{"_id":"62a22cbc4732ec4f3d3c6116","slug":"meeting-3-khalilabad-news-gkp439788984","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईजीआरएस में लापरवाही हुई तो मिलेगी प्रतिकूल प्रविष्टि : डीएम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईजीआरएस में लापरवाही हुई तो मिलेगी प्रतिकूल प्रविष्टि : डीएम
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आईजीआरएस में लापरवाही हुई तो मिलेगी प्रतिकूल प्रविष्टि : डीएम
- कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम ने विकास कार्यों की समीक्षा की
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। कलेक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को डीएम की अध्यक्षता में जिले में हो रहे 50 लाख से अधिक के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक हुई। इसके साथ ही आईजीआरएस पर लंबित मामलों को तत्काल निस्तारित न करने पर अधिकारियों को प्रतिकूल प्रविष्टि के साथ ही वेतन रोकने की चेतावनी दी गई।
डीएम दिव्या मित्तल ने आईजीआरएस पोर्टल पर मुख्यमंत्री संदर्भ, डीएम संदर्भ एवं अन्य संदर्भों के सापेक्ष विभिन्न स्तरों पर लंबित संदर्भों के निस्तारण की समीक्षा में लापरवाही मिलने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि आईजीआरएस पर शिकायतें मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं में शामिल है। अधिकारी पोर्टल पर आई शिकायतों को समय सीमा के अंदर निस्तारित करें। इसके बाद भी लापरवाही मिलेगी तो संबंधित अधिकारी का वेतन रोकने के साथ ही प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाएगी। डीएम ने विभागवार समीक्षा बैठक में कहा कि अधिकारी अपने विभाग से संबंधित विकास कार्यों, योजनाओं आदि में गुणवत्ता एवं प्रगति की समीक्षा अपने अधीनस्थ कर्मचारियों के साथ स्वयं के स्तर पर भी एक निश्चित समय के अंतराल में करते रहें। जिससे किसी भी प्रकार की त्रुटि का समय से निस्तारण सुनिश्चित हो सके। डीएम ने वन विभाग के जरिए जिले में कराए जाने वाले पौध रोपण के तहत लक्ष्य के सापेक्ष विभिन्न विभागों जिन्होंने अभी तक कार्य योजना प्रस्तुत नही किया है, उन्हें तत्काल दो दिन के अंदर अपनी कार्य योजना उपलब्ध कराते हुए उनको प्राप्त लक्ष्य के हिसाब से पौधरोपण हेतु गड्ढा खुदवाने एवं पौधो की मांग करने के लिए निर्देशित किया। गोवंश संरक्षण एवं भरण पोषण के लिए अधिकारियों के जरिए भूसा खरीदने के लिए पैसा दान करने की स्वेच्छा जताने पर एडीएम और सीवीओ का संयुक्त बैंक खाता खुलवाने का निर्देश दिया। ग्राम पंचायतों से विद्युत बिल बकाया वसूली के निर्देश दिए। बैठक में एडीएम मनोज कुमार सिंह, सीडीओ एसएन श्रीवास्तव, सीएमओ डॉ आईबी विश्वकर्मा, प्रभागीय वनाधिकारी टी रंगाराजू, सीएमएस डॉ ओपी चतुर्वेदी, एसडीएम नवीन श्रीवास्तव, डीडीओ सुदामा प्रसाद, डीएसटीओ एनके सिंह, डीआईओएस गिरीश कुमार सिंह, बीएसए दिनेश कुमार समेत अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।
डीएम ने इन विभागों की समीक्षा की
संतकबीरनगर। जिला पोषण समिति एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से चलाए जा रहे संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत स्वास्थ्य, पंचायतीराज, नगर पालिका, जल निगम, विद्युत, मनरेगा, अनाज वितरण, प्रधानमंत्री आवास योजना/मुख्यमंत्री आवास योजना, उद्योग विभाग, एक जनपद एक उत्पाद, आजीविका मिशन, दुग्ध उत्पादन, मत्स्य पालन, सिंचाई, प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना, फसल बीमा योजना, विभिन्न पेंशन योजना, छात्रवृत्ति वितरण, कन्या सुमंगला योजना, कौशल विकास, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना आदि की बिंदुवार समीक्षा की।
विज्ञापन
विज्ञापन
- कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम ने विकास कार्यों की समीक्षा की
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। कलेक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को डीएम की अध्यक्षता में जिले में हो रहे 50 लाख से अधिक के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक हुई। इसके साथ ही आईजीआरएस पर लंबित मामलों को तत्काल निस्तारित न करने पर अधिकारियों को प्रतिकूल प्रविष्टि के साथ ही वेतन रोकने की चेतावनी दी गई।
डीएम दिव्या मित्तल ने आईजीआरएस पोर्टल पर मुख्यमंत्री संदर्भ, डीएम संदर्भ एवं अन्य संदर्भों के सापेक्ष विभिन्न स्तरों पर लंबित संदर्भों के निस्तारण की समीक्षा में लापरवाही मिलने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि आईजीआरएस पर शिकायतें मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं में शामिल है। अधिकारी पोर्टल पर आई शिकायतों को समय सीमा के अंदर निस्तारित करें। इसके बाद भी लापरवाही मिलेगी तो संबंधित अधिकारी का वेतन रोकने के साथ ही प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाएगी। डीएम ने विभागवार समीक्षा बैठक में कहा कि अधिकारी अपने विभाग से संबंधित विकास कार्यों, योजनाओं आदि में गुणवत्ता एवं प्रगति की समीक्षा अपने अधीनस्थ कर्मचारियों के साथ स्वयं के स्तर पर भी एक निश्चित समय के अंतराल में करते रहें। जिससे किसी भी प्रकार की त्रुटि का समय से निस्तारण सुनिश्चित हो सके। डीएम ने वन विभाग के जरिए जिले में कराए जाने वाले पौध रोपण के तहत लक्ष्य के सापेक्ष विभिन्न विभागों जिन्होंने अभी तक कार्य योजना प्रस्तुत नही किया है, उन्हें तत्काल दो दिन के अंदर अपनी कार्य योजना उपलब्ध कराते हुए उनको प्राप्त लक्ष्य के हिसाब से पौधरोपण हेतु गड्ढा खुदवाने एवं पौधो की मांग करने के लिए निर्देशित किया। गोवंश संरक्षण एवं भरण पोषण के लिए अधिकारियों के जरिए भूसा खरीदने के लिए पैसा दान करने की स्वेच्छा जताने पर एडीएम और सीवीओ का संयुक्त बैंक खाता खुलवाने का निर्देश दिया। ग्राम पंचायतों से विद्युत बिल बकाया वसूली के निर्देश दिए। बैठक में एडीएम मनोज कुमार सिंह, सीडीओ एसएन श्रीवास्तव, सीएमओ डॉ आईबी विश्वकर्मा, प्रभागीय वनाधिकारी टी रंगाराजू, सीएमएस डॉ ओपी चतुर्वेदी, एसडीएम नवीन श्रीवास्तव, डीडीओ सुदामा प्रसाद, डीएसटीओ एनके सिंह, डीआईओएस गिरीश कुमार सिंह, बीएसए दिनेश कुमार समेत अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।
विज्ञापन
डीएम ने इन विभागों की समीक्षा की
संतकबीरनगर। जिला पोषण समिति एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से चलाए जा रहे संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत स्वास्थ्य, पंचायतीराज, नगर पालिका, जल निगम, विद्युत, मनरेगा, अनाज वितरण, प्रधानमंत्री आवास योजना/मुख्यमंत्री आवास योजना, उद्योग विभाग, एक जनपद एक उत्पाद, आजीविका मिशन, दुग्ध उत्पादन, मत्स्य पालन, सिंचाई, प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना, फसल बीमा योजना, विभिन्न पेंशन योजना, छात्रवृत्ति वितरण, कन्या सुमंगला योजना, कौशल विकास, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना आदि की बिंदुवार समीक्षा की।
विज्ञापन