{"_id":"68fbd11906d9be8e01005dad","slug":"investigation-underway-into-government-medicines-batch-numbers-to-reveal-details-saharanpur-news-c-30-1-sah1001-161508-2025-10-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Saharanpur News: सरकारी दवाइयों के मामले में बैठी जांच, बैच नंबर से होगा खुलासा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Saharanpur News: सरकारी दवाइयों के मामले में बैठी जांच, बैच नंबर से होगा खुलासा
Sat, 25 Oct 2025 12:48 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Sat, 25 Oct 2025 12:48 AM IST
विज्ञापन
चिलकाना। दभेड़ा गांव स्थित एक खेत में दबी मिली सरकारी दवाइयों के मामले में जांच बैठाई गई है। शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ गांव पहुंचकर दवाइयों की जांच की। इस दौरान सभी दवाइयां एक्सपायरी मिली। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने दवाइयों के बैच नंबर मिलाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके बाद खुलासा होगा कि दवाइयां कब और कहा के लिए आई थी। दभेड़ा गांव में तीन साल पहले सादिक के घेर में उप स्वास्थ्य केंद्र शुरू हुआ था। बृहस्पतिवार को बड़ी मात्रा में सरकारी दवाइयां खेत में दबी मिली थी। शुक्रवार को अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. धर्मवीर सिंह ने आयुष्मान योजना के समन्वयक डॉ. सुशील गुप्ता, सरसावा सीएचसी प्रभारी डॉ. अनुराग चौहान के साथ दवाइयां की जांच की। केंद्र पर मौजूद सीएचओ सोनी कल्याण से जानकारी ली। इसके बाद प्रधान पति चौधरी हारुन से दवाइयां मिलने के बारे में पता किया। जांच में सभी दवाइयां एक्सपायरी मिली, जो मार्च, अप्रैल और मई में एक्सपायर हो गई थी।
वहीं, जनपदीय ड्रग वेयर हाउस से सरकारी अस्पतालों में दवा सप्लाई होती है। यहां से पता लगाया जाएगा कि खेत में मिली दवाइयां किस बैच नंबर की है और कब सप्लाई हुई थी। इसके अलावा ड्रग वेयर हाउस से कहा के लिए दवा आई थी। क्योंकि उपकेंद्र पर एएनएम दूसरी जगह से टीकाकरण करने आती है। बैच नंबर से ही पूरे मामले के राजफाश होगा।
विज्ञापन
वहीं, जनपदीय ड्रग वेयर हाउस से सरकारी अस्पतालों में दवा सप्लाई होती है। यहां से पता लगाया जाएगा कि खेत में मिली दवाइयां किस बैच नंबर की है और कब सप्लाई हुई थी। इसके अलावा ड्रग वेयर हाउस से कहा के लिए दवा आई थी। क्योंकि उपकेंद्र पर एएनएम दूसरी जगह से टीकाकरण करने आती है। बैच नंबर से ही पूरे मामले के राजफाश होगा।
विज्ञापन