Saharanpur: परिवार पर टूटा गमों का पहाड़, दो भाइयों की मौत से मचा कोहराम, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
Saharanpur News : यहां एक परिवार पर गमों का पहाड़ टूट पड़ा। दो मासूम सगे भाइयों की मौत से परिवार में कोहराम मचा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
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सहारनपुर जनपद में चिलकाना क्षेत्र के दूधगढ़ गांव के जंगल में दो भाई बकरी चराने ले गए थे, जहां दोनों भाइयों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वहीं, दोनों बच्चों की मौत से घर में कोहराम मचा हुआ है।
सोमवार दोपहर बाद गांव दूधगढ़ निवासी अरशद के 10 वर्षीय पुत्र अतहर और 12 वर्षीय पुत्र अफदश अपनी बकरियों को चराने के लिए गांव के समीप जंगल में ले गए थे। बकरियां चराते समय दोनों बच्चों ने जंगल में पड़ी किसी जहरीली वस्तु को खा लिया। जिस कारण दोनों बच्चे अचेत होने लगे। अतहर बेहोशी की हालत में खेत में ही गिर गया, जबकि अफदश बकरियां लेकर घर आ गया। वहीं, घर आकर अफदश चारपाई पर लेट गया। चारपाई पर लेटते ही वह भी अचेत हो गया।
इसके बाद परिजनों ने दोनों बच्चों को अचेत देखकर पहले गांव के डॉक्टर को दिखाया। जहां डॉक्टर ने अफदश को मृत घोषित कर दिया। वहीं, परिजन अतहर को लेकर पहले गांव पटनी गए, जहां डॉक्टर ने उन्हें सहारनपुर भेज दिया। परिजन अतहर को जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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गांव के प्रधान चौधरी महमूद ने बताया कि अरशद का परिवार बहुत गरीब है। अरशद के 10 बच्चे हैं। छह बच्चे मृत बच्चों से बड़े हैं, जबकि दो छोटे हैं। पूरा परिवार मजदूरी व बकरियां पाल के अपने घर का पालन पोषण कर रहा है। दोनों बच्चों के मरने से परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
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माना जा रहा है कि बच्चों ने खेत में पड़ी किसी रसायनिक दवा की बोतल में पानी लेकर पी लिया होगा। जिस कारण उस दवा का असर दोनों बच्चों पर हो गया। प्रधान ने बताया कि दोनों बच्चों को खून की उल्टी भी हुई थी, जिससे लगता है कि उन्हें रासायनिक दवा का असर हुआ था। वहीं, शाम में दोनों बच्चों को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।