फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   SP-BJP backfoot after failed burglary in BSP

बसपा में सेंधमारी में नाकामी के बाद बैकफुट पर भाजपा-सपा

Tue, 05 Jan 2016 12:41 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर Updated Tue, 05 Jan 2016 12:41 AM IST
विज्ञापन
SP-BJP backfoot after failed burglary in BSP
जिला पंचायत सदस्यों की संख्या बल अधिक होने के कारण बसपा जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर पहले से ही काफी आश्वस्त नजर आ रही थी। हालांकि दो और नामांकन होने से उसे सबसे ज्यादा आशंका सेंधमारी की थी।
विज्ञापन


यही कारण है कि बसपा ने अपने सदस्यों पैनी नजर रखी और विरोधियों को एकजुट नहीं होने दिया। नए साल पर जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर तसमीम बानो के निर्विरोध निर्वाचित होने से पार्टी में खुशी का आलम है। बसपाई सफलता से गदगद हैं।
विज्ञापन


हालांकि यह भी चर्चा है कि बसपा प्रत्याशी ने सभी जिला पंचायत सदस्यों की हर मांग को पूरा कर उनका समर्थन हासिल कर लिया। इस जीत के साथ बसपा ने लगातार चौथी बार अध्यक्ष पद पर कब्जा जमा लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


दरअसल, जिला पंचायत चुनाव में बहुजन समाज पार्टी ने क्लीन स्वीप किया था और पार्टी समर्थित 26 सदस्य विजयी हुए थे। इसके बाद कांग्रेस ने भी बसपा को समर्थन की घोषणा कर सपा और भाजपा की मुश्किलें बढ़ा दी थी। आलम यह था कि सपा ने अध्यक्ष पद के लिए अपना प्रत्याशी तक मैदान में नहीं उतारा था।

हालांकि ऐन वक्त पर सपा नेताओं ने बलजीत का पर्चा भरवा दिया। उधर, उषा देवी ने पर्चा भर कर सियासत में गर्माहट ला दी थी। मगर, पर्याप्त समर्थन नहीं मिल पाने और बसपा प्रत्याशी से पैचअप होने के बाद दोनों प्रत्याशियों ने पर्चा वापस ले लिया।

इसी सियासी गुणा-गणित में भाजपा और सपा पूरी तरह से बैकफुट पर रही। हालांकि सियासी गलियारे में चर्चा है कि यह बसपा प्रत्याशी पर दबाव बनाने के लिए पर्चा दाखिल कराया गया था, ताकि बसपा प्रत्याशी पर दबाव बन सके और उनकी मांगे पूरी हो सके।

कायम रखा जीत का सिलसिला ः बहुजन समाज पार्टी ने लगातार चौथी बार जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर कब्जा जमाकर इस सीट पर अपनी जीत का सिलसिला जारी रखा। पहली बार इस पद हुए चुनाव में समाजवादी पार्टी ने जीत हासिल की थी और धर्मसिंह मौर्य चेयरमैन बने थे।

इसके बाद बसपा से गायत्री चौधरी, चौधरी इरशाद और अनिता चौधरी पांच-पांच साल अध्यक्ष रहे। वर्ष 2010 में तो बसपा मात्र 13 सीटें जीत पाई थी और सपा के पास 20 सदस्यों का समर्थन था। मगर, जोड़तोड़ कर बसपा की अनीता चौधरी अध्यक्ष बनी थीं।

केआरके के परिवार की हैं तसमीम
जिला पंचायत अध्यक्ष तसमीम बानो के पति माजिद की नोएडा में रेडीमेड गारमेंट की फैक्ट्री है। वे फिल्म उद्योग से जुड़े केआरके के भाई हैं।

जिला पंचायत अध्यक्ष बनने से पहले माजिद ने बसपा में भी अपना वर्चस्व कायम किया था। बसपा एमएलसी हाजी मोहम्मद इकबाल के भाई की पत्नी भी बसपा से अध्यक्ष के प्रत्याशी की दावेदार थी। मगर, सबको पछाड़ते हुए तसमीम ने बसपा का टिकट झटक लिया था।

बसपाइयों के साथ प्रमाण पत्र लेने पहुंचीं तसमीम
निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष चुने जाने के बाद तसमीम बानो और उनके प्रति माजिद पूरे दल और बल के साथ प्रमाण पत्र लेने कलक्ट्रेट पहुंचे थे।
उनके साथ विधायक जगपाल सिंह, विधायक रविंद्र कुमार मोल्हू, लोकलेखा समिति के चेयरमैन डॉ. धर्म सिंह सैनी, विधायक महावीर सिंह राणा, पूर्व सांसद जगदीश सिंह राणा, पूर्व विधायक महिपाल सिंह माजरा, जोन कोआर्डिनेटर नरेश गौतम, मंडल कोआर्डिनेटर लोधी कुमार, जिलाध्यक्ष जनेश्वर प्रसाद, अनिल तंवर, वरिष्ठ बसपा नेता ममता चौधरी, राकेश कुमार, अल्पसंख्यक आयोग के पूर्व चेयरमैन लियाकत अली, नवीन चौधरी, दिलशाद पोसवाल, नगर प्रभारी एस आलम, चरण सिंह सैनी, योगेश कुमार, मसूर अख्तर, रवि सैनी आदि थे।

प्रमाण पत्र हासिल करते ही बसपा कार्यकर्ताओं ने पार्टी सुप्रीमो मायावती, तसमीम और अपने नेताओं के लिए जिंदाबाद के नारे लगाए और मिठाई बांटकर एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया।


समाज की सेवा के लिए राजनीति में आई
जिला पंचायत अध्यक्ष पद का प्रमाण पत्र हासिल करते ही तसमीम बानो ने पत्रकारों से संक्षिप्त बात की। उन्होंने पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि वह समाज सेवा के लिए राजनीति में आई हैं। बताया कि पार्टी और जनता ने उन पर जो जिम्मेदारी सौंपी है वह उसे पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ निभाने का प्रयास करेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed