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Sambhal News: एक सप्ताह में रम्पुरा में बुखार से चार, नंदपुर में एक व्यक्ति की जान गई

Sun, 17 Sep 2023 01:46 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल Updated Sun, 17 Sep 2023 01:46 AM IST
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Four people died due to fever in Rampura and one in Nandpur in a week.
जुनावई। क्षेत्र के गांव रम्पुरा राम रायपुर में एक सप्ताह में बुखार से चार लोगों की मौत हो गई। गांव में 500 से अधिक लोग बुखार की चपेट में हैं। शनिवार को गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम गई और 205 लोगों को उपचारित किया। जांच के बाद इनमें दो मलेरिया रोगी भी मिले हैं। हैरानी की बात यह है कि इसके बावजूद सीएचसी खाली है और गांव में झोलाछाप का बोलबाला है। घर में व क्लीनिक पर ही दीवार व रस्सी में लटकाकर िड्रप लगाई जा रही हैं। इसके अलावा गांव नंदपुर में भी एक व्यक्ति की मौत हुई है।
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जुनावई सीएचसी क्षेत्र के गांव रम्पुरा रामरायपुर में रास्ते व नालियां कीचड़ से अटी पड़ी हैं। गंदा पानी भरा हुआ है। गांव में बुखार, मलेरिया, टायफाइड फैल रहा है। गांव की आबादी 4000 है और इनमें से करीब 500 लोग बुखार की चपेट में है। गांव में आठ दिन में बुखार से चार मौत हो चुकी है। दस सितंबर को हरदयाल की बेटी अनीता 12 वर्ष को बुखार आने पर अलीगढ़ उपचार के लिए ले जाया जा रहा था। रास्ते में नरौरा जाते समय उसकी मौत हो गई। गांव पूर्व राशन डीलर रामनाथ सिंह 55 वर्ष को बुखार आने पर उपचार के लिए बदायूं से चंदौसी ले जाया जा रहा था। उनकी 11 सितंबर को मौत हो गई थी। वही बुखार के चलते शुक्रवार गांव निवासी भूप सिंह 55 की उपचार की उपचार के लिए गुन्नौर ले जाते मौत हो गई।
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इसके अलावा शुक्रवार को ही गांव निवासी मनीष की पांच वर्षीय बेटी दीक्षा को बुखार आने पर उपचार के लिए संभल अस्पताल से दिल्ली ले जाया जा रहा था। वही पड़ोसी गांव नंदपुर ग्राम प्रधान धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि गांव में मलेरिया एवं टाइफाइड बीमारी के चलते पूरन सिंह की 11 वर्षीय बेटी वीर वाला को उपचार को ले जाते समय 12 सितंबर को मौत हो गई थी।
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जुनावई सीएचसी पर 30 बेड की व्यवस्था है। पर वहां मात्र पांच मरीज ही भर्ती हैं। अन्य बेड खाली है। वही गांव में झोलाछाप का बोल बाला है। मरीजों के घर ही दीवार पर लटकाकर ग्लूकोज की बोतल लगाई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग का इस ओर ध्यान नहीं है। मरीज भी परेशान हैं। मरीज झोलाछाप के चक्कर से नहीं छूट पा रहे हैं।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से शनिवार को गांव में स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में डॉ. चंद्रकेश ने 205 मरीजों का उपचार किया गया। जिसमें उन्होंने बताया कि सबसे अधिक मरीज बुखार से रोगी मिले हैं। जांच के बाद गांव निवासी सतीश की 18 वर्षीय पुत्री खुशबू, सोहन पाल की पत्नी फूला देवी 55 वर्ष मलेरिया पीड़ित मिले हैं। उन्हें सीएचसी में भर्ती रेफर कर दिया गया है।
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