फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   health problem

Sant Kabir Nagar News: पीलिया के इलाज में न बरतें लापरवाही, खतरे में होगी जान

Thu, 06 Jul 2023 11:16 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर Updated Thu, 06 Jul 2023 11:16 PM IST
विज्ञापन
health problem
जिलाअस्पताल के ओपीडी में बैठे मरीज।संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन




संतकबीरनगर। पीलिया के इलाज में लापरवाही न बरतें, वरना सांसत बढ़ जाएगी। ऐसी सलाह जिला अस्पताल पहुंचने वाले पीलिया के मरीजों को डॉक्टर दे रहे हैं। वे बारिश के दिनों में मौसम का लुत्फ उठाने के साथ-साथ गंदे पानी से भी बचाव करने की बात बता रहे हैं।

डॉक्टरों के पास रोजाना 15-20 मरीज पहुंच रहे हैं। इनमें बच्चे भी शामिल हैं। डॉक्टरों का कहना है कि बुखार चढ़े, उल्टी हो, भूख न लगे, त्वचा का रंग और आंखें पीली दिखें तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं। पीलिया झड़वाने में समय बर्बाद न करें, समय से इलाज न होने पर पीलिया गंभीर हो सकता है। बारिश में तला-भुना और चटपटा खाने का मन करता है। इसके बाद प्यास भी खूब लगती है तो लोग ठेलों और रेस्टोरेंटों में मनमर्जी खाने के बाद यहां-वहां रखा पानी भी पीते हैं। ऐसे में इस मौसम में बीमारी का खतरा बढ़ जाता है।
विज्ञापन




डॉक्टर अमित सिंह बताते हैं कि हर रोज छह से सात बच्चों के केस आ रहे हैं। बच्चों को बुखार, पेट दर्द और उल्टी की समस्या हो रही है। आमतौर पर बच्चों की स्किन देखकर पीलिया का पता लगाना भी मुश्किल होता है। दूसरी ओर ओपीडी में बड़ों में भी इस समय पीलिया के कई केस आ रहे हैं। सबसे ज्यादा दिक्कत दूषित पानी पीने और लिवर में दिक्कत होने से हो रही है, लेकिन लोग सीधे डॉक्टर से इलाज कराने की बजाय पीलिया झड़वाने में विश्वास कर रहे हैं, ऐसे में कई मरीजों की हालत गंभीर हो जाती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिला अस्पताल के वरिष्ठ डॉ. कुमार सिद्धार्थ का कहना है कि पीलिया के हर रोज सात-आठ मरीज आ रहे हैं। बारिश के समय बासी भोजन, शराब का सेवन, बाहर का खाना, जंक फूड आदि से काफी नुकसान होता है। समय पर सही इलाज न होने से पीलिया और इसकी वजह से होने वाली समस्याएं गंभीर हो सकती हैं, लेकिन, अक्सर कई मरीज पीलिया झड़वाने के बाद इलाज कराने आते हैं, ऐसे में कुछ दिनों में ठीक होने वाला मर्ज बढ़ जाता है। इससे मरीज को भी नुकसान होता है। अक्सर लोग गले में जड़ी की माला पहनकर आते हैं। उन्हें बताया जाता है कि बीमारी इलाज से ठीक होती है।



---------

पीलिया से लिवर हो रहा खराब



पीलिया की वजह से मरीज में कमजोरी आने लगती है। शरीर में कई तरह के बदलाव दिखने लगते हैं। पीलिया होने पर लिवर में प्रभाव पड़ता है। अगर लिवर कमजोर है तो पीलिया होने की आशंका और बढ़ जाती है। पीलिया की बीमारी खून में बिलीरुबिन का स्तर बढ़ने की वजह से होती है। यह लाल रक्त कोशिकाओं के टूटने से बनता है। सही समय पर इसका पता न चलने से गंभीर दिक्कत हो सकती है।

--------



डायरिया के रोज आ रहे 25 -30 मरीज

जिला अस्पताल की ओपीडी में इन दिनों डायरिया के काफी मरीज पहुंच रहे हैं। डॉक्टर बता रहे हैं कि रोजाना 25-30 मरीजों का इलाज हो रहा है। कई मरीजों को भर्ती भी करना पड़ता है।



डॉ. कुमार सिद्धार्थ और डॉक्टर डीपी सिंह ने बताया कि मरीजों में सभी उम्र के लोग हैं। डायरिया होने पर खानपान और पानी का विशेष ध्यान रखें। शरीर में पानी की कमी बिल्कुल न होने दें। ओआरएस या नमक चीनी का घोल लें। जिन घरों में फिल्टर नहीं है, वह लोग पानी उबालकर ठंडा कर लें, फिर इसे छानकर पिएं। दिक्कत ज्यादा होने का इंतजार न करें, तुरंत डॉक्टर को दिखाएं। झोलाछाप के चक्कर में न पड़ें।


--------



पीलिया होने पर डेयरी उत्पादों से परहेज करें

दूध, पनीर, मक्खन, दही आदि डेयरी उत्पादों से परहेज करें। अंडा, मीट, चिकन और चिकनाई वाला खाना बिल्कुल न खाएं। जिन चीजों में प्रोटीन की मात्रा अधिक हो, उनसे दूरी बनाए रखें। खुले में रखी चीजें, बासी भोजन और कटे-फटे फल बिल्कुल न खाएं।



------

पीलिया के लक्षण



-त्वचा का रंग पीला दिखना।

-ठंड लगना, बुखार, त्वचा में खुजली, पेशाब का रंग गहरा पीला होना।



-भूख न लगना, उल्टी या जी मिचलाना।

-सिरदर्द, या सिर के दाहिने भाग में दर्द रहना।



-अचानक वजन कम होना या लगातार वजन में कमी महसूस होना।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed