फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   cultural activity organized

प्रत्येक व्यक्ति के रक्त में संस्कृत विराजमान : डॉ. विजय कृष्ण

Thu, 08 Jun 2023 11:38 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर Updated Thu, 08 Jun 2023 11:38 PM IST
विज्ञापन
cultural activity organized
हीरालाल रामनिवास स्नातकोत्तर महाविद्यालय खलीलाबाद में संस्कृत भारती शिविर में प्रशिक्षण देती वक
संतकबीरनगर। एआरपीजी कॉलेज खलीलाबाद में संस्कृत भारती गोरक्ष प्रांत की तरफ से चल रहे संस्कृत संभाषण प्रशिक्षण शिविर में बृहस्पतिवार को संस्कृत भारती के विविध आयामों का परिचय कराया गया। इसमें संभाषण शिविर, बाल संस्कार केंद्र, गीता पारायण केंद्र, पत्राचार योजना के जरिये संस्कृत शिक्षण, सांध्य शिक्षण केंद्र संचालित किया गया।
विज्ञापन

संस्कृत भारती के बस्ती विभाग संयोजक डॉ. विजय कृष्ण ओझा ने कहा कि भारत भूमि में जिसका जन्म हुआ है और भारतीय संस्कृति तथा सनातन परंपरा में पलने वाले प्रत्येक व्यक्ति के रक्त में संस्कृत विराजमान है। इस संस्कृत संभाषण शिविर के माध्यम से संस्कृत को वाणी के जरिये बाहर निकालने का कार्य किया जा रहा है।
विज्ञापन

संभाषण के माध्यम से प्रत्येक व्यक्ति अपनी भावना को अभिव्यक्त करता है। भारत की वास्तविक पहचान संस्कृत के जरिये ही संभव है, क्योंकि जो संस्कार युक्त है वही संस्कृत है। उन्होंने कहा कि ज्ञान, विज्ञान, योग, ज्योतिष, कर्मकांड, आयुर्वेद, शिल्प वेद, यज्ञ, भूगर्भ विज्ञान, अर्थशास्त्र योग आदि सभी विधाएं संस्कृत में ही प्राप्त होती है। संस्कृत भाषा का साहित्य अनेक अमूल्य रत्नों का सागर है, इतना समृद्ध साहित्य किसी भी अन्य भाषा का नहीं है और न ही किसी अन्य भाषा की परंपरा अविच्छिन्न प्रवाह के रूप में इतने दीर्घकाल तक रहने पाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

भारतीय संस्कृति का रहस्य इसी भाषा में निहित है। इस भाषा में वर्णित विज्ञान, ज्योतिष, आयुर्वेद, राष्ट्र गौरव इत्यादि ज्ञान-विज्ञान की अतिशय समृद्धता और विपुल साहित्य से पाश्चात्य विद्वान भी चकित होते रहे हैं। संस्कृत भारती गोरक्ष प्रांत विद्वत परिषद प्रकल्प के संयोजक डॉ. अभिषेक पांडेय ने संस्कृत भाषण कौशल के साथ-साथ संस्कृत शास्त्रों में निहित ज्ञान विज्ञान के संरक्षण हेतु प्रांतीय स्तर पर कार्यशाला की रूपरेखा प्रस्तुत की।
इस अवसर पर संस्कृत भारती गोरक्ष प्रांत के संगठन मंत्री डॉ. श्रीप्रकाश झा, विनोद त्रिपाठी समेत अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed