Sambhal: सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क के बिजली मीटर की जांच शुरू, गड़बड़ी में लग चुका है करोड़ों का जुर्माना
संभल में सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क और पूर्व सांसद शफीकुर्रहमान बर्क के बिजली मीटरों की गड़बड़ी के आरोपों की जांच विद्युत परीक्षणशाला में शुरू हो गई। जांच के लिए 17 दिसंबर को मीटर सील किए गए थे, जिसकी प्रक्रिया 25 दिसंबर को प्रारंभ हुई।
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संभल से सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क और पूर्व सांसद डॉ. शफीकुर्रहमान बर्क के घर लगे बिजली मीटरों की जांच प्रक्रिया बृहस्पतिवार को विद्युत परीक्षण शाला में शुरू हो गई। बिजली विभाग की ओर से दोनों के नाम नोटिस जारी किया गया था।
17 दिसंबर को दोनों सांसदों के घर लगे दो-दो किलोवाट क्षमता के बिजली मीटरों को सील कर दिया गया था। इन मीटरों को गड़बड़ी के आरोपों के चलते परीक्षण के लिए विद्युत परीक्षणशाला भेजा गया।
एक्सईएन सुप्रीत सिंह ने सांसद और पूर्व सांसद को क्रमशः 19 और 23 दिसंबर को जांच के लिए पहले दो नोटिस भेजे। अंतिम नोटिस में 25 दिसंबर की तिथि निर्धारित की गई, जिसके बाद जांच प्रक्रिया प्रारंभ हुई।
जांच के दौरान सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क की ओर से उनके प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सांसद और पूर्व सांसद पर पुराने मीटरों में गड़बड़ी के आरोप हैं। जांच का उद्देश्य इन आरोपों की सत्यता की पुष्टि करना और किसी भी अनियमितता को उजागर करना है।
बिजली चोरी में 1.91 करोड़ का जुर्माना
सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क के घर में बिजली चोरी पकड़े जाने पर बिजली विभाग ने 1.91 करोड़ का जुर्माना लगाया है। विभाग ने सांसद को नोटिस जारी किया है। अधीक्षण अभियंता विनोद कुमार गुप्ता ने बताया कि जुर्माना तय कर दिया है। साथ ही नोटिस देकर जवाब मांगा गया है।
उन्होंने बताया कि सांसद और पूर्व सांसद डॉ. शफीकुर्रहमान बर्क के नाम से दो मीटर लगे हैं। दोनों की क्षमता चार किलोवाट है। दोनों ही मीटर से छेड़खानी कर बिजली चोरी की गई। इसी क्रम में जुर्माना बनाया गया है।
अधीक्षण अभियंता ने बताया कि बिजली के पुराने मीटर बदल दिए गए हैं। उन मीटर की एमआरआई कराने पर गड़बड़ी पकड़ी गई थी। जितना भार था उससे कहीं ज्यादा कम यूनिट मीटर में मिले। स्मार्ट मीटर लगाने के बाद इस्तेमाल किए जाने वाले भार की जानकारी हुई थी।