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मंगलवार रात जीत को लाया गया था खुटार
खुटार।
Updated Fri, 13 Mar 2015 12:08 AM IST
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खीरी के मैलानी थाने के गांव खरेंहटा में हुई खुटार के जीत श्रीवास्तव की मौत के मामले में एक नया सच सामने आया है। बताया जाता है कि हालत खराब होने के बाद जीत को खुटार के एक निजी अस्पताल लाया गया था। जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित किया तो उसे लाने वालों ने परिवार वालों को सूचना देने की जरूरत नहीं समझी और शव को वापस खरेंहटा ले जाकर चकरोड पर डाल दिया।
गौरतलब है कि खुटार के तिकनियां चौराहा निवासी राजू श्रीवास्तव का पुत्र जीत श्रीवास्तव मंगलवार को गांव खरेंहटा में राजेंद्र सिंह के सगुन समारोह में शामिल होने गया था। बुधवार को उसका शव राजेंद्र के घर के पास पड़ा मिला था। जीत को खुटार के निजी अस्पताल लाए जाने की जानकारी सगुन की पार्टी में शामिल कुछ लोगों ने दी है, हालांकि वह पुलिस को कोई बयान नहीं देना चाहते हैं। इस जानकारी से साफ है कि जीत श्रीवास्तव की मौत को कई घंटे तक छिपाने का प्रयास किया गया और मैलानी पुलिस से साठगांठ के बाद बुधवार को राजेंद्र सिंह की बारात रवाना होने के बाद मृतक के परिवार वालों को सूचना दी गई।
उधर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार जीत की मौत फूड प्वाइजनिंग से हुई है, उसके शरीर पर दो जगह चोट के निशान भी मिले हैं। परिवार के लोगों का सवाल है कि पार्टी में जीत ने जो कुछ खाया वही दूसरे लोगों ने भी खाया। जीत की मौत हो गई, लेकिन अन्य किसी की तबियत तक खराब नहीं हुई। राजेंद्र सिंह आदि जीत की मौत को कई घंटे तक क्यों छिपाए रहे। मैलानी पुलिस रात में मौके पर पहुंच गई, लेकिन परिवार के लोगों को सूचना क्यों नहीं दी। मृतक के पिता ने चार लोगों को नामजद करते हुए मैलानी पुलिस को तहरीर दी है। पुलिस ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। बृहस्पतिवार को बेहद गमगीन माहौल में जीत का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
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गौरतलब है कि खुटार के तिकनियां चौराहा निवासी राजू श्रीवास्तव का पुत्र जीत श्रीवास्तव मंगलवार को गांव खरेंहटा में राजेंद्र सिंह के सगुन समारोह में शामिल होने गया था। बुधवार को उसका शव राजेंद्र के घर के पास पड़ा मिला था। जीत को खुटार के निजी अस्पताल लाए जाने की जानकारी सगुन की पार्टी में शामिल कुछ लोगों ने दी है, हालांकि वह पुलिस को कोई बयान नहीं देना चाहते हैं। इस जानकारी से साफ है कि जीत श्रीवास्तव की मौत को कई घंटे तक छिपाने का प्रयास किया गया और मैलानी पुलिस से साठगांठ के बाद बुधवार को राजेंद्र सिंह की बारात रवाना होने के बाद मृतक के परिवार वालों को सूचना दी गई।
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उधर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार जीत की मौत फूड प्वाइजनिंग से हुई है, उसके शरीर पर दो जगह चोट के निशान भी मिले हैं। परिवार के लोगों का सवाल है कि पार्टी में जीत ने जो कुछ खाया वही दूसरे लोगों ने भी खाया। जीत की मौत हो गई, लेकिन अन्य किसी की तबियत तक खराब नहीं हुई। राजेंद्र सिंह आदि जीत की मौत को कई घंटे तक क्यों छिपाए रहे। मैलानी पुलिस रात में मौके पर पहुंच गई, लेकिन परिवार के लोगों को सूचना क्यों नहीं दी। मृतक के पिता ने चार लोगों को नामजद करते हुए मैलानी पुलिस को तहरीर दी है। पुलिस ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। बृहस्पतिवार को बेहद गमगीन माहौल में जीत का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
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