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अवैध पंप संचालक के खिलाफ दर्ज हुई रिपोर्ट

Sat, 01 Aug 2020 11:21 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sat, 01 Aug 2020 11:21 PM IST
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Report filed against illegal pump operator
बड़गांव (सहारनपुर)। बायोडीजल के नाम पर बड़गांव क्षेत्र में अवैध रूप से डीजल और पेट्रोल बेचने वाले पंप संचालक के खिलाफ बड़गांव थाने में आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। अभी तक की जांच में यह स्पष्ट हो चुका है कि पंप स्थापित करने के लिए प्रशासन से अनुमति नहीं ली गई और डीजल भी बेचा जा रहा था। रिपोर्ट दर्ज होने पर अब इसकी जांच पुलिस के पास पहुंच गई है।
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यह पंप बड़गांव क्षेत्र में बेहड़ा तिराहा पर चल रहा था। शनिवार को पूर्ति निरीक्षक नीरज कुमार ने बड़गांव थाने पहुंचकर तहरीर दी। उसमें बताया कि अशोक कुमार पुत्र भंवर सिंह निवासी ग्राम चौकड़ा जनपद मुजफ्फरनगर ने बेहड़ा तिराहा पर प्रशासन की अनुमति के बगैर अवैध रूप से पंप लगाया। भूमिगत टैंक लगाया और डीजल बिक्री के लिए डिस्पेंसिंग यूनिट भी लगा रखी थी। टैंक में करीब 80- 90 लीटर डीजल मिला है तथा डिस्पेंसिंग यूनिट में 27200 रीडिंग मिली। इससे स्पष्ट है कि पंप से डीजल बिक्री हो रही थी। उक्त टैंक, डीजल और डिस्पेसिंग यूनिट को भूमि स्वामी शीशपाल की सुपुर्दगी में दिया गया। बड़गांव थाना प्रभारी निरीक्षक रणवीर सिंह का कहना है कि पूर्ति निरीक्षक की तहरीर पर आरोपी पंप संचालक अशोक कुमार पुत्र भंवर सिंह निवासी ग्राम चौकड़ा थाना चरथावल (मुजफ्फरनगर) के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। पुलिस मुकदमे की विवेचना के संबंध में बाट माप व नापतौल विभाग, जिला आपूर्ति विभाग के इंस्पेक्टर और अन्य विभाग के अधिकारियों के बयान भी दर्ज करेगी।
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- पंप संचालक ने दिया था कंपनी का दो साल पुराना अभिलेख
सहारनपुर। पंप संचालक अशोक कुमार ने अनुमति संबंधी जो अभिलेख प्रशासन को दिए थे, वह 2018 के हैं, जिसमें उत्तराखंड की मनीष बायोडीजल कंपनी से अनुमति लेना बताया गया था। जबकि कंपनी की तरफ से प्रशासन को जो जवाब भेजा गया, उसमें स्पष्ट लिखा था कि पंप स्थापना के लिए स्थानीय प्रशासन की एनओसी लेनी अनिवार्य है, यदि एक माह के भीतर एनओसी न ली गई तो अनुमति स्वत: निरस्त मानी जाएगी। इससे स्पष्ट है कि अशोक कुमार ने प्रशासन की अनुमति भी नहीं ली थी और अवैध रूप से डीजल बिक्री कर रहा था।
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