फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   MP says one rupees coin problem to finance minister

एक रुपये के छोटे सिक्के का मामला

Wed, 17 Jul 2019 09:21 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Wed, 17 Jul 2019 09:21 PM IST
विज्ञापन
MP says one rupees coin problem to finance minister
सिक्के पर परिचर्चा एक सांसद प्रवीण निषाद। - फोटो : KHALILABAD
एक का छोटा सिक्का : वित्त मंत्री को मामले की जानकारी देंगे सांसद
विज्ञापन

- भाजपा जिलाध्यक्ष भी संगठन के माध्यम से सरकार को देंगे जानकारी
- लीड बैंक मैनेजर बोले- सभी सिक्के मान्य, नहीं है कोई दिक्कत
- डीएम ने दिए सख्त निर्देश, मनमानी की तो भेजेंगे जेल
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। एक रुपये के छोटे सिक्के को लेने से मना करने का मामला गरमा रहा है। इस मामले को लेकर सत्ताधारी दल ने सरकार का ध्यान आकृष्ट कराने एवं दिशा निर्देश जारी कराने की बात कही है। वहीं सांसद ने भी इस मामले में वित्त मंत्री से मिलकर कार्रवाई की बात कही है। डीएम ने भी सभी बैंक प्रबंधकों को इस मामले में त्वरित कार्रवाई के लिए कहा है।
पिछले कई महीनों से सिक्के को लेकर बाजार में तरह-तरह के अफवाह फैलाए जा रहे हैं। कभी पांच रुपये के सिक्के को नकली बताया गया तो कभी एक रुपये के सिक्के को चलन से बाहर बताकर उसे लेने से मना किया गया। अमर उजाला ने आम लोगों की इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया तो सिक्का लेने से मना कर रहे बैंक प्रबंधन बहानेबाजी पर उतर आए। मामला वित्त मंत्रालय तक पहुंचा तो पता लगा कि हर बैंक में प्रतिदिनि एक हजार रुपये तक के सिक्के को बदलने की सुविधा भी मौजूद है। जिसे बैंक प्रबंधन आम आदमी को नहीं बता रहा था। अब बैंकों के पास इस प्रकरण में बहाना बनाने के लिए कुछ नहीं बचा है। वहीं बैंकों की आड़ लेकर जो व्यापारी सिक्का लेने से मना कर रहे थे, उनके भी बोल बदल गए हैं। अब सभी लोग एक रुपये के छोटे सिक्कों को भी चलन में होना बताने लगे हैं। लीड बैंक मैनेजर गीरिश चंद्रा का कहना है कि कोई भी बैंक सिक्का लेने से मना नहीं कर सकता। हो सकता है कि कहीं कर्मचारियों की कमी या अधिक मात्रा में सिक्का आने पर कोई कर्मचारी बहानेबाजी कर रहा हो। परंतु सिक्का लेने से मना करना अपराध है। अगर किसी व्यक्ति को सिक्का बदलने में दिक्कत आ रही है तो अपने बैंक के शाखा प्रबंधक को लिखित आवेदन दे। उस पर जांच कराकर कार्रवाई होगी।
विज्ञापन

अफवाह के चलते बड़ी हुई समस्या
सांसद प्रवीण निषाद ने कहा कि एक रुपये के छोटे सिक्कों के समस्या के समाधान के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। वैसे यह समस्या अफवाह के चलते ही बड़ी हुई है। इसलिए इस पर सरकार तथा आरबीआई की तरफ से दिशा निर्देश जारी कराया जाएगा। वित्त मंत्री से मिलकर गोरखपुर-बस्ती मंडल की इस समस्या से अवगत कराने के साथ ही कार्रवाई की मांग होगी। सरकार की छवि बिगाड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

-------
बैकों की मनमानी के चलते दिक्कत
भाजपा जिलाध्यक्ष सेतवान राय ने कहा कि बैंकों की मनमानी के चलते ही तमाम दिक्कतें आ रही हैं। इस पर नियंत्रण जरूरी है। सिक्कों की समस्या भी बैंक प्रबंधन की देन है। एक रुपये का सिक्का नहीं लेने से सबसे अधिक गरीब लोग प्रभावित हैं। इससे सरकार की छवि खराब हो रही है। संगठन के माध्यम से इस मुद्दे को वित्त मंत्री तक पहुंचाकर इसका समाधान कराया जाएगा।
------
बैंक सिक्का लेने से मना नहीं कर सकता
भारतीय स्टेट बैंक की शाखा अगया के शाखा प्रबंधक शक्तिरंजन का कहना है कि बैंक सिक्का लेने से मना नहीं करता है। परंतु नियम यह है कि खातेदार अपने खाते में एक दिन में अधिकतम एक हजार रुपये तक जमा करा सकता है। इस तरह से सिक्का जमा करने में कोई दिक्कत नहीं है। एक रुपये का छोटा सिक्का भी चलन में है और उसे जमा किया जाता है।

------
सिक्का नहीं लेने पर सजा का प्रावधान
डीएम रवीश गुप्त ने कहा कि केंद्र सरकार व आरबीआई की तरफ से मान्य किसी भी मुद्रा का अपमान करना गंभीर अपराध है। ऐसा करने वालों के लिए सजा का प्रावधान है। अगर कोई बैंक या दुकानदार एक रुपये के छोटे सिक्कों को इसलिए लेने से मना करता है कि वह चलन में नहीं है तो ऐसे प्रकरण में दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। इस मामले में बैंक प्रबंधकों से वार्ता कर स्थिति की जानकारी ली जाएगी और जरूरी दिशा निर्देश भी जारी किए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed