Shahjahanpur News: प्लॉट पर अवैध कब्जे का आरोप, नहीं हुई सुनवाई तो पानी की टंकी पर चढ़ गया वकील
शाहजहांपुर के जलालाबाद में एक वकील ने सत्तापक्ष से जुड़े लोगों पर प्लॉट पर अवैध कब्जा और मारपीट करने का आरोप लगाया। मामले में कोई कार्रवाई न होने पर वकील सोमवार को पानी की टंकी पर चढ़ गया, जिससे हड़कंप मच गया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
शाहजहांपुर के जलालाबाद में सत्तापक्ष से जुड़े कुछ लोगों द्वारा जमीन पर अवैध कब्जा कर निर्माण कर लेने के मामले में कोई कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए एक अधिवक्ता सोमवार को दोपहर पानी की टंकी पर चढ़ गया। अधिकारियों के तमाम प्रयास के बाद भी देर शाम तक वह नीचे नहीं उतरा। टंकी पर चढ़ा वकील मोबाइल फोन, लाउडस्पीकर और पानी साथ लेकर गया है।
टंकी पर चढ़े वकील शिवेंद्र कटियार द्वारा नीचे फेंके गए प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि उनके पिता श्रीनिवास कटियार के नाम मोहल्ला शास्त्रीनगर में एक बेशकीमती प्लॉट है। यह प्लॉट नगर पालिका में उनके नाम दर्ज है। इस प्लॉट पर सत्ता पक्ष से जुड़े नगर के पांच लोगों ने पहले भी कब्जा करने का प्रयास किया, जिसका वाद न्यायालय में विचाराधीन है। बीते 27 दिसंबर को उसी प्लॉट पर विपक्षियों ने निर्माण शुरू करा दिया। इसकी सूचना पर सिपाही पहुंचे, लेकिन पुलिस के सामने आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की।
UP: सपा जिलाध्यक्ष का अश्लील वीडियो फिर वायरल... इस जिले में पार्टी की अंदरूनी सियासत गरमाई; शिवचरन ने दी सफाई
थाना दिवस में भी नहीं हुई सुनवाई
शिवेंद्र के अनुसार 28 दिसंबर को वह इस मामले को लेकर थाना दिवस में गए, लेकिन वहां भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। निर्माण कार्य जारी रहा। रविवार की रात उसी प्लॉट पर खड़ी की गई दीवारों पर लिंटर भी डाल दिया गया। अधिवक्ता के ओवरहेड टैंक पर चढ़ने की जानकारी पाकर प्रभारी निरीक्षक मौके पर पहुंच गए। काफी देर बाद वहां पहुंचे तहसीलदार पैगाम हैदर व नायब तहसीलदार सत्येंद्र कटियार ने वकील से नीचे उतरने की अपील की। वकील के नहीं उतरने पर अधिकारी उनके घरवालों से मिले, लेकिन उन्होंने अवैध निर्माण गिराए जाने तक बातचीत करने से इन्कार कर दिया। अधिकारियों ने विवादित जगह का भी मुआयना किया।
थाने और नगर पालिका के नजदीक है टंकी
पानी की जिस टंकी पर अधिवक्ता चढ़ा, वह तहसील रोड कोतवाली और नगर पालिका दफ्तर के ठीक सामने है। तहसील परिसर भी 50 कदम की दूरी पर है। इसके बावजूद सामान समेत जलकल परिसर में प्रवेश करने के बाद अधिवक्ता टंकी पर चढ़ गया और किसी की भनक तक नही लगीं। इस परिसर में गेट भी लगा है।