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जंगल किनारे खेत में बाघ के पगचिह्न मिले, दहशत
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बंडा (शाहजहांपुर)। खुटार रेंज के बंडा थाना क्षेत्र में जंगल के किनारे खेतों में बाघ के पग चिह्न देखे जाने से आसपास के गांव के लोगों में दहशत है। सूचना देने के बाद भी मौके पर वनकर्मी नहीं पहुंचे।
गांव गहलुइया निवासी महेंद्र सिंह, सुरमुख सिंह, गुरप्रीत सिंह, रूढ़ सिंह आदि ने बताया कि गांव के सुरेंद्र सिंह और बरियाम सिंह के खेत जंगल के किनारे हैं। बृहस्पतिवार को गांव के लोग उधर से निकले तो उन्हें बाघ के पगचिह्न दिखाई दिए। सूचना पर लोग मौके पर एकत्र हो गए और शोर शराब किया। मामले की सूचना वनकर्मियों को भी दी गई, लेकिन वनकर्मियों ने मौके पर जाने की जरूरत नहीं समझी।
गांव के लोगों का कहना है कि बाघ तीन माह में दो लोगों को अपना शिकार बना चुका है। भले ही दोनों घटनाएं जंगल के अंदर हुई हों, लेकिन घटनास्थल जंगल के किनारे से ज्यादा दूर नहीं है। बाघ गांवों तक भी आ सकता है। लोगों ने मांग की है कि बाघ को जंगल में अंदर खदेड़ा जाना चाहिए। फॉरेस्टर सत्यपाल सिंह ने बताया बाघ के पग चिह्न मिलने के बारे मेें उसे कोई सूचना नहीं दी गई है। जंगल के मुख्य मार्गों पर टाइगर रिजर्व के बोर्ड लगवाए जा रहे हैं। शनिवार को मामले की जानकारी ली जाएगी।
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गांव गहलुइया निवासी महेंद्र सिंह, सुरमुख सिंह, गुरप्रीत सिंह, रूढ़ सिंह आदि ने बताया कि गांव के सुरेंद्र सिंह और बरियाम सिंह के खेत जंगल के किनारे हैं। बृहस्पतिवार को गांव के लोग उधर से निकले तो उन्हें बाघ के पगचिह्न दिखाई दिए। सूचना पर लोग मौके पर एकत्र हो गए और शोर शराब किया। मामले की सूचना वनकर्मियों को भी दी गई, लेकिन वनकर्मियों ने मौके पर जाने की जरूरत नहीं समझी।
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गांव के लोगों का कहना है कि बाघ तीन माह में दो लोगों को अपना शिकार बना चुका है। भले ही दोनों घटनाएं जंगल के अंदर हुई हों, लेकिन घटनास्थल जंगल के किनारे से ज्यादा दूर नहीं है। बाघ गांवों तक भी आ सकता है। लोगों ने मांग की है कि बाघ को जंगल में अंदर खदेड़ा जाना चाहिए। फॉरेस्टर सत्यपाल सिंह ने बताया बाघ के पग चिह्न मिलने के बारे मेें उसे कोई सूचना नहीं दी गई है। जंगल के मुख्य मार्गों पर टाइगर रिजर्व के बोर्ड लगवाए जा रहे हैं। शनिवार को मामले की जानकारी ली जाएगी।
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