{"_id":"579bb2334f1c1b002a21e4b9","slug":"mining-in-gunoor","type":"story","status":"publish","title_hn":"निशान बता रहे यहां होता है खनन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निशान बता रहे यहां होता है खनन
अमर उजाला/ ब्यूरोसंभल
Updated Sat, 30 Jul 2016 01:14 AM IST
विज्ञापन
रुकनाबाद गांव में खनन देखने पहुंचे उपजिलाधिकारी। अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
गुन्नौर क्षेत्र के रुकनाबाद समेत कई इलाकों में चोरी-छिपे बालू का अवैध खनन किए जाने की शिकायतें जारी हैं। अतीत में अवैध खनन की एक वीडियो वायरल हुई थी। लेकिन, तब यह कहा गया था कि वीडियो कब की है और कहां की है यह बात साफ नहीं हो सकी है। अब हाईकोर्ट की सख्ती के बाद एक बार फिर अवैध खनन का मुद्दा गर्माया हुआ है। जिला प्रशासन के अधिकारी चेते हैं।
गुन्नौर क्षेत्र के रुकनाबाद में रात आठ बजे से सुबह चार बजे के बीच पोकलेन मशीनों से खनन किया जाता है। खनन के गड्ढों को इन्हीं मशीनों से पाट दिया जाता है ताकि चेकिंग में मामला न पकड़ा जाए। खनन करने वालों का नेटवर्क इतना तेज है कि चेकिंग से पहले ही उन्हें भनक लग जाती है। तभी तो चेकिंग के दौरान खनन कारोबारी हाथ नहीं आते।
जिलाधिकारी एनकेएस चौहान के निर्देश पर शुक्रवार की दोपहर गुन्नौर के एसडीएम कृपाशंकर यादव और जिले के खनन अधिकारी को गुन्नौर क्षेत्र में भेजा। मौके पर खनन होता हुआ नहीं मिला लेकिन खनन के निशान मिले हैं। डीएम ने अब अब रात में चेकिंग कराने की बात कही है। उन्होंने बताया कि खनन रोकने के लिए लगातार जुर्माने किए जाते रहे हैं। खनन के लिए किसी को कोई परमिट जारी नहीं हैं। जिस इलाके में खनन किए जाने की शिकायतें आ रही हैं, वहां पर एक व्यक्ति के नाम बालू के भंडारण का परमिट है। उसकी शर्तों का प्रशासन पालन कराएगा। खनन किसी भी स्थिति में नहीं होने दिए जाएगा।
गुन्नौर क्षेत्र के रुकनाबाद में रात आठ बजे से सुबह चार बजे के बीच पोकलेन मशीनों से खनन किया जाता है। खनन के गड्ढों को इन्हीं मशीनों से पाट दिया जाता है ताकि चेकिंग में मामला न पकड़ा जाए। खनन करने वालों का नेटवर्क इतना तेज है कि चेकिंग से पहले ही उन्हें भनक लग जाती है। तभी तो चेकिंग के दौरान खनन कारोबारी हाथ नहीं आते।
विज्ञापन
जिलाधिकारी एनकेएस चौहान के निर्देश पर शुक्रवार की दोपहर गुन्नौर के एसडीएम कृपाशंकर यादव और जिले के खनन अधिकारी को गुन्नौर क्षेत्र में भेजा। मौके पर खनन होता हुआ नहीं मिला लेकिन खनन के निशान मिले हैं। डीएम ने अब अब रात में चेकिंग कराने की बात कही है। उन्होंने बताया कि खनन रोकने के लिए लगातार जुर्माने किए जाते रहे हैं। खनन के लिए किसी को कोई परमिट जारी नहीं हैं। जिस इलाके में खनन किए जाने की शिकायतें आ रही हैं, वहां पर एक व्यक्ति के नाम बालू के भंडारण का परमिट है। उसकी शर्तों का प्रशासन पालन कराएगा। खनन किसी भी स्थिति में नहीं होने दिए जाएगा।
विज्ञापन