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नाबालिग से दुष्कर्म में दोषी को आजीवन कारावास
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शाहजहांपुर। प्रथम फास्ट ट्रैक कोर्ट के अपर सत्र न्यायाधीश मोहम्मद कमर ने दुष्कर्म के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
सरकारी वकील संजीव कुमार सिंह और उमेशचंद्र अग्निहोत्री ने बताया कि खुटार थाना क्षेत्र के रहने वाले एक व्यक्ति ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित के मुताबिक 19 मार्च 2013 को वह और उसकी पत्नी खाना खाकर कमरे में सो रहे थे। उसकी 14 वर्षीय बेटी कमरे में लेटी हुई थी। रात के दो बजे बेटी के चिल्लाने की आवाज पर वे लोग कमरे में गए तो देखा बेटी वहां नहीं थी।
बाहर जाकर तलाश किया तो बाहर उसके भाई के टिन शेड में बेटी के साथ विजयपाल दुष्कर्म कर रहा था। उन लोगों के आने पर आरोपी मौके से भाग गया। वादी की तहरीर पर विजयपाल के विरुद्ध आईपीसी की धारा 376 में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयानात और सरकारी वकीलों के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने विजयपाल को दोषी पाया। उसे आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
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सरकारी वकील संजीव कुमार सिंह और उमेशचंद्र अग्निहोत्री ने बताया कि खुटार थाना क्षेत्र के रहने वाले एक व्यक्ति ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित के मुताबिक 19 मार्च 2013 को वह और उसकी पत्नी खाना खाकर कमरे में सो रहे थे। उसकी 14 वर्षीय बेटी कमरे में लेटी हुई थी। रात के दो बजे बेटी के चिल्लाने की आवाज पर वे लोग कमरे में गए तो देखा बेटी वहां नहीं थी।
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बाहर जाकर तलाश किया तो बाहर उसके भाई के टिन शेड में बेटी के साथ विजयपाल दुष्कर्म कर रहा था। उन लोगों के आने पर आरोपी मौके से भाग गया। वादी की तहरीर पर विजयपाल के विरुद्ध आईपीसी की धारा 376 में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयानात और सरकारी वकीलों के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने विजयपाल को दोषी पाया। उसे आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
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