{"_id":"68448e4e2e514f314b079906","slug":"ganga-expressway-underground-power-line-exposed-due-to-soil-collapse-shahjahanpur-news-c-122-1-spn1003-145532-2025-06-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"गंगा एक्सप्रेसवे : मिट्टी धंसने से बाहर आई भूमिगत बिजली लाइन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गंगा एक्सप्रेसवे : मिट्टी धंसने से बाहर आई भूमिगत बिजली लाइन
विज्ञापन
जलालाबाद में पीरू गांव के सामने गंगा एक्सप्रेस-वे के पास मिट्टी धंसने से बाहर निकली बिजली की ला
जलालाबाद। गंगा एक्सप्रेसवे पर विमानों की लैंडिंग के दौरान हवाई पट्टी की सुरक्षा के लिए डाली गई बिजली की भूमिगत लाइन पहली बारिश में ही मिट्टी धंसने से बाहर निकल आई। शिकायत के बाद भी इस मामले का जिम्मेदार अधिकारी संज्ञान नही ले रहे हैं।
गंगा एक्सप्रेसवे पर गांव पीरू के पास बनी हवाई पट्टी पर लैंडिंग के दौरान विमानों को खतरों से बचाने के लिए पांच किमी लंबी हवाई पट्टी के दायरे में बने सभी ट्यूबवेल तक गई बिजली की ओवरहेड हाइटेंशन लाइन को भूमिगत कर दिया गया था। यह काम बिजली निगम की देखरेख में किया गया था।
बताते है कि लाइन को एक मीटर की गहराई तक खोदकर डाला जाना था, लेकिन दो फुट तक खोदाई कर केबल डाल दी गई। मोहल्ला प्रतापनगर निवासी राजेश प्रताप सिंह भदौरिया ने बताया कि हाल में हुई बारिश में मिट्टी धंस जाने से भूमिगत लाइन कम गहराई में होने के कारण बाहर आ गई।
विज्ञापन
यदि इस लाइन में फॉल्ट हुआ तो राहगीरों और छुट्टा पशुओं के लिए गंभीर खतरा होगा। उन्होंने बताया कि विद्युत निगम के मदनापुर उपकेंद्र पर तैनात जेई और एक्सप्रेसवे निर्माण कंपनी के अधिकारियों से कई बार शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई नहीं हुई। संवाद
विज्ञापन
गंगा एक्सप्रेसवे पर गांव पीरू के पास बनी हवाई पट्टी पर लैंडिंग के दौरान विमानों को खतरों से बचाने के लिए पांच किमी लंबी हवाई पट्टी के दायरे में बने सभी ट्यूबवेल तक गई बिजली की ओवरहेड हाइटेंशन लाइन को भूमिगत कर दिया गया था। यह काम बिजली निगम की देखरेख में किया गया था।
विज्ञापन
बताते है कि लाइन को एक मीटर की गहराई तक खोदकर डाला जाना था, लेकिन दो फुट तक खोदाई कर केबल डाल दी गई। मोहल्ला प्रतापनगर निवासी राजेश प्रताप सिंह भदौरिया ने बताया कि हाल में हुई बारिश में मिट्टी धंस जाने से भूमिगत लाइन कम गहराई में होने के कारण बाहर आ गई।
विज्ञापन
यदि इस लाइन में फॉल्ट हुआ तो राहगीरों और छुट्टा पशुओं के लिए गंभीर खतरा होगा। उन्होंने बताया कि विद्युत निगम के मदनापुर उपकेंद्र पर तैनात जेई और एक्सप्रेसवे निर्माण कंपनी के अधिकारियों से कई बार शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई नहीं हुई। संवाद