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Sant Kabir Nagar News: मैडम...प्लीज मत जाइए ,आप रुक जाइए
Sun, 13 Aug 2023 12:06 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Sun, 13 Aug 2023 12:06 AM IST
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कंपोजिट विद्यालय कटार सोयम में स्थानांतरण के बाद विदा होती हुई शिक्षकाओ को रोते हुए बच्चों ने द
- कंपोजिट विद्यालय कटार सोयम की दो शिक्षिकाओं का गैर जनपद स्थानांतरण
संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। क्षेत्र के कंपोजिट विद्यालय कटार सोयम में कार्यरत शिक्षिका प्रियंका सिंह और दरख्शा अन्जुम का स्थानांतरण गैर जनपद हो गया है। शनिवार को उन्हें कार्यमुक्त कर दिया गया है। विद्यालय में इनके लिए विदाई समारोह आयोजित किया गया। विदाई समारोह के समय अनेक छात्र और छात्राएं रोने लगे तो किसी ने शिक्षिकाओं का रास्ता रोक लिया। छात्राएं रो-रोकर बोलती रहीं कि ''मैडम...प्लीज मत जाइए ,आप रुक जाइए''। हमें आपका पढ़ाना बहुत अच्छा लगता है। छात्राओं को रोता देख अध्यापिकाएं भी अपने आंसू नहीं रोक पाईं। वहीं इस गमगीन माहौल में विद्यालय के अन्य अध्यापकों के भी आंखों में भी आंसू आ गए।
क्षेत्र के संदीप, मालती, देशदीपक आदि का कहना था कि छात्र और शिक्षक के संबंध बड़े मधुर थे। शिक्षिकाएं नित्य प्रतिदिन बच्चों को शिक्षा देकर उनका मार्गदर्शन करती थीं। साथ ही इस विद्यालय पर शिक्षिकाएं नियमित आती थी और बच्चों को अपने घर की तरह रखती थी।
विद्यालय के शिक्षक राधेश्याम, रामअवध, रुचि पांडेय, रामतीरथ, प्रदीप यादव आदि ने शिक्षिकाओं के उज्जवल भविष्य की कामना की।
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संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। क्षेत्र के कंपोजिट विद्यालय कटार सोयम में कार्यरत शिक्षिका प्रियंका सिंह और दरख्शा अन्जुम का स्थानांतरण गैर जनपद हो गया है। शनिवार को उन्हें कार्यमुक्त कर दिया गया है। विद्यालय में इनके लिए विदाई समारोह आयोजित किया गया। विदाई समारोह के समय अनेक छात्र और छात्राएं रोने लगे तो किसी ने शिक्षिकाओं का रास्ता रोक लिया। छात्राएं रो-रोकर बोलती रहीं कि ''मैडम...प्लीज मत जाइए ,आप रुक जाइए''। हमें आपका पढ़ाना बहुत अच्छा लगता है। छात्राओं को रोता देख अध्यापिकाएं भी अपने आंसू नहीं रोक पाईं। वहीं इस गमगीन माहौल में विद्यालय के अन्य अध्यापकों के भी आंखों में भी आंसू आ गए।
क्षेत्र के संदीप, मालती, देशदीपक आदि का कहना था कि छात्र और शिक्षक के संबंध बड़े मधुर थे। शिक्षिकाएं नित्य प्रतिदिन बच्चों को शिक्षा देकर उनका मार्गदर्शन करती थीं। साथ ही इस विद्यालय पर शिक्षिकाएं नियमित आती थी और बच्चों को अपने घर की तरह रखती थी।
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विद्यालय के शिक्षक राधेश्याम, रामअवध, रुचि पांडेय, रामतीरथ, प्रदीप यादव आदि ने शिक्षिकाओं के उज्जवल भविष्य की कामना की।