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Saharanpur News: देश की 16वीं जनगणना में होगा मोबाइल एप और सैटेलाइट का इस्तेमाल
Sun, 10 Aug 2025 11:19 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Sun, 10 Aug 2025 11:19 PM IST
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सहारनपुर। आजादी के बाद आठवीं और कुल मिलाकर 16वीं जनगणना फरवरी 2027 में होनी प्रस्तावित है। इसको लेकर प्रशासन से लेकर शासन तक तैयारियों में जुटा हुआ है। विशेष बात यह रहेगी कि जनगणना डिजिटल तरीके से होगी, जिसमें मोबाइल एप का इस्तेमाल होगा। साथ ही सैटेलाइट के जरिए इसकी मॉनिटरिंग होगी।
जनगणना का पूरा खाका तैयार है, जिसके अनुसार प्रशासनिक अमला कार्य को कदम दर कदम आगे बढ़ा रहा है। जनगणना की तैयारियों को लेकर 29 जुलाई को एनआईसी में वीसी हो चुकी है। जनगणना के लिए पहले की तैयारियाें पर काम चल रहा है, जो 2025 ही में निपटाए जाने हैं। इसके बाद 2026 और 2027 में दो चरणों में कार्यवाही आगे बढ़ेगी।
650 से 800 की आबादी या फिर 120 से 150 मकान पर एक ब्लॉक माना गया है। नगर निगम क्षेत्र में ऐसे करीब 1300 ब्लॉक हैं, जिनकी जियो टैगिंग की जा चुकी है। यह सभी सैटेलाइट पर हैं, जिनकी मॉनिटरिंग सैटेलाइट ही से होगी।
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यदि किसी ब्लॉक की जनगणना नहीं हुई है तो वह भी पकड़ में आएगा। जनगणना मोबाइल एप के माध्यम से होगी। यानी कागज का काम न के बराबर रहेगा।
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जनगणना का पूरा खाका तैयार है, जिसके अनुसार प्रशासनिक अमला कार्य को कदम दर कदम आगे बढ़ा रहा है। जनगणना की तैयारियों को लेकर 29 जुलाई को एनआईसी में वीसी हो चुकी है। जनगणना के लिए पहले की तैयारियाें पर काम चल रहा है, जो 2025 ही में निपटाए जाने हैं। इसके बाद 2026 और 2027 में दो चरणों में कार्यवाही आगे बढ़ेगी।
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650 से 800 की आबादी या फिर 120 से 150 मकान पर एक ब्लॉक माना गया है। नगर निगम क्षेत्र में ऐसे करीब 1300 ब्लॉक हैं, जिनकी जियो टैगिंग की जा चुकी है। यह सभी सैटेलाइट पर हैं, जिनकी मॉनिटरिंग सैटेलाइट ही से होगी।
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यदि किसी ब्लॉक की जनगणना नहीं हुई है तो वह भी पकड़ में आएगा। जनगणना मोबाइल एप के माध्यम से होगी। यानी कागज का काम न के बराबर रहेगा।