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Sambhal News: बारिश से तापमान में आई गिरावट, उमस ने किया बेहाल
Sat, 22 Jun 2024 04:43 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
Updated Sat, 22 Jun 2024 04:43 AM IST
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संभल। ग्रामीण इलाकों में शुक्रवार की दोपहर हुई बारिश के बाद तापमान में गिरावट आने से गर्मी से काफी हद तक राहत दिलाई। वहीं बारिश के बाद उमस ने लोगों को बेहाल कर दिया। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस रहा। दो दिन पहले तापमान 44 डिग्री सेल्सियस था। दो दिन में नौ डिग्री सेल्सियस तापमान गिरने के बाद भी उमस के चलते लोग पसीने से तरबतर नजर आए।
जून माह में भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों से जनजीवन प्रभावित रहा। बीते सप्ताह अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 32 डिग्री डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। शुक्रवार को भी सुबह से तेज धूप और गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया। 12 बजे अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। दोपहर बाद अचानक एक बार फिर मौसम ने करवट बदली और बहजोई, सौंधन और जिले के अन्य ग्रामीण इलाके में रिमझिम बारिश भी हुई तो लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। बारिश के बाद तापमान में नौ डिग्री सेल्सियस गिरावट आने से भीषण गर्मी से मिली। लेकिन बारिश बंद होने के बाद उमस ने लोगों को परेशान कर दिया। लोग उमस से बचाव के उपाय करते नजर आए।
जिला अस्पताल में रोजाना पहुंच रहे 20 बच्चे डायरिया पीड़ित
संभल। तापमान में गिरावट आने से राहत मिली है लेकिन लगातार हुई भीषण गर्मी ने सेहत को बीमार कर दिया है। इसका असर सबसे ज्यादा बच्चों पर पड़ा है। जिला अस्पताल के बाल रोग चिकित्सक डॉ. रामलाल यादव ने बताया कि हर दिन 20 या उससे ज्यादा बच्चे डायरिया से पीड़ित पहुंच रहे हैं। इन बीमार बच्चों में जिनकी हालत ज्यादा खराब होती है उन्हें भर्ती किया जा रहा है। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. अनूप अग्रवाल ने बताया कि ओपीडी 700 मरीजों की हुई है। इसमें 100 मरीज ऐसे आए हैं जो गर्मी से बीमार हुए हैं। पेट की समस्या हो गई है। गर्मी में खानपान में लापरवाही ने बीमार किया है। ऐसे मरीजों को संतुलित खानपान की सलाह दी गई है।
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यह रहा है इस सप्ताह में तापमान में उतार-चढ़ाव
तिथि अधिकतम तापमान न्यूनतम तापमान
15 जून 45 31
16 जून 45 31
17 जून 46 32
18 जून 45 32
19 जून 44 31
20 जून 36 29
21 जून 35 29
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गर्मी में इसका करें सेवन-
जिला अस्पताल के वरिष्ठ जनरल फिजिशियन डॉ. चमन प्रकाश ने बताया कि सत्तू का घोल, दूध-चावल की ठंडी खीर, छाछ, लस्सी, आम पन्ना, नारियल पानी, नींबू पानी, ककड़ी, तरबूज, मौसमी फलों का रस का सेवन करें। भोजन के लिए लौकी, परवल, बथुआ, छिलका सहित आलू, करेला, कच्चा केला, चौलाई, मूंग और मसूर की दाल खाएं।
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गर्मी में इसका न करें सेवन-
जिला अस्पताल के वरिष्ठ जनरल फिजिशियन डॉ. चमन प्रकाश ने बताया कि गर्मी के मौसम में तीखा, खट्टा, तेज मिर्च-मसाले, तली भूनी चीज, नमकीन और बासी खाद्य पदार्थों का सेवन नहीं करना चाहिए। इसके अलावा अंडा, मांस, मछली, उड़द की दाल, चने की दाल, अरहर की दाल, कैला, बैंगन, शहद, सिरका, खटाई, शराब आदि का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए।
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मौसम में दो दिन से बदलाव हुआ है। इससे काफी हद तक लोगों को राहत मिली है लेकिन खानपान में अभी भ सावधानी बरतने की जरूरत है। बारिश के दौरान भी ज्यादा बीमार होने का खतरा रहता है। इसलिए एहतियात बरतनी चाहिए। जिससे बीमार होने से बचा जा सके।
डॉ. अनूप अग्रवाल, सीएमएस, जिला अस्पताल, संभल।
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जून माह में भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों से जनजीवन प्रभावित रहा। बीते सप्ताह अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 32 डिग्री डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। शुक्रवार को भी सुबह से तेज धूप और गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया। 12 बजे अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। दोपहर बाद अचानक एक बार फिर मौसम ने करवट बदली और बहजोई, सौंधन और जिले के अन्य ग्रामीण इलाके में रिमझिम बारिश भी हुई तो लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। बारिश के बाद तापमान में नौ डिग्री सेल्सियस गिरावट आने से भीषण गर्मी से मिली। लेकिन बारिश बंद होने के बाद उमस ने लोगों को परेशान कर दिया। लोग उमस से बचाव के उपाय करते नजर आए।
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जिला अस्पताल में रोजाना पहुंच रहे 20 बच्चे डायरिया पीड़ित
संभल। तापमान में गिरावट आने से राहत मिली है लेकिन लगातार हुई भीषण गर्मी ने सेहत को बीमार कर दिया है। इसका असर सबसे ज्यादा बच्चों पर पड़ा है। जिला अस्पताल के बाल रोग चिकित्सक डॉ. रामलाल यादव ने बताया कि हर दिन 20 या उससे ज्यादा बच्चे डायरिया से पीड़ित पहुंच रहे हैं। इन बीमार बच्चों में जिनकी हालत ज्यादा खराब होती है उन्हें भर्ती किया जा रहा है। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. अनूप अग्रवाल ने बताया कि ओपीडी 700 मरीजों की हुई है। इसमें 100 मरीज ऐसे आए हैं जो गर्मी से बीमार हुए हैं। पेट की समस्या हो गई है। गर्मी में खानपान में लापरवाही ने बीमार किया है। ऐसे मरीजों को संतुलित खानपान की सलाह दी गई है।
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यह रहा है इस सप्ताह में तापमान में उतार-चढ़ाव
तिथि अधिकतम तापमान न्यूनतम तापमान
15 जून 45 31
16 जून 45 31
17 जून 46 32
18 जून 45 32
19 जून 44 31
20 जून 36 29
21 जून 35 29
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गर्मी में इसका करें सेवन-
जिला अस्पताल के वरिष्ठ जनरल फिजिशियन डॉ. चमन प्रकाश ने बताया कि सत्तू का घोल, दूध-चावल की ठंडी खीर, छाछ, लस्सी, आम पन्ना, नारियल पानी, नींबू पानी, ककड़ी, तरबूज, मौसमी फलों का रस का सेवन करें। भोजन के लिए लौकी, परवल, बथुआ, छिलका सहित आलू, करेला, कच्चा केला, चौलाई, मूंग और मसूर की दाल खाएं।
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गर्मी में इसका न करें सेवन-
जिला अस्पताल के वरिष्ठ जनरल फिजिशियन डॉ. चमन प्रकाश ने बताया कि गर्मी के मौसम में तीखा, खट्टा, तेज मिर्च-मसाले, तली भूनी चीज, नमकीन और बासी खाद्य पदार्थों का सेवन नहीं करना चाहिए। इसके अलावा अंडा, मांस, मछली, उड़द की दाल, चने की दाल, अरहर की दाल, कैला, बैंगन, शहद, सिरका, खटाई, शराब आदि का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए।
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मौसम में दो दिन से बदलाव हुआ है। इससे काफी हद तक लोगों को राहत मिली है लेकिन खानपान में अभी भ सावधानी बरतने की जरूरत है। बारिश के दौरान भी ज्यादा बीमार होने का खतरा रहता है। इसलिए एहतियात बरतनी चाहिए। जिससे बीमार होने से बचा जा सके।
डॉ. अनूप अग्रवाल, सीएमएस, जिला अस्पताल, संभल।