फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sambhal News ›   three woman drowi in ganga river in sambhal

स्नान कर रहे पतियों को डूबने से बचाने के लिए उतरीं तीन पत्नियां गंगा की लहरों में बहीं

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 30 Jun 2020 12:36 AM IST
विज्ञापन
three woman drowi in ganga river in sambhal
सिसौना डांडा गंगा घाट पर तीन महिलाओं के बहने के बाद मौके पर स्थानीय गोताखोर तलाश करते हुए। - फोटो : SAMBHAL
संभल। सगे भाई की शादी की अगली सुबह मढ़े की रस्म पर गंगा स्नान को गईं दो सगी बहनें और उनकी एक ननद गंगा में उस समय बह गईं जब यह तीनों अपने पतियों को डूबने से बचाने के लिए गंगा में उतरीं। तीनों के पति तो बच गए पर वे तीनों महिलाएं गंगा की लहरों में दूर तक बह गईं और कई घंटे बाद भी नहीं मिलीं। उन्हें तलाशने के लिए गोताखोर और पीएसी की मोटरबोट देर शाम तक गंगा में लगी रही। यह घटना संभल जिले के रजपुरा थाना क्षेत्र के सिसौना डांडा स्थित गंगा घाट पर हुई।
विज्ञापन

रजपुरा थाना क्षेत्र स्थित डुप्टाकला गांव निवासी खेमचंद्र के बेटे चमन की रविवार को शादी हुई। बरात देर रात लौटी थी और सोमवार की सुबह मढ़े की रस्म पर गंगा स्नान के लिए लोगों का मन बना तो परिवार के कुछ सदस्य और रिश्तेदार तैयार हो गए। बच्चों को लेकर ट्रैक्टर ट्राली पर बैठे और सिसौना डांडा स्थित गंगा घाट पर पहुंच गए। सिसौना डांडा में दोपहर करीब 1.00 बजे कामिनी (22) पत्नी दिनेश निवासी गवां, सुनीता (30) पत्नी बंटी निवासी आदमपुर अमरोहा, मीनाक्षी (28) पत्नी रामबहादुर नरौली गंगा नदी की तेज लहरों में उस वक्त बह गईं जब उनके पति गंगा स्नान कर रहे थे।
विज्ञापन

कामिनी का पति दिनेश नहाते-नहाते गहरे पानी की ओर चला गया। उसके डूबने का खतरा देखा तो सुनीता का पति बंटी ने उसका हाथ पकड़ा और बचाने लगा। मीनाक्षी के पति रामबहादुर ने बंटी को पकड़ा। तीनों एक दूसरे को बचाने लगे। तभी गंगा स्नान कर घाट की ओर जा रही इन तीनों की पत्नियों की नजर उनकी ओर पड़ी। रामबहादुर ने बताया कि मीनाक्षी ने उसका हाथ पकड़ा पर उसके बाद गंगा लहरों में कौन कहां गया हमें नहीं पता।
विज्ञापन
विज्ञापन

कुछ देर गोते लगाने के बाद हम तो बाहर आ गए पर हमें बचाने उतरीं महिलाएं बाहर नहीं आ सकीं। घटना के वक्त घाट पर बैठे रामबहादुर के रिश्तेदार जयवीर ने बताया कि पतियों के सामने कुछ ही पलों में तीनों पत्नियों को गंगा की लहरें उन्हें दूर तक बहा ले गईं।

उसने शोर मचाया तो आसपास के लोग आए लेकिन कोई तैराक नहीं था। न ही घाट पर कोई गोताखोर था। इसके बाद पुलिस को खबर दी गई। रजपुरा की पुलिस आई। पीएसी की बाढ़ नियंत्रण टोली को खबर दी गई। पीएसी के जवान मोटरबोट लेकर पहुंचे। पीएसी के जवान और स्थानीय गोताखोर तीनों को तलाश रहे लेकिन उनका पता नहीं चल पाया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed