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फल संरक्षण केंद्र पर प्रशिक्षुओं ने दी लिखित परीक्षा
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शाहजहांपुर। राजकीय फल संरक्षण केंद्र पर महात्मा गांधी खाद्य प्रसंस्करण ग्राम स्वरोजगार योजना के अंतर्गत एक माह का उद्यमिता विकास प्रशिक्षण का समापन सोमवार को प्रशिक्षुओं की लिखित परीक्षा के साथ हो गया। परीक्षा मेें उत्तीर्ण होने वाले प्रशिक्षुओं को विभिन्न लघु उद्योगों में स्वरोजगार के लिए अनुदान दिया जाएगा।
इससे पूर्व ग्रामीण क्षेत्रों में न्याय पंचायत स्तर पर आठ लघु प्रशिक्षण कार्यक्रम किए गए थे। इसमें उद्योग लगाने के इच्छुक 30 प्रशिक्षणार्थियों का चयन किया गया। बाद में इन्हें एक माह प्रशिक्षण दिलाया गया। केंद्र प्रभारी वीरेंद्र कुमार पाली ने बताया कि उत्तीर्ण प्रशिक्षणार्थियों को मिनी फ्लोर मिल, मिनी राइस मिल, ऑयल एक्सपेलर, बेकरी उद्योग, नमकीन उद्योग, दूध निर्मित पदार्थ पनीर, दही, दलिया, चिप्स, पापड़, बड़ी, अचार आदि उद्योग लगवाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि इन उद्योगों में मशीनरी एवं उपकरण के लिए विभाग द्वारा 50 प्रतिशत अनुदान (अधिकतम एक लाख रुपये) दिए जाएंगे। इस दौरान कैलाश सिंह यादव, मो. जलील अहमद, असीम कुमार आदि ने उद्योग लगाने को जरूरी प्रपत्रों का विवरण दिया। परीक्षक के रूप में राजकीय फल संरक्षण केन्द्र पीलीभीत के प्रभारी केशव सिंह मौजूद रहे।
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इससे पूर्व ग्रामीण क्षेत्रों में न्याय पंचायत स्तर पर आठ लघु प्रशिक्षण कार्यक्रम किए गए थे। इसमें उद्योग लगाने के इच्छुक 30 प्रशिक्षणार्थियों का चयन किया गया। बाद में इन्हें एक माह प्रशिक्षण दिलाया गया। केंद्र प्रभारी वीरेंद्र कुमार पाली ने बताया कि उत्तीर्ण प्रशिक्षणार्थियों को मिनी फ्लोर मिल, मिनी राइस मिल, ऑयल एक्सपेलर, बेकरी उद्योग, नमकीन उद्योग, दूध निर्मित पदार्थ पनीर, दही, दलिया, चिप्स, पापड़, बड़ी, अचार आदि उद्योग लगवाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि इन उद्योगों में मशीनरी एवं उपकरण के लिए विभाग द्वारा 50 प्रतिशत अनुदान (अधिकतम एक लाख रुपये) दिए जाएंगे। इस दौरान कैलाश सिंह यादव, मो. जलील अहमद, असीम कुमार आदि ने उद्योग लगाने को जरूरी प्रपत्रों का विवरण दिया। परीक्षक के रूप में राजकीय फल संरक्षण केन्द्र पीलीभीत के प्रभारी केशव सिंह मौजूद रहे।
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