{"_id":"5c129e3e42c7925cd25a698d","slug":"111544724030-shahjahanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व ब्लॉक प्रमुख की गिरफ्तारी को बंथरा में दबिश","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
पूर्व ब्लॉक प्रमुख की गिरफ्तारी को बंथरा में दबिश
Updated Thu, 13 Dec 2018 11:30 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुलिस टीम पर सोमवार रात फायरिंग करके फरार हुए ददरौल के पूर्व ब्लॉक प्रमुख दिनेश पाल सिंह उर्फ मुन्ना की गिरफ्तारी को पुलिस के पसीने छूट रहे हैं। बंथरा स्थित मकान में बुधवार रात पुलिस ने एक बार फिर से दबिश दी लेकिन उसका पता नहीं चला। कांट क्षेत्र के एक गांव से भी पुलिस को खाली हाथ लौटना पड़ा है। अब पुलिस की एक टीम उसकी तलाश में हरदोई गई है।
पुलिस को मुखबिर के जरिये सूचना मिली की मुन्ना अपने घर बंथरा में मौजूद है, इस पर इंस्पेक्टर अशोक पाल सीओ मंगल सिंह रावत व पुलिस फोर्स को साथ लेकर बंथरा पहुंचे। यहां पुलिस ने उसके घर के अलावा अन्य संदिग्ध स्थानों पर छापामारी की लेकिन उसका पता नहीं चला। वहीं एक टीम ने कांट क्षेत्र मेें स्थित उसकी ससुराल में भी छापामारी की लेकिन यहां भी उसकी तलाश पूरी नहीं हो पाई। अब पुलिस की एक टीम हरदोई स्थित उसकी ननिहाल भेजी गई है। पुलिस को उम्मीद है वह ननिहाल या उसके आसपास के इलाके में हो सकता है। पुलिस की इस सख्ती के पीछे एक वजह यह है कि 70-80 मुकदमों में आरोपी होने के बाद भी बढ़े हुए हौसलों को लेकर उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो वह कभी भी और भी कोई बड़ी घटना को अंजाम दे सकता है। वैसे पुलिस उसके पीछे लगी भी इसी वजह से है कि उसने पुलिस को चुनौती देते हुए उस पर फायर कर दिए थे।
विज्ञापन
पुलिस को मुखबिर के जरिये सूचना मिली की मुन्ना अपने घर बंथरा में मौजूद है, इस पर इंस्पेक्टर अशोक पाल सीओ मंगल सिंह रावत व पुलिस फोर्स को साथ लेकर बंथरा पहुंचे। यहां पुलिस ने उसके घर के अलावा अन्य संदिग्ध स्थानों पर छापामारी की लेकिन उसका पता नहीं चला। वहीं एक टीम ने कांट क्षेत्र मेें स्थित उसकी ससुराल में भी छापामारी की लेकिन यहां भी उसकी तलाश पूरी नहीं हो पाई। अब पुलिस की एक टीम हरदोई स्थित उसकी ननिहाल भेजी गई है। पुलिस को उम्मीद है वह ननिहाल या उसके आसपास के इलाके में हो सकता है। पुलिस की इस सख्ती के पीछे एक वजह यह है कि 70-80 मुकदमों में आरोपी होने के बाद भी बढ़े हुए हौसलों को लेकर उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो वह कभी भी और भी कोई बड़ी घटना को अंजाम दे सकता है। वैसे पुलिस उसके पीछे लगी भी इसी वजह से है कि उसने पुलिस को चुनौती देते हुए उस पर फायर कर दिए थे।
विज्ञापन