मिलावट का खेल: शाहजहांपुर में केमिकल और डिटर्जेंट मिलाकर बना रहे थे दूध, रिपोर्ट दर्ज, आरोपी हिरासत में
शाहजहांपुर जिले के गढ़ियारंगीन थाना क्षेत्र के नगला देहात माली गांव में एक घर में केमिकल और डिटर्जेंट मिलाकर दूध बनाया जा रहा था। खाद्य सुरक्षा विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने बृहस्पतिवार को छापा मारा तो इसका खुलासा हुआ।
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शाहजहांपुर जिले में खाद्य सुरक्षा विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने बृहस्पतिवार को मिलावटी दूध तैयार करने की सूचना पर गढ़ियारंगीन थाना क्षेत्र के नगला देहात माली गांव में छापा मारा। टीम ने मुन्नालाल के घर से करीब 30 लीटर दूध बरामद किया। मौके पर दूध से मावा भी तैयार किया जाता था। दूध कपड़े धोने के डिटर्जेंट और रसायन मिलाकर बनाया जाता था। जांच में मिलावट की पुष्टि होने पर टीम ने दूध और मावा नष्ट करा दिया।
एडीएम प्रशासन रजनीश मिश्रा ने बताया कि सहायक आयुक्त खाद्य विनीत कुमार के नेतृत्व में टीम ने मौके से दूध, रिफाइंड सोयाबीन ऑयल, कपड़े धोने का लिक्विड डिटर्जेंट और अज्ञात रसायन के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं। बरामद सामग्री को जब्त कर पुलिस की अभिरक्षा में दे दिया गया है।
पत्नी के नाम से ले रखा था दुग्ध केंद्र का सेंटर
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह कई वर्षों से यह काम कर रहा है। वह प्रतिदिन केमिकल की मदद से 50 से 60 लीटर दूध तैयार करता था। एडीएम के अनुसार आसपास के लोगों से कुछ दूध एकत्र कर उसे मिलाकर बरेली के फतेहगंज पूर्वी के सृजनी दुग्ध केंद्र में आपूर्ति करने की बात भी सामने आई है। आरोपी ने सृजनी दुग्ध केंद्र का सेंटर अपनी पत्नी सुकरानी के नाम से ले रखा था। बरेली में संचालित संबंधित कंपनी के अधिकारियों को भी घटना से अवगत कराया गया है।
सीओ तिलहर विदुष सक्सेना ने बताया कि मुन्नालाल के खिलाफ गढि़या रंगीन थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है। वहीं, हथौड़ा बुजुर्ग स्थित मामा स्वीट्स से पेड़े का एक नमूना लेकर भी जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि केमिकल युक्त दूध से लिवर, किडनी और आंतों पर घातक असर पड़ता है। पूरा पाचन तंत्र खराब हो सकता है। यह कैंसरकारक और स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद खतरनाक है।