{"_id":"6140f3268ebc3ec7722ae655","slug":"paddy-will-be-procured-from-e-posh-machine-preparations-started-in-the-district-sambhal-news-mbd4026886100","type":"story","status":"publish","title_hn":"ई-पॉश मशीन से होगी धान की खरीद, जिले में शुरू हुईं तैयारियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ई-पॉश मशीन से होगी धान की खरीद, जिले में शुरू हुईं तैयारियां
विज्ञापन
संभल। जनपद में धान खरीद की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस समय धान क्रय केंद्रों का निर्धारण किया जा रहा है। सितंबर माह के अंत तक सभी क्रय केंद्रों पर बारदाना सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध करा दी जाएंगी। खास बात यह है कि इस बार पूरी धान खरीद ई-पॉश मशीन के माध्यम से होगी। बिचौलियों की भूमिका को खत्म करने के लिए शासन ने खरीद की व्यवस्था में यह बदलाव किया है।
दरअसल, किसानों की धान और गेहूं की फसल खरीद के लिए शासन की ओर से क्रय केंद्र स्थापित किए जाते हैं, जहां पर किसानों की फसलों की खरीद होती है। हालांकि शासन पहले ही धान व गेहूं बेचने के लिए किसान का पंजीकरण जरूरी कर चुका है। ताकि किसान ही क्रय केंद्रों पर अपनी फसल बेच सकें। लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं हो पाता और बिचौलिए कम रेट में फसल खरीदकर क्रय केंद्रों पर अधिक दाम में बेच देते हैं। इस तरह के मामले समय-समय पर उजागर भी होते रहते हैं।
गेहूं की खरीद के दौरान संभल जिले में अपर जिलाधिकारी केके अवस्थी ने ऐसे तीन क्रय केंद्र पकड़े थे। इनके खिलाफ एफआईआर कराई गई। लेकिन इस बार शासन ने क्रय केंद्र पर बेची जाने वाली फसल को बेचने के दौरान समर्थन मूल्य देने और बिचौलियों से निजात दिलाने के लिए नई व्यवस्था शुरू की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
दरअसल, किसानों की धान और गेहूं की फसल खरीद के लिए शासन की ओर से क्रय केंद्र स्थापित किए जाते हैं, जहां पर किसानों की फसलों की खरीद होती है। हालांकि शासन पहले ही धान व गेहूं बेचने के लिए किसान का पंजीकरण जरूरी कर चुका है। ताकि किसान ही क्रय केंद्रों पर अपनी फसल बेच सकें। लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं हो पाता और बिचौलिए कम रेट में फसल खरीदकर क्रय केंद्रों पर अधिक दाम में बेच देते हैं। इस तरह के मामले समय-समय पर उजागर भी होते रहते हैं।
विज्ञापन
गेहूं की खरीद के दौरान संभल जिले में अपर जिलाधिकारी केके अवस्थी ने ऐसे तीन क्रय केंद्र पकड़े थे। इनके खिलाफ एफआईआर कराई गई। लेकिन इस बार शासन ने क्रय केंद्र पर बेची जाने वाली फसल को बेचने के दौरान समर्थन मूल्य देने और बिचौलियों से निजात दिलाने के लिए नई व्यवस्था शुरू की है।
विज्ञापन