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Saharanpur News: मिनी सचिवालयों में ताले, घर में चल रही है गांव की सरकार
Thu, 23 May 2024 05:26 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Thu, 23 May 2024 05:26 AM IST
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सिरसली स्थित मिनी सचिवालय की चारदीवारी का खुला पड़ा गेट, अंदर लटका है ताला। संवाद
सहारनपुर, बड़गांव। आय, जाति या अन्य प्रमाणपत्र बनवाने के लिए तहसील या जिला मुख्यालय का चक्कर न लगाना पड़े, इसके लिए शासन ने हर ग्राम पंचायत स्तर पर मिनी सचिवालय का निर्माण कराया है। प्रति मिनी सचिवालय पर 10 से 12 लाख रुपये खर्च किए गए, साथ ही पंचायत सहायक भी नियुक्त किए गए हैं, लेकिन इसका लाभ आम लोगों को अभी भी नहीं मिल पा रहा है। अमर उजाला ने इसे लेकर पड़ताल की तो कई चौंकाने मामले सामने आए।
टीम ने सबसे पहले नानौता विकास खंड की सिसौनी ग्राम पंचायत में बने मिनी सचिवालय का हाल जाना, जहां ताला बंद मिला। वहां के प्रधान रवि कुमार से संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि मिनी सचिवालय का कुछ निर्माण कार्य अधूरा पड़ा है। वैसे दो-तीन दिन से बाहर थे। जब ग्राम प्रधान से पंचायत सहायक और सचिव को लेकर सवाल किया गया तो बात टालते नजर आए। इसके बाद दल्हेड़ी गांव स्थित मिनी सचिवालय में भी ताला बंद मिला। वहां के प्रधान सुरेंद्र प्रजापत ने बताया कि बाहर गए हैं, इसलिए मिनी सचिवालय बंद था। वैसे सचिवालय हर रोज खुलता है। पंचायत सहायक की मौजूदगी के सवाल पर वह भी बात को टाल गए।
इसके बाद टीम ने गांव शिमलाना की ओर रुख किया तो वहां देखा गया कि अभी मिनी सचिवालय निर्माणाधीन है। ग्राम प्रधान काका राणा बताते है कि अभी सचिवालय का कार्य घर से ही किया जा रहा है, जबकि रामपुर मनिहारान विकास खंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत अंबेहटा चांद, सिरसली कला, सांवतखेड़ी, सहजी में स्थित मिनी सचिवालयों का हाल देखा तो यहां भी ताले लटके लटके मिले। इसके बाद देवबंद ब्लाक मुख्यालय से जुड़े नाबड़ी, बेलड़ा में बने मिनी सचिवालयों की तरफ बढ़े तो वहां भी ताले लटके दिखाई दिए। सिरसली के प्रधान अनवर से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मिनी सचिवालय हर रोज खुलता है। सहायक कहीं बाहर है इसलिए नहीं खुला होगा।
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वर्जन
जिन सचिवालयों में अभी काम अधूरा है, उनकी जानकारी कर शीघ्र पूरा कराया जाएगा। नियमित सचिवालय खोलने के निर्देश है। कहीं से लापरवाही की बात सामने आई तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
- मनोज सागर, खंड विकास अधिकारी नानौता
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टीम ने सबसे पहले नानौता विकास खंड की सिसौनी ग्राम पंचायत में बने मिनी सचिवालय का हाल जाना, जहां ताला बंद मिला। वहां के प्रधान रवि कुमार से संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि मिनी सचिवालय का कुछ निर्माण कार्य अधूरा पड़ा है। वैसे दो-तीन दिन से बाहर थे। जब ग्राम प्रधान से पंचायत सहायक और सचिव को लेकर सवाल किया गया तो बात टालते नजर आए। इसके बाद दल्हेड़ी गांव स्थित मिनी सचिवालय में भी ताला बंद मिला। वहां के प्रधान सुरेंद्र प्रजापत ने बताया कि बाहर गए हैं, इसलिए मिनी सचिवालय बंद था। वैसे सचिवालय हर रोज खुलता है। पंचायत सहायक की मौजूदगी के सवाल पर वह भी बात को टाल गए।
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इसके बाद टीम ने गांव शिमलाना की ओर रुख किया तो वहां देखा गया कि अभी मिनी सचिवालय निर्माणाधीन है। ग्राम प्रधान काका राणा बताते है कि अभी सचिवालय का कार्य घर से ही किया जा रहा है, जबकि रामपुर मनिहारान विकास खंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत अंबेहटा चांद, सिरसली कला, सांवतखेड़ी, सहजी में स्थित मिनी सचिवालयों का हाल देखा तो यहां भी ताले लटके लटके मिले। इसके बाद देवबंद ब्लाक मुख्यालय से जुड़े नाबड़ी, बेलड़ा में बने मिनी सचिवालयों की तरफ बढ़े तो वहां भी ताले लटके दिखाई दिए। सिरसली के प्रधान अनवर से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मिनी सचिवालय हर रोज खुलता है। सहायक कहीं बाहर है इसलिए नहीं खुला होगा।
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जिन सचिवालयों में अभी काम अधूरा है, उनकी जानकारी कर शीघ्र पूरा कराया जाएगा। नियमित सचिवालय खोलने के निर्देश है। कहीं से लापरवाही की बात सामने आई तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
- मनोज सागर, खंड विकास अधिकारी नानौता