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अनामिका शुक्ला प्रकरण में दोषियों पर कार्रवाई नहीं
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सहारनपुर। जिस चर्चित अनामिका शुक्ला प्रकरण ने उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को कटघरे में ला दिया था। इसी प्रकरण में उच्चाधिकारी दोषियों पर कार्रवाई करने से अभी तक बचते नजर आ रहे हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने जिला समन्वयक के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए 12 जून को परियोजना निदेशक लखनऊ को पत्र लिखा, मगर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
जनपद के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में भावना नाम की युवती अनामिका शुक्ला बनकर नौकरी कर रही थी, इसका खुलासा भी हो चुका है। पुलिस ने भावना को गिरफ्तार भी कर लिया था। विभाग ने संबंधित वार्डन की संविदा समाप्त कर दी थी। इसके बाद विभाग ने अपनी जांच की, इसमें जिला समन्वयक (बालिका शिक्षा) आदित्य नारायण शर्मा दोषी साबित हो रहे हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रमेंद्र कुमार सिंह ने 12 जून 2020 को परियोजना निदेशक (समग्र शिक्षा अभियान) को पत्र लिखकर जिला समन्वयक की संलिप्तता के बारे में बताया। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने जिला समन्वयक पर कड़ी कार्रवाई कर उनको उनके मूल विभाग माध्यमिक शिक्षा प्रत्यावर्तित करने की मांग की, लेकिन बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा पत्र लिखने के करीब एक माह 22 दिन बाद भी जिला समन्वयक पर कोई कार्रवाई परियोजना निदेशक स्तर से नहीं हुई है। इसे लेकर विभाग में तरह तरह की चर्चाएं हैं।
अनामिका शुक्ला प्रकरण में जिला समन्वयक (बालिका शिक्षा) आदित्य नारायण शर्मा की घोर संलिप्तता सामने आई है। 12 जून को परियोजना निदेशक को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की गई थी। मगर अभी तक कार्रवाई नहीं हो सकी है।
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रमेंद्र कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी।
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जनपद के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में भावना नाम की युवती अनामिका शुक्ला बनकर नौकरी कर रही थी, इसका खुलासा भी हो चुका है। पुलिस ने भावना को गिरफ्तार भी कर लिया था। विभाग ने संबंधित वार्डन की संविदा समाप्त कर दी थी। इसके बाद विभाग ने अपनी जांच की, इसमें जिला समन्वयक (बालिका शिक्षा) आदित्य नारायण शर्मा दोषी साबित हो रहे हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रमेंद्र कुमार सिंह ने 12 जून 2020 को परियोजना निदेशक (समग्र शिक्षा अभियान) को पत्र लिखकर जिला समन्वयक की संलिप्तता के बारे में बताया। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने जिला समन्वयक पर कड़ी कार्रवाई कर उनको उनके मूल विभाग माध्यमिक शिक्षा प्रत्यावर्तित करने की मांग की, लेकिन बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा पत्र लिखने के करीब एक माह 22 दिन बाद भी जिला समन्वयक पर कोई कार्रवाई परियोजना निदेशक स्तर से नहीं हुई है। इसे लेकर विभाग में तरह तरह की चर्चाएं हैं।
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अनामिका शुक्ला प्रकरण में जिला समन्वयक (बालिका शिक्षा) आदित्य नारायण शर्मा की घोर संलिप्तता सामने आई है। 12 जून को परियोजना निदेशक को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की गई थी। मगर अभी तक कार्रवाई नहीं हो सकी है।
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रमेंद्र कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी।