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बुलडोजर का इस्तेमाल इंसाफ के लिए नहीं, एक खास वर्ग को डराने व कुचलने की साजिश : बर्क

Thu, 26 Jun 2025 01:02 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल Updated Thu, 26 Jun 2025 01:02 AM IST
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The use of bulldozer is not for justice, but a conspiracy to scare and crush a particular class: Burke
संभल। मैं पहले से कहता आया हूं कि बुलडोजर का इस्तेमाल इंसाफ के लिए नहीं, एक खास वर्ग को डराने और कुचलने की साजिश के लिए किया जाता है। यह सिलसिला अब मुसलमानों की मस्जिदों, दुकानों और घरों तक पहुंच चुका है। ये बयान सांसद जियाउर्ररहमान बर्क ने चंदौसी के लक्ष्मणगंज में पालिका की भूमि पर अवैध रूप से बनी मस्जिद को लेकर जारी किया है।
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सांसद ने मीडिया को बताया कि यह घटना मेरी लोकसभा के चंदौसी क्षेत्र की है, जहां रजा-ए-मुस्तफा मस्जिद को प्रशासन ने अवैध निर्माण बताकर ध्वस्त करा दिया, जबकि देश में हजारों नहीं, लाखों धार्मिक स्थल ऐसे होंगे जो बिना नक्शे के बने हैं या नगर पालिका या ग्राम पंचायत की जमीन पर बने हैं। क्या पुलिस प्रशासन में इतनी हिम्मत है कि सबको हटवा सके। कहा कि एक तरफ संरक्षण दिया जाता है और दूसरी तरफ मस्जिदों को तुड़वा दिया जाता है।
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मैं तो कहना चाहता हूं कि मस्जिद के साथ-साथ किसी भी समाज के धार्मिक स्थल को सियासत में डालकर नहीं तोड़ना चाहिए। बुलडोजर की यह सियासत संविधान और न्यायपालिका दोनों का अपमान है। अगर इसी तरह अफसरशाही और सरकारें खुद ही जज बनकर फैसले सुनाएंगी तो फिर अदालतों की क्या जरूरत रह जाएगी। यह सिर्फ एक मस्जिद नहीं गिरी बल्कि यह हमारे हूकुक, हमारी आस्था और हमारे संविधान की आत्मा पर चोट है। लोकतंत्र और इंसाफ की हिफाजत के लिए, हम इस अन्याय के खिलाफ आवाज उठाते रहेंगे।
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