाें के प्रस्तावों के अटकने से मोहल्लों में सड़कें टूटी पड़ी हैं। नालियां तक नहीं बन पाई हैं। पिछले वर्ष आई बाढ़ की चपेट में लोदीपुर, अजीजगंज समेत आधे शहर की सड़कें आई थी। प्रमुख सड़कों का निर्माण कार्य करा दिया, पर गलियाें के जख्मों पर मरहम नहीं लगाया है। बाढ़ग्रस्त इलाके की गलियां अभी भी बदहाल हैं। सीवर और पानी की लाइन के लिए खोदी सड़कें भी काम चलाऊ तरीके से सही कराकर इतिश्री कर ली गई।
पार्षदाें के अनुसार, पूर्व में 99 हजार रुपये का कार्य कोटेशन के माध्यम से पूर्ण हो जाता था। उस व्यवस्था को भी बंद कर दिया। इसके चलते वार्डों के कार्य नहीं हो पा रहे हैं।
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-वार्ड के लिए एक साल में छह लाख रुपये पर्याप्त धनराशि नहीं है। हमारे वार्ड बृज विहार कॉलोनी में नाले की दीवार और पुलिया बनना है। चार महीने पहले कहा गया था। नगर आयुक्त ने निरीक्षण भी किया था, लेकिन जेई की निष्क्रियता के चलते कार्य अटके पड़े हुए हैं। कई सड़कें भी नहीं बन पाई हैं।
रामबरन सिंह चंदेल, पार्षद, वार्ड नंबर आठ
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-शुरुआत में छह लाख रुपये के कार्य मिले। उसके बाद फिर से नगर आयुक्त ने सूची मांगी है। उन कामों के टेंडर नहीं हो पाए हैं। हमारे वार्ड में पुलिया बनना है। नाली की बाड़ भी टूटी पड़ी हैं। इसकी सूची नगर निगम में दे दी गई है।
जगदीश कुशवाहा, वार्ड नंबर 16
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-हमारे वार्ड में नाले का निर्माण काफी समय से लंबित पड़ा है। बाढ़ में 20 सड़कें क्षतिग्रस्त हो गई थी। नाले को लेकर काफी समय से टाला जा रहा है। अन्य कार्य भी नहीं हुए हैं। 15 वित्त की ग्रांट भी मार्च महीने में खत्म हो जाएगी। सड़कें बनवाने तक को रुपया नहीं मिल पा रहा है।
रुपेश वर्मा अन्नू, पार्षद वार्ड नंबर तीन
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-पार्षदों के प्रस्तावों को प्रमुखता से लिया जाएगा। उनके दिए कार्यों को कराने का प्रयास करेंगे। टेंडर प्रक्रिया के बाद कार्य शुरू कराए जाएंगे।
एसके सिंह, अपर नगर आयुक्त
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नगर निगम के चुनाव के बाद 26 मई 2023 को महापौर समेत 60 वार्ड सभासदों ने शपथ ग्रहण की थी। चुनाव में अधिकतर भाजपा के सिंबल पर पार्षद जीते थे। शपथ के बाद बोर्ड की बैठक में पार्षदों को वार्ड में मरम्मत कार्य के लिए छह लाख रुपये प्रति साल देने की घोषणा की गई थी। पार्षदों के आनाकानी करने के बाद भी वह मान गए थे। पार्षदों के अनुसार, वर्ष 2023 के छह लाख रुपये के कार्य वर्ष 2024 में मिल गए थे। वह करा दिए गए थे। वर्ष 2024 व वर्तमान वर्ष के कार्य अभी तक लंबित पड़े हैं। पार्षदाें के प्रस्तावों के अटकने से मोहल्लों में सड़कें टूटी पड़ी हैं। नालियां तक नहीं बन पाई हैं। पिछले वर्ष आई बाढ़ की चपेट में लोदीपुर, अजीजगंज समेत आधे शहर की सड़कें आई थी। प्रमुख सड़कों का निर्माण कार्य करा दिया, पर गलियाें के जख्मों पर मरहम नहीं लगाया है। बाढ़ग्रस्त इलाके की गलियां अभी भी बदहाल हैं। सीवर और पानी की लाइन के लिए खोदी सड़कें भी काम चलाऊ तरीके से सही कराकर इतिश्री कर ली गई।
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पार्षदाें के अनुसार, पूर्व में 99 हजार रुपये का कार्य कोटेशन के माध्यम से पूर्ण हो जाता था। उस व्यवस्था को भी बंद कर दिया। इसके चलते वार्डों के कार्य नहीं हो पा रहे हैं।
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-वार्ड के लिए एक साल में छह लाख रुपये पर्याप्त धनराशि नहीं है। हमारे वार्ड बृज विहार कॉलोनी में नाले की दीवार और पुलिया बनना है। चार महीने पहले कहा गया था। नगर आयुक्त ने निरीक्षण भी किया था, लेकिन जेई की निष्क्रियता के चलते कार्य अटके पड़े हुए हैं। कई सड़कें भी नहीं बन पाई हैं।
रामबरन सिंह चंदेल, पार्षद, वार्ड नंबर आठ
-शुरुआत में छह लाख रुपये के कार्य मिले। उसके बाद फिर से नगर आयुक्त ने सूची मांगी है। उन कामों के टेंडर नहीं हो पाए हैं। हमारे वार्ड में पुलिया बनना है। नाली की बाड़ भी टूटी पड़ी हैं। इसकी सूची नगर निगम में दे दी गई है।
जगदीश कुशवाहा, वार्ड नंबर 16
-हमारे वार्ड में नाले का निर्माण काफी समय से लंबित पड़ा है। बाढ़ में 20 सड़कें क्षतिग्रस्त हो गई थी। नाले को लेकर काफी समय से टाला जा रहा है। अन्य कार्य भी नहीं हुए हैं। 15 वित्त की ग्रांट भी मार्च महीने में खत्म हो जाएगी। सड़कें बनवाने तक को रुपया नहीं मिल पा रहा है।
रुपेश वर्मा अन्नू, पार्षद वार्ड नंबर तीन
-पार्षदों के प्रस्तावों को प्रमुखता से लिया जाएगा। उनके दिए कार्यों को कराने का प्रयास करेंगे। टेंडर प्रक्रिया के बाद कार्य शुरू कराए जाएंगे।
एसके सिंह, अपर नगर आयुक्त

मोहल्ला चमकनी में क्षतिग्रस्त पडी सड़क। संवाद