{"_id":"5a3fe63a4f1c1bce408bf012","slug":"police-hand-in-case-of-murder-of-marajan","type":"story","status":"publish","title_hn":"मैराजन की हत्या के मामले में पुलिस के हाथ खाली","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
मैराजन की हत्या के मामले में पुलिस के हाथ खाली
अमर उजाला ब्यूरो बंडा।
Updated Sun, 24 Dec 2017 11:10 PM IST
विज्ञापन
Murder
पुलिस ने दो लोगों को उठाया, थाने में की जा रही पूछताछ, जांच में क्राइम ब्रांच भी जुटी
नगर के मोहल्ला मुरादपुर निवासी वृद्धा मैराजन की हत्या और जेवर आदि की लूट के मामले में पुलिस ने शक के आधार पर पीलीभीत के बिलसंडा कस्बे से दो लोगों को पूछताछ के लिए उठाया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।
बंडा के मोहल्ला मुरादपुर में पति शफी की मौत के बाद उनकी पत्नी मैराजन अकेली रहती थीं। उनके पांच बेटे दूसरे घरों में रहते हैं और इस वक्त गोरखपुर के ईंट भट्ठे पर काम करने के लिए गए थे। मैराजन के पास उनका 10 वर्षीय नाती पड़ोस के ही गांव कुवरपुर रत्ती निवासी कासिम रुकता था। शुक्रवार रात मेहमान बनकर पहुंचे दो लोग मैराजन के घर रुके थे। मैराजन ने उन्हें तहरी बनाकर खिलाई थी। इसके बाद मैराजन की गला दबाकर हत्या कर दी गई और जेवर आदि लूट लिए गए। कथित मेहमान घर में बाहर से ताला डालकर फरार हो गए थे।
शनिवार सुबह जानकारी होने पर पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा था और मृतका के दामाद इलियास की तहरीर पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। रविवार को पुलिस ने शक के आधार पर बीसलपुर से दो लोगों को उठाया और थाने लाकर उनसे पूछताछ की लेकिन कोई खास सफलता नहीं मिल सकी। क्राइस ब्रांच की टीम ने कासिम से भी मामले की बहन जानकारी ली। कुछ अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। एसओ राहुल सिंह ने बताया कि मामले की जल्द खुलासा कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
मृतका के बेटे पहुंचे घर, किया रंजिश से इंकार
बंडा। मैराजन की हत्या की जानकारी पाकर गोरखपुर में काम कर रहे उसके पुत्र वसीम, अतीक, वतीक, छंगे और अनीस परिवार के लोगों के साथ घर पहुंचे। मृतका के बेटों ने बताया कि उनकी और मां की किसी से भी रंजिश नहीं थी। वतीक की बीसलपुर स्थित ससुराल के लोगों के मृतका का पहले मनमुटाव था, लेकिन इस समय संबंध सामान्य थे। वतीक ने रविवार को फिर दोहराया कि उसने मेहमान आने के संबंध में मां को कोई फोन कॉल नहीं की थी।
पोस्टमार्टम के बाद मैराजन का शव शनिवार रात ही घर पहुंच गया था। रविवार को उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस दौरान लोगों की भारी भीड़ रही। मां की मौत से पुत्र वसीम, अतीक, वतीक, छंगे, अनीस और उनकेे परिवार का रो रोकर बुरा हाल
कासिम हटा सकता है हत्या के रहस्य से पर्दा
बंडा। हत्या की रात वृद्धा मैराजन के साथ मौजूद उसका नाती कासिम कुछ न कुछ छिपा रहा है। पुलिस यह मानकर चल रही है कि कासिम को घटना के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी है, लेकिन डर या अन्य कारणों से वह सही बात बताने में घबरा रहा है।
शुक्रवार को कासिम अपनी नानी मैराजन के साथ घर पर मौजूद था। कासिम के अनुसार शुक्रवार शाम मामा वतीक का फोन नानी मैराजन के पास आया था कि बीसलपुर से दो मेहमान घर आ रहे हैं। जबकि वतीक कोई फोन करने से इंकार कर रहा है। अब सवाल है कि वतीक के नाम से फोन किसने किया था? फोन किसी और ने किया था तो मैराजन ने पुत्र की आवाज क्यों नहीं पहचानी? यदि मैराजन के पास कोई फोन नहीं आया तो कासिम फोन आने की बात क्यों कह रहा है?
इसके अलावा पुलिस एक बात पर संशय में पड़ी है। पुलिस का मानना है कि मैराजन के साथ एक ही चारपाई पर सो रहे कासिम को मैराजन को चारपाई से नीचे गिराए जाने, उसकी गला दबाकर हत्या किए जाने और घटना स्थल को देखने से लग रहा है कि मैराजन ने बचाव को हाथ पांव भी चलाए तो इसकी जानकारी क्यों नहीं हो सकी? मैराजन की हत्या के समय न जागने वाला कासिम रात के तीन बजे क्यो जग गया? जागने के बाद उसने नानी का शव देखकर शोर क्यों नहीं मचाया? घर का दरवाजा बाहर से बंद होने पर कासिम ने दरवाजा खुलवाने के लिए लोगों को आवाज क्यों नहीं दी? दीवार फांदकर उसने पड़ोस के लोगों को कुछ क्यों नहीं बताया? कासिम चाहता तो पड़ोस के लोगों की मदद से परिवार को खबर कर सकता था, लेकिन वह पैदल लगभग डेढ़ किमी दूर अपने घर कुंवरपुर रत्ती क्यों गया? कासिम के अनुसार शुक्रवार शाम आने वाले मेहमान ढाठा बांधे हुए थे, लेकिन मेहमान उसकी नानी को किस संबोधन से बुला रहे थे और नानी मेहमानों को किस संबोधन से बुला रही थी, यह नहीं बता रहा है? जाहिर है कि कासिम ने नानी और मेहमानों के बीच की कुछ बातें तो जरूर सुनी होंगी, वह यह बातें क्यों नहीं बता रहा है?
क्राइम ब्रांच की टीम ने रविवार को कासिम से कई घंटे तक बहला और पुचकार कर घटना के बारे में जानकारी ली। मैराजन के पुत्रों से भी अलग अलग बैठाकर जानकारी ली गई। पुलिस मैराजन के मोबाइल की कॉल डिटेल से भी हत्या का राज खुलने की संभावना जता कर इस दिशा में भी काम कर रही है।
विज्ञापन
नगर के मोहल्ला मुरादपुर निवासी वृद्धा मैराजन की हत्या और जेवर आदि की लूट के मामले में पुलिस ने शक के आधार पर पीलीभीत के बिलसंडा कस्बे से दो लोगों को पूछताछ के लिए उठाया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।
बंडा के मोहल्ला मुरादपुर में पति शफी की मौत के बाद उनकी पत्नी मैराजन अकेली रहती थीं। उनके पांच बेटे दूसरे घरों में रहते हैं और इस वक्त गोरखपुर के ईंट भट्ठे पर काम करने के लिए गए थे। मैराजन के पास उनका 10 वर्षीय नाती पड़ोस के ही गांव कुवरपुर रत्ती निवासी कासिम रुकता था। शुक्रवार रात मेहमान बनकर पहुंचे दो लोग मैराजन के घर रुके थे। मैराजन ने उन्हें तहरी बनाकर खिलाई थी। इसके बाद मैराजन की गला दबाकर हत्या कर दी गई और जेवर आदि लूट लिए गए। कथित मेहमान घर में बाहर से ताला डालकर फरार हो गए थे।
विज्ञापन
शनिवार सुबह जानकारी होने पर पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा था और मृतका के दामाद इलियास की तहरीर पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। रविवार को पुलिस ने शक के आधार पर बीसलपुर से दो लोगों को उठाया और थाने लाकर उनसे पूछताछ की लेकिन कोई खास सफलता नहीं मिल सकी। क्राइस ब्रांच की टीम ने कासिम से भी मामले की बहन जानकारी ली। कुछ अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। एसओ राहुल सिंह ने बताया कि मामले की जल्द खुलासा कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
मृतका के बेटे पहुंचे घर, किया रंजिश से इंकार
बंडा। मैराजन की हत्या की जानकारी पाकर गोरखपुर में काम कर रहे उसके पुत्र वसीम, अतीक, वतीक, छंगे और अनीस परिवार के लोगों के साथ घर पहुंचे। मृतका के बेटों ने बताया कि उनकी और मां की किसी से भी रंजिश नहीं थी। वतीक की बीसलपुर स्थित ससुराल के लोगों के मृतका का पहले मनमुटाव था, लेकिन इस समय संबंध सामान्य थे। वतीक ने रविवार को फिर दोहराया कि उसने मेहमान आने के संबंध में मां को कोई फोन कॉल नहीं की थी।
पोस्टमार्टम के बाद मैराजन का शव शनिवार रात ही घर पहुंच गया था। रविवार को उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस दौरान लोगों की भारी भीड़ रही। मां की मौत से पुत्र वसीम, अतीक, वतीक, छंगे, अनीस और उनकेे परिवार का रो रोकर बुरा हाल
कासिम हटा सकता है हत्या के रहस्य से पर्दा
बंडा। हत्या की रात वृद्धा मैराजन के साथ मौजूद उसका नाती कासिम कुछ न कुछ छिपा रहा है। पुलिस यह मानकर चल रही है कि कासिम को घटना के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी है, लेकिन डर या अन्य कारणों से वह सही बात बताने में घबरा रहा है।
शुक्रवार को कासिम अपनी नानी मैराजन के साथ घर पर मौजूद था। कासिम के अनुसार शुक्रवार शाम मामा वतीक का फोन नानी मैराजन के पास आया था कि बीसलपुर से दो मेहमान घर आ रहे हैं। जबकि वतीक कोई फोन करने से इंकार कर रहा है। अब सवाल है कि वतीक के नाम से फोन किसने किया था? फोन किसी और ने किया था तो मैराजन ने पुत्र की आवाज क्यों नहीं पहचानी? यदि मैराजन के पास कोई फोन नहीं आया तो कासिम फोन आने की बात क्यों कह रहा है?
इसके अलावा पुलिस एक बात पर संशय में पड़ी है। पुलिस का मानना है कि मैराजन के साथ एक ही चारपाई पर सो रहे कासिम को मैराजन को चारपाई से नीचे गिराए जाने, उसकी गला दबाकर हत्या किए जाने और घटना स्थल को देखने से लग रहा है कि मैराजन ने बचाव को हाथ पांव भी चलाए तो इसकी जानकारी क्यों नहीं हो सकी? मैराजन की हत्या के समय न जागने वाला कासिम रात के तीन बजे क्यो जग गया? जागने के बाद उसने नानी का शव देखकर शोर क्यों नहीं मचाया? घर का दरवाजा बाहर से बंद होने पर कासिम ने दरवाजा खुलवाने के लिए लोगों को आवाज क्यों नहीं दी? दीवार फांदकर उसने पड़ोस के लोगों को कुछ क्यों नहीं बताया? कासिम चाहता तो पड़ोस के लोगों की मदद से परिवार को खबर कर सकता था, लेकिन वह पैदल लगभग डेढ़ किमी दूर अपने घर कुंवरपुर रत्ती क्यों गया? कासिम के अनुसार शुक्रवार शाम आने वाले मेहमान ढाठा बांधे हुए थे, लेकिन मेहमान उसकी नानी को किस संबोधन से बुला रहे थे और नानी मेहमानों को किस संबोधन से बुला रही थी, यह नहीं बता रहा है? जाहिर है कि कासिम ने नानी और मेहमानों के बीच की कुछ बातें तो जरूर सुनी होंगी, वह यह बातें क्यों नहीं बता रहा है?
क्राइम ब्रांच की टीम ने रविवार को कासिम से कई घंटे तक बहला और पुचकार कर घटना के बारे में जानकारी ली। मैराजन के पुत्रों से भी अलग अलग बैठाकर जानकारी ली गई। पुलिस मैराजन के मोबाइल की कॉल डिटेल से भी हत्या का राज खुलने की संभावना जता कर इस दिशा में भी काम कर रही है।