सांसदों के निलंबन का विरोध: PM का पुतला जलाने को लेकर पुलिस से नोकझोंक, सपा-AAP कार्यकर्ता ने निकाला जुलूस
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समाजवादी पार्टी और आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को सांसदों के निलंबन के विरोध में जुलूस निकाला। इस दौरान कलक्ट्रेट पर पहुंच कर प्रदर्शन किया और धरने पर बैठ गए। इसी बीच पीएम का पुतला जलाने को लेकर पुलिस से झड़प हुई। पुलिस ने पूतला जलाने नहीं दिया और छीन लिया। इसके बाद कार्यकर्ता राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन अपर एसडीएम को सौंपे।
पूर्व विधायक दिग्विजय नारायण उर्फ जय चौबे ने कहा कि भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में पहली बार संसद से 142 सांसदों का निलंबन किया गया। यह सरकार तानाशाही रवैया अपना रही है। सांसदों को अपनी बात कहने नहीं दिया जा रहा है।
जिलाध्यक्ष अब्दुल कलाम ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की वर्तमान सरकार अहंकार के आकंठ में डूब चुकी है जो संविधान को बदलना चाहती है। लोकतांत्रितक मर्यादाओं और परंपराओं को छिन्न-भिन्न करने का प्रयास कर रही है, जो सही नहीं है। ऐसी सरकार को सत्ता में बने रहने का हक नहीं है।
पूर्व विधान सभा प्रत्याशी जयराम पांडेय ने कहा कि यह सरकार किसान विरोधी के साथ जनता की भी विरोधी है। जनता की समस्याओं को उठाने वालों को ससंद से निलंबित कर दिया जा रहा है। लोकतंत्र की हत्या की जा रही है। ऐसी तानाशाह सरकार आज के इतिहास में नहीं आई है।
सपा के आंदोलन को लेकर चप्पे पर तैनात रही पुलिस
सपा कार्यकर्ताओ के आंदोलन करे लेकर पुलिस मेंहदावल बाईपास से लगायत कलक्ट्रेट तक तैनात रही है। इस दौरान पुतला जलाने को लेकर पुलिस और सपा कार्यकर्ताओं की झड़प भी हुई। पुलिस ने पुतला छीन लिया और जलाने नहीं दिया। करीब 20 मिनट तक पुलिस और सपा कार्यकर्ताओं में नोकझोंक हुई।