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किराना व्यवसायी के घर डाका
Sant Kabir Nagar
Updated Wed, 16 Nov 2016 11:35 PM IST
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वारदात की सूचना पर पहुंचे पुलिस अफसर।
- फोटो : अमर उजाला
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हाइवे स्थित केनौना कुर्थिया में बुधवार की शाम करीब 7.30 बजे एक किराना व्यवसायी के परिसर में बदमाशों ने धावा बोलकर लोगों को बंधकर डकैती की घटना को अंजाम दिया। व्यापारी के मुताबिक डकैत 25 हजार नकदी, मोबाइल फोन और 80 हजार रुपये कीमत के जेवर ले गए। फरार होते समय डकैत सभी को शटर खींचकर भीतर बंद कर गए। उधर, बस्ती कलवारी मार्ग पर कुसौरा के पास बदमाशाें ने कार सवार दंपति को रोककर उनसे गहने भी लूट लिए।
वारदात खम्हरिया गांव निवासी बीरबल चौधरी के बेटे रामनयन का केनौना कुर्थिया स्थित परिसर में हुई। दो मंजिल के इस भवन में किराने की दुकान के साथ उनके परिवार की रिहायश भी है। रामनयन के मुताबिक बुधवार रात दुकान के बाहर रुकी गाड़ी से उतरकर छह लोग भीतर दाखिल हुए। उस वक्त कुर्थिया गांव निवासी हरिकेश दूबे और सुरेंद्र शुक्ला खरीदार के तौर पर भीतर मौजूद थे और बाहर उनकी बाइक खड़ी थी। एकाएक एक शख्स ने सुरेंद्र की बाइक को धक्का देकर गिरा दिया और उनका फोन छीन लिया। विरोध पर सब मिलकर पीटने लगे। इसी बीच कुछ ने भीतर घुसकर रामनयन और उनके पिता बीरबल की भी पिटाई की और ज्यादातर लोगों के हाथ-पैर बांधकर ऊपर की मंजिल पर पहुंच गए । वहां पत्नी शशिकला, 18 वर्षीय बेटे मोनू और 14 वर्षीय आलोक को भी बांधकर पीटा और जेवर, नकदी, फोन लूट ले गए। जाते समय शटर खींचकर सभी को भीतर बंद कर गए।
बिजली संकट से कहीं और फोन चार्ज कराके लौटे बीरबल के दूसरे बेटे राजू ने शटर उठाकर सबको बंधन मुक्त किया और पुलिस को सूचना दी। बदमाशों की गाड़ी के ऊपर वीआईपी बत्ती लगी होने और कवर ढके होने से रंग पता न चलने की जानकारी भी पुलिस को दी गई है। मौके पर पहुंचे दरोगा रामभवन यादव, प्रदीप सिंह, स्वाट टीम प्रभारी संतोष तिवारी ने बताया कि हाइवे पर चारों ओर चेकिंग कराई जा रही है। एसपी विक्रमादित्य सचान ने बताया कि बदमाशों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।
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संदिग्ध कार बरामद : लुटेरों की तलाश में देर रात तक बस्ती में भी हाईवे पर चेकिंग शुरू कर दी गई। एसपी बस्ती शैलेष पांडेय ने बताया कि रात करीब दस बजे छावनी और स्वाट टीम हाइवे पर वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी बीच छावनी क्षेत्र में हाइवे पर चेकिंग स्थल से कुछ दूर आकर एक कार रुकी और इसमें से उतरकर कुछ लोग भागे। पुलिस टीम ने पीछा किया लेकिन अंधेरे का लाभ उठाते हुए वे भाग निकले। इस संदिग्ध कार को कब्जे में ले लिया गया।
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वारदात खम्हरिया गांव निवासी बीरबल चौधरी के बेटे रामनयन का केनौना कुर्थिया स्थित परिसर में हुई। दो मंजिल के इस भवन में किराने की दुकान के साथ उनके परिवार की रिहायश भी है। रामनयन के मुताबिक बुधवार रात दुकान के बाहर रुकी गाड़ी से उतरकर छह लोग भीतर दाखिल हुए। उस वक्त कुर्थिया गांव निवासी हरिकेश दूबे और सुरेंद्र शुक्ला खरीदार के तौर पर भीतर मौजूद थे और बाहर उनकी बाइक खड़ी थी। एकाएक एक शख्स ने सुरेंद्र की बाइक को धक्का देकर गिरा दिया और उनका फोन छीन लिया। विरोध पर सब मिलकर पीटने लगे। इसी बीच कुछ ने भीतर घुसकर रामनयन और उनके पिता बीरबल की भी पिटाई की और ज्यादातर लोगों के हाथ-पैर बांधकर ऊपर की मंजिल पर पहुंच गए । वहां पत्नी शशिकला, 18 वर्षीय बेटे मोनू और 14 वर्षीय आलोक को भी बांधकर पीटा और जेवर, नकदी, फोन लूट ले गए। जाते समय शटर खींचकर सभी को भीतर बंद कर गए।
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बिजली संकट से कहीं और फोन चार्ज कराके लौटे बीरबल के दूसरे बेटे राजू ने शटर उठाकर सबको बंधन मुक्त किया और पुलिस को सूचना दी। बदमाशों की गाड़ी के ऊपर वीआईपी बत्ती लगी होने और कवर ढके होने से रंग पता न चलने की जानकारी भी पुलिस को दी गई है। मौके पर पहुंचे दरोगा रामभवन यादव, प्रदीप सिंह, स्वाट टीम प्रभारी संतोष तिवारी ने बताया कि हाइवे पर चारों ओर चेकिंग कराई जा रही है। एसपी विक्रमादित्य सचान ने बताया कि बदमाशों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।
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संदिग्ध कार बरामद : लुटेरों की तलाश में देर रात तक बस्ती में भी हाईवे पर चेकिंग शुरू कर दी गई। एसपी बस्ती शैलेष पांडेय ने बताया कि रात करीब दस बजे छावनी और स्वाट टीम हाइवे पर वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी बीच छावनी क्षेत्र में हाइवे पर चेकिंग स्थल से कुछ दूर आकर एक कार रुकी और इसमें से उतरकर कुछ लोग भागे। पुलिस टीम ने पीछा किया लेकिन अंधेरे का लाभ उठाते हुए वे भाग निकले। इस संदिग्ध कार को कब्जे में ले लिया गया।