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बहुजन क्रांति पार्टी का धरना, नारेबाजी
शाहजहांपुर।
Updated Tue, 17 Mar 2015 07:45 PM IST
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फर्रुखाबाद जिले के बौद्ध तीर्थ स्थल संकिसा में ढाई हजार साल पुराने बौद्ध स्तूप पर कब्जा के विरोध मेें बहुजन क्रांति पार्टी केकार्यकर्ताओं ने पार्टी केप्रांतीय आह्वान पर मंगलवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर धरना दिया। पार्टी के शिष्टमंडल ने सिटी मजिस्ट्रेट को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन देकर बौद्ध तीर्थ स्थल पर कब्जों से संबंधित मुकदमों का निस्तारण जल्द कराने केलिए विशेष न्यायालय गठित करने की मांग की।
कार्यकर्ताओं की नारेबाजी के बीच धरना स्थल पर सभा को संबोधित करते हुए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रंजीत सिंह ने कहा कि एक राजनीतिक दल के लोगों ने बौद्ध स्तूप पर खंडित मूर्तियां रखकर उस पर कब्जा कर लिया। उन्होंने इस हरकत को दलितों-पिछड़ों की धार्मिक भावनाओं पर कुठाराघात बताते हुए कहा कि इस प्रकरण में न्यायालयों में कई मुकदमे वर्ष 1994 से विचाराधीन हैं, लेकिन उनका निस्तारण नहीं होने से कब्जा करने वालों के हौसले बुलंद हैं।
ज्ञापन में बौद्ध स्तूप और उससे जुड़ी अन्य संपत्तियों को सुरक्षित रखने के लिए सभी मुकदमों का निस्तारण जल्दी कराने के लिए विशेष न्यायालय गठित करने की मांग की गई है। शिष्टमंडल का नेतृत्व करते हुए पार्टी की जिले मेें कमान संभाले आशाराम ने मांग को बल देने के लिए कार्यकर्ताओं से पदयात्रा की तैयारी में जुटने का आग्रह किया। धरना-प्रदर्शन में गिरजाशंकर, अंजू देवी, राजपाल, मधुरेश, अजय पाल, राम विलास, अजय वर्मा, कमलेश कुमार, रेनू देवी, रेशमा देवी, ओमप्रकाश, अनूप कुमार आदि शामिल रहे।
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कार्यकर्ताओं की नारेबाजी के बीच धरना स्थल पर सभा को संबोधित करते हुए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रंजीत सिंह ने कहा कि एक राजनीतिक दल के लोगों ने बौद्ध स्तूप पर खंडित मूर्तियां रखकर उस पर कब्जा कर लिया। उन्होंने इस हरकत को दलितों-पिछड़ों की धार्मिक भावनाओं पर कुठाराघात बताते हुए कहा कि इस प्रकरण में न्यायालयों में कई मुकदमे वर्ष 1994 से विचाराधीन हैं, लेकिन उनका निस्तारण नहीं होने से कब्जा करने वालों के हौसले बुलंद हैं।
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ज्ञापन में बौद्ध स्तूप और उससे जुड़ी अन्य संपत्तियों को सुरक्षित रखने के लिए सभी मुकदमों का निस्तारण जल्दी कराने के लिए विशेष न्यायालय गठित करने की मांग की गई है। शिष्टमंडल का नेतृत्व करते हुए पार्टी की जिले मेें कमान संभाले आशाराम ने मांग को बल देने के लिए कार्यकर्ताओं से पदयात्रा की तैयारी में जुटने का आग्रह किया। धरना-प्रदर्शन में गिरजाशंकर, अंजू देवी, राजपाल, मधुरेश, अजय पाल, राम विलास, अजय वर्मा, कमलेश कुमार, रेनू देवी, रेशमा देवी, ओमप्रकाश, अनूप कुमार आदि शामिल रहे।
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