{"_id":"6456a3c325cc3ca7db0947f4","slug":"life-sentence-for-child-killer-saharanpur-news-c-30-1-sha1002-2045-2023-05-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Saharanpur News: बालक के हत्यारे को उम्रकैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Saharanpur News: बालक के हत्यारे को उम्रकैद
विज्ञापन
- कोर्ट ने 50 हजार का अर्थदंड भी लगाया
अमर उजाला ब्यूरो
सहारनपुर। नौ साल के बालक की हत्या के मामले में दोषी पाए जाने पर जनपद न्यायाधीश बबीता रानी ने आजाद कॉलोनी थाना कुतुबशेर निवासी अरशद को आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
एसएसपी डॉ विपिन ताडा ने बताया कि नदीम कॉलोनी निवासी खालिद ने 25 फरवरी 2019 को थाना कुतुबशेर में रिपोर्ट दर्ज कराई कि करीब 4:30 बजे उसका नौ वर्षीय बेटा उमर अली कॉलोनी में ट्यूशन पढ़ने गया था। ट्यूशन पढ़ते हुए पेंसिल लेने के लिए बाहर चला गया, लेकिन वापस नहीं आया। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ गुमशुदगी में मामला दर्ज कर लिया। विवेचना के उपरांत पुलिस ने आजाद कॉलोनी निवासी अरशद को नौ वर्षीय उमर अली का हत्यारा पाया। पुलिस ने खालिद के खिलाफ अपहरण और हत्या की धाराओं में आरोप पत्र दाखिल किया।
एसएसपी ने बताया कि मामले की सुनवाई के उपरांत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर दोषी पाते हुए जनपद न्यायाधीश बबीता रानी ने अरशद को दोषी पाते हुए अधिकतम आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। सजा दिलवाने में शासकीय अधिवक्ता राजीव गुप्ता, विवेचक अभिषेक सिरोही, पैरोकार अलका त्यागी का महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
सहारनपुर। नौ साल के बालक की हत्या के मामले में दोषी पाए जाने पर जनपद न्यायाधीश बबीता रानी ने आजाद कॉलोनी थाना कुतुबशेर निवासी अरशद को आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
एसएसपी डॉ विपिन ताडा ने बताया कि नदीम कॉलोनी निवासी खालिद ने 25 फरवरी 2019 को थाना कुतुबशेर में रिपोर्ट दर्ज कराई कि करीब 4:30 बजे उसका नौ वर्षीय बेटा उमर अली कॉलोनी में ट्यूशन पढ़ने गया था। ट्यूशन पढ़ते हुए पेंसिल लेने के लिए बाहर चला गया, लेकिन वापस नहीं आया। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ गुमशुदगी में मामला दर्ज कर लिया। विवेचना के उपरांत पुलिस ने आजाद कॉलोनी निवासी अरशद को नौ वर्षीय उमर अली का हत्यारा पाया। पुलिस ने खालिद के खिलाफ अपहरण और हत्या की धाराओं में आरोप पत्र दाखिल किया।
विज्ञापन
एसएसपी ने बताया कि मामले की सुनवाई के उपरांत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर दोषी पाते हुए जनपद न्यायाधीश बबीता रानी ने अरशद को दोषी पाते हुए अधिकतम आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। सजा दिलवाने में शासकीय अधिवक्ता राजीव गुप्ता, विवेचक अभिषेक सिरोही, पैरोकार अलका त्यागी का महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
विज्ञापन