वैसे तो सहारनपुर जिले में भी अवैध रूप से बनाकर शराब बेचने वाले इलाके बदनाम हैं, लेकिन शुक्रवार को जिले में कहर बरपाने वाली शराब उत्तराखंड से लाई गई थी। दिन भर चली जांच के बाद पुलिस प्रशासन ने यही दावा किया कि उत्तराखंड के बालुपुर में जो शराब रात्रि भोज के दौरान परोसी गई थी, उसी को पीने से लोगों की मौत हुई। शराब में मिथाइल एल्कोहल की मात्रा ज्यादा थी, जो मौत की वजह बनी। अन्य गांवों में भी बालुपुर से लाई गई शराब को गांव उमाही निवासी पिन्टू ने सप्लाई किया था।
उत्तराखंड की जहरीली शराब ने सहारनपुर में बरपाया कहर, जांच में सामने आई चौंकाने वाली बात
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इस पर जिलाधिकारी आलोक कुमार पांडेय और एसएसपी दिनेश कुमार का कहना है कि उत्तराखंड के हरिद्वार जनपद के गांव बालुपुर में किसी ज्ञान सिंह के यहां पर बुधवार को रात्रि भोज हुआ था, जिसमें उमाही गांव के पिन्टू सहित अन्य लोग गए हुए थे। वहां उन लोगों ने शराब पी थी, जिसके बाद गांव लौटने पर उनकी हालत बिगड़ी।
इसके अलावा पिन्टू ही बालुपुर गांव से शराब के पाउच खरीदकर लाया था, जिसे उसने अपने गांव उमाही के अलावा आसपास के गांवों में बेचा था। उसी शराब के पीने की वजह से लोगों की मौत हुई तथा खुद पिन्टू ने भी उसी शराब का सेवन किया, जिस कारण उसकी भी मौत हो गई। एसएसपी ने बताया कि बालुपुर गांव में कच्ची शराब बनाने वाले माफिया सक्रिय हैं। चूंकि उक्त बालुपुर गांव सहारनपुर जनपद की सीमा के नजदीक है, इस वजह से वहां से शराब लाई गई थी।
गंभीर हालत वालों को मेरठ भेजा गया
जिलाधिकारी आलोक कुमार पांडेय ने बताया कि शराब पीने से बीमार होने के कारण 42 लोगों को सहारनपुर के जिला अस्पताल, मेडिकल कॉलेज और अन्य अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। इनमें से पहले तो तीन लोगों को गंभीर हालत के चलते मेरठ मेडिकल रेफर किया गया, लेकिन उसके बाद भी कई लोगों को मेरठ भेज दिया गया। रात तक छह लोगों को मेरठ रेफर कर दिया गया।
दे रात तक किए गए पोस्टमार्टम
जिले में 18 लोगों की मौत होने के कारण शुक्रवार को पोस्टमार्टम करने के लिए स्वास्थ्य विभाग को खासी मशक्कत करनी पड़ी। जिलाधिकारी के निर्देश पर सीएमओ ने चिकित्सकों की अतिरिक्त ड्यूटी पोस्टमार्टम हाउस पर लगा दी गई। रात सात बजे तक 11 शवों का पोस्टमार्टम किया जा चुका था, जबकि अन्य का पोस्टमार्टम रात तक चलता रहा।
शराब लाने वाले की भी हुई मौत
जहरीली शराब बनाने और बेचने वालों को लेकर पुलिस कार्रवाई करने में जुटी हुई है। अभी तक मामले में किसी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई है, लेकिन एसएसपी का कहना है कि गहनता से जांच चल रही है। अभी तक पिन्टू द्वारा ही शराब लाने की बात सामने आई है, उसकी भी मौत हो गई, लेकिन अन्य जो लोग इस शराब की सप्लाई में शामिल रहे हैं, उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की जाएगी तथा एनएसए के तहत भी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड पुलिस ने बालुपुर गांव के कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया है।
तीन लोगों को हिरासत में लिया
एसएसपी दिनेश कुमार ने बताया कि अवैध रूप से शराब बेचने वाले तीन लोगों को हिरासत में लिया गया। इनमें से एक आरोपी ऐसा है, जो कुछ दिन पूर्व ही गागलहेडी थाना पुलिस द्वारा अवैध रूप से शराब बेचने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। न्यायालय से जमानत मिलने पर वह जेल से छूटकर बाहर आ गया और फिर से अवैध रूप से शराब बेचने के धंधे में लग गया।
पिन्टू के घर से मिली शराब की होगी जांच
एसएसपी का कहना है कि गांव उमाही निवासी पिन्टू के घर से शराब के कुछ पाउच बरामद हुए हैं। उक्त शराब के पाउच को कब्जे में ले लिया गया है। सैंपल प्रयोगशाला भेजकर जांच कराई जाएगी कि इस शराब में किस द्रव्य की कितनी मात्रा थी, जो मृत्यु का कारण बनी।
मुआवजे के चेक बनवा दिए गए
डीएम ने बताया कि शराब पीने से जिन लोगों की मौत हुई, उनके आश्रितों को आर्थिक सहायता कते लिए दो दो लाख रुपये के चेक बनवा दिए गए हैं तथा जो गंभीर रूप से बीमार हुए हैं, उन्हें 50-50 हजार रुपये के चेक बनवा दिएहैं।