यूपी: कोरोना वायरस के मेंथॉल उत्पादों का निर्यात प्रभावित
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कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए मेंथा के कारोबार पर असर आने का अंदेशा है। फिलहाल चीन के एक बायर ने अपने आर्डर की आपूर्ति रोकने के आदेश भारतीय निर्यातक को दिया है। अगर चीन के दूसरे आयातक भी ऐसा करते हैं तो भारतीय मेंथॉल प्रोडक्ट के निर्यात पर असर आएगा।
भारत से पूरे संसार में मेंथा आयल, मेंथॉल और मेंथॉल से बने उत्पादों का करीब 3000 करोड़ रुपये का निर्यात एक वर्ष में होता है। इसमें चीन की आधी हिस्सेदारी है। 1500 करोड़ रुपये का निर्यात चीन पर टिका हुआ है। चीन में अभी तक चीनी नव वर्ष का अवकाश चल रहा था। अवकाश के बाद बाजार तो खुल गया है लेकिन मेंथा के कारोबार पर अभी कोई रफ्तार नहीं है क्योंकि वायरस के खतरे से आमतौर पर चीनी व्यापारी और आयातक किसी तरह के कारोबार और आयात से परहेज कर रहे हैं।
चीन से लगातार अपना कारोबार करने वाले मेंथॉल उत्पादों के निर्यातक आशुतोष रस्तोगी ने बताया कि चीन को उनके यहां से मेंथॉल और मेंथा उत्पाद जाते हैं। पिछले आर्डर का माल वह डिस्पैच करने वाले थे लेकिन रविवार को ही चीन के बायर ने उन्हें ई-मेल कर माल न भेजने के लिए कहा है।
माल न भेजने का आग्रह वायरस के चलते किया गया है। वहां पर जैसे ही हालात सामान्य होंगे तो माल भेजा जाएगा। मेंथा कारोबारी और निर्यातक अंकुर अग्रवाल ने कहा कि वैसे तो अभी मेंथा के कारोबार पर कोई असर नजर नहीं आया है लेकिन यही हाल रहा तो आने वाले दिनों में असर आएगा। चंदौसी के ही मेंथा कारोबारी अतुल अग्रवाल ने कहा कि चीन में नव वर्ष की वजह से कारोबार नहीं हो रहा था लेकिन अब नव वर्ष खत्म हो गया है और कारोबार शुरू होना चाहिए था लेकिन वायरस के हमले ने कारोबार को प्रभावित कर दिया है।
मेंथा कारोबारी और निर्यातक भुवनेश अग्रवाल का कहना है कि पोर्ट पर माल पड़ा है। मेंथा की फैक्टरियों में उत्पादन नहीं हो रहा है। इसके चलते कारोबारी रफ्तार प्रभावित है। भुगतान फंसने के आसार हैं। वैसे भी आयात के मामले में चीन बड़ा हिस्सेदार है।
भारतीय निर्यातक वेट एंड वाच की स्थिति में, बाजार पर है नजर
संभल। भारतीय निर्यातकों ने बताया कि चीन के बाजार पर वेट एंड वाच की स्थिति बनाए हुए हैं। वहां कोरोना वायरस से जो हालात पैैदा हुए हैं उसने मेंथा के व्यापार के लिए भी चिंता बढ़ाई है लेकिन उम्मीद है कि चीन की सरकार जल्दी ही वायरस के हमले से निबट लेगी और कारोबार सामान्य गति से चलने लगेगा लेकिन इसमें करीब एक महीना तो लग ही सकता है।