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24 घंटे में तीन गुना बढ़ा जलस्तर
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पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बारिश से गंगा का जलस्तर तेजी के साथ बढ़ा है। नरौरा बैराज से डिस्चार्ज होने वाला पानी 24 घंटे में 37441 क्यूसेक से बढ़कर 102623 क्यूसेक हो गया है। नरौरा बैराज पर गंगा अभी खतरे के निशान से 94.5 सेंटीमीटर नीचे बह रही है। आगामी 24 घंटे में और भी पानी बढ़ने की आशंका है। जुनावई क्षेत्र के खादर क्षेत्र के जंगल में बाढ़ का पानी पहुंचने की आशंका है। इसको लेकर प्रशासन पूरी तरह से तैयार है।
रविवार को गंगा के पानी में तेजी के साथ वृद्धि हुई। रविवार शाम को नरौरा बैराज से 102623 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया गया है। खतरे का निशान 178.765 मीटर पर है और वर्तमान में गंगा 177.82 मीटर पर गंगा बह रही है। बाढ़ खंड से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक रविवार को बहुत ही तेजी के साथ पानी के स्तर में वृद्धि हुई है। अगर इसी तरह से जलस्तर बढ़ने का सिलसिला जारी रहा, 24 घंटे में जुनावई क्षेत्र के खादर क्षेत्र के जंगल में बाढ़ का पानी पहुंचने की आशंका है। जुनावई क्षेत्र में बनी बाढ़ चौकियों के स्टाफ को अलर्ट कर दिया गया है।
गंगा का जलस्तर तेजी के साथ बढ़ रहा है लेकिन खतरे की कोई बात नहीं है। प्रत्येक स्थिति से निपटने के इंतजाम किए गए हैं। जलस्तर पर निगाह रखी जा रही है।
रामकेश धामा, एसडीएम, गुन्नौर
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रविवार को गंगा के पानी में तेजी के साथ वृद्धि हुई। रविवार शाम को नरौरा बैराज से 102623 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया गया है। खतरे का निशान 178.765 मीटर पर है और वर्तमान में गंगा 177.82 मीटर पर गंगा बह रही है। बाढ़ खंड से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक रविवार को बहुत ही तेजी के साथ पानी के स्तर में वृद्धि हुई है। अगर इसी तरह से जलस्तर बढ़ने का सिलसिला जारी रहा, 24 घंटे में जुनावई क्षेत्र के खादर क्षेत्र के जंगल में बाढ़ का पानी पहुंचने की आशंका है। जुनावई क्षेत्र में बनी बाढ़ चौकियों के स्टाफ को अलर्ट कर दिया गया है।
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गंगा का जलस्तर तेजी के साथ बढ़ रहा है लेकिन खतरे की कोई बात नहीं है। प्रत्येक स्थिति से निपटने के इंतजाम किए गए हैं। जलस्तर पर निगाह रखी जा रही है।
रामकेश धामा, एसडीएम, गुन्नौर