फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   ...then vehicles laden with sugarcane will pass through potholed roads

...तो गड्ढायुक्त सड़कों से ही गुजरेंगे गन्ना लदे वाहन

Thu, 28 Oct 2021 11:21 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 28 Oct 2021 11:21 PM IST
विज्ञापन
...then vehicles laden with sugarcane will pass through potholed roads
सहारनपुर। शुगर मिलें गन्ना पेराई सत्र शुरू करने की तैयारी में जुटी हैं। गन्ना लदे वाहन क्रय केंद्रों तक पहुंचने लगेंगे, लेकिन जो सड़कें गन्ना विभाग द्वारा बनाई गई हैं, उन्हें गड्ढा मुक्त नहीं कराया गया है। जाहिर है कि गन्ना लदे वाहनों को गड्ढायुक्त सड़कों से ही गुजरना पड़ेगा। गन्ना विभाग का दावा है कि 221 सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए मुख्यालय से बजट मांगा है। धनराशि मिलने पर ही सड़कों को गड्ढा मुक्त किया जाएगा।
विज्ञापन

गन्ना विभाग ग्रामीण क्षेत्रों में सडकों का निर्माण कराता है। जिससे किसान को गन्ने को क्रय केंद्रों और मिल गेट पर ले जाने में किसी प्रकार की परेशानी का सामना ना करना पड़े। इसके लिए विभाग की ओर से अधिकांशतया सम्पर्क मार्गों का ही निर्माण कराया जाता है। गन्ना विभाग की ओर से बनवाई गई सड़कों की मरम्मत का काम भी विभाग की ओर से समय समय पर कराया जाता है। इस बार भी पेराई सत्र प्रारंभ होने से पहले सड़कों को गड्ढामुक्त कराने के लिए गन्ना विभाग की ओर से मुख्यालय को प्रस्ताव भेजा गया। जिसके लिए अभी तक बजट नहीं आया है। जनपद की सभी शुगर मिलें दीपावली के बाद पेराई सत्र प्रारंभ कर देंगी। सड़कों के गड्ढामुक्त नहीं होने से किसानों को गन्ना सप्लाई करने में परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
विज्ञापन

किसान बोले --
नासिरपुर डिगौली निवासी किसान आधेराम त्यागी का कहना है कि क्षेत्र में करीब 1200 मीटर सड़क का निर्माण पांच वर्ष पूर्व गन्ना विभाग ने कराया था। अब यह सड़क जगह जगह से टूट गई है। किसानों को गन्ना सप्लाई करने में परेशानी आएगी। सड़क की जल्द मरम्मत कराई जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

----
गांव आल्हणपुर के पूर्व प्रधान निर्दोष चौधरी का कहना है कि गन्ना विभाग द्वारा बनवाई कई सड़कें टूट गई हैं। इससे किसानों के लिए खेत से मिल तक गन्ना सप्लाई करने में दिक्कत होगी। क्षेत्र के किसान रमेशचंद, देवी सिंह, राजवीर सिंह, अरुण कुमार आदि ने सड़कों को शीघ्र गड्ढामुक्त कराने की मांग की।
मिलों से लिया जाता है विकास शुल्क
गन्ना विभाग द्वारा शुगर मिलों से विकास शुल्क भी जमा कराया जाता है, जो तीन प्रतिशत होता है। वर्ष 2020-21 में शुगर मिलों पर 27.67 करोड़ रुपये विकास शुल्क बना। उसमें से 11.76 करोड़ रुपये अब भी शुगर मिलों ने अदा नहीं किया है।

--- वर्जन --
विभाग ने 221 सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए मुख्यालय से बजट की मांग कर रखी है, लेकिन अभी तक बजट नहीं आया है। जिससे इन सड़कों को गड्ढामुक्त नहीं कराया जा सका है। बजट आते ही सड़कों का मरम्मत कार्य शुरू करा दिया जाएगा। -- कृष्ण मोहन मणि त्रिपाठी, जिला गन्ना अधिकारी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed