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जर्मनी से आए थे सैलानी
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जर्मनी के पर्यटक ने कबीरचौरा पर टेका मत्था
अमर उजाला ब्यूरो
मगहर। सद्गुरु कबीर की निर्वाण स्थली मगहर कबीरचौरा परिसर में शनिवार को रूकहोल्स (जर्मनी) से आए सैलानी हेपरज लीप ने दर्शन कर मत्था टेका और आशीर्वाद लिया। संत अरविंद दास शास्त्री ने उन्हें कबीर के बारे में जानकारी दी।
इस दौरान हेपरज लीप ने बताया कि वे दिव्यांग बच्चों के पुनर्वास के लिए एक कार्यक्रम का संचालन करते हैं। पिछले चार महीने में सात देशों का भ्रमण कर चुके हैं। वे नेपाल भ्रमण के बाद भारत पहुंचे हैं। यहां से वे बुधवार को ऑस्ट्रेलिया जाएंगे। महान सूफी संत कबीर के बारे में पढ़ने के बाद आज यहां आकर उनके विषय में और अधिक जानने का अवसर प्राप्त हुआ। संत अरविंद दास शास्त्री ने बताया कि संत कबीर साहब के विचारों से जर्मनी में भी बहुत से लोग प्रभावित हैं। इस दौरान कल्पनाथ दास, रामसरन दास, पुजारी शांति दास, विनोद दास, रामसरन दास आदि मौजूद रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
मगहर। सद्गुरु कबीर की निर्वाण स्थली मगहर कबीरचौरा परिसर में शनिवार को रूकहोल्स (जर्मनी) से आए सैलानी हेपरज लीप ने दर्शन कर मत्था टेका और आशीर्वाद लिया। संत अरविंद दास शास्त्री ने उन्हें कबीर के बारे में जानकारी दी।
इस दौरान हेपरज लीप ने बताया कि वे दिव्यांग बच्चों के पुनर्वास के लिए एक कार्यक्रम का संचालन करते हैं। पिछले चार महीने में सात देशों का भ्रमण कर चुके हैं। वे नेपाल भ्रमण के बाद भारत पहुंचे हैं। यहां से वे बुधवार को ऑस्ट्रेलिया जाएंगे। महान सूफी संत कबीर के बारे में पढ़ने के बाद आज यहां आकर उनके विषय में और अधिक जानने का अवसर प्राप्त हुआ। संत अरविंद दास शास्त्री ने बताया कि संत कबीर साहब के विचारों से जर्मनी में भी बहुत से लोग प्रभावित हैं। इस दौरान कल्पनाथ दास, रामसरन दास, पुजारी शांति दास, विनोद दास, रामसरन दास आदि मौजूद रहे।
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